17
Jan
चोपन (सोनभद्र)। वृंदावन से आये श्री विशाखा रमणबिहारी रासलीला मण्डल द्वारा मनमोहक रास की प्रस्तुती की जा रही है। रासलीला के माध्यम से मीराबाई के पूर्वजन्म का चित्रण अति मनोहारी था। मीराबाई पूर्वजन्म में बृज की एक गोपी थी। नंदगांव का ग्वाला उसे ब्याह कर ला रहा था, मार्ग में कृष्ण कन्हैया मिल गए, उन्होंने नवेली बधु के रूप में विदा होकर जा रही गोपी से अपना मुंह दिखाने को कहा लेकिन उसने घूंघट नहीं खोला तो कन्हैया ने कहा आज तू मुझे दर्शन नहीं दे रही है, अगले जन्म में तू मेरे दर्शन को तरसेगी। इस प्रसंग के बाद…
