क्षेत्र को बाढ़ से बचाने के लिए दोनों बांधो में मानक से अधिक पानी रोका गया
अहरौरा, मिर्जापुर / पिछले तीन दिनों से बरसात न होने के बाद भी पहाड़ी नदी नाला झरना से बांधों में पानी आ रहा है जिसके कारण गुरूवार को भी अहरौरा जलाशय और जरगो जलाशय का दो दो गेट खोलकर पानी निकासी जारी रही।
अहरौरा बांध के जे ई ओमप्रकाश राय ने बताया की गुरूवार को भी अहरौरा बांध का दो गेट आठ इंच खोलकर 580 क्यूसेक प्रति सेकेंड की दर से पानी छोड़ा जा रहा है।
गुरूवार को दोपहर ग्यारह बजे तक अहरौरा बांध का जलस्तर 358,06 फीट पर रहा। वही डोंगिय जलाशय से अब मात्र एक इंच लगभग 150 क्यूसेक पानी अहरौरा बांध मे आ रहा है। शेष पानी बांध में पहाड़ों से निकलने वाली नदी नालों से आ रहा है।
अहरौरा बांध से अब तक लगभग 700 एम सी एफ टी पानी छोड़ा जा चुका है इसी पानी से जमालपुर क्षेत्र के चार दर्जन से अधिक गांवों में तबाही मची हुई है। वही जरगो जलाशय के जे ई अजीत पटेल ने बताया की जरगो बांध का दो गेट छः छः इंच खोलकर 553 क्यूसेक पानी प्रति सेकेंड जरगो नदी के माध्यम से गंगा में छोड़ा जा रहा है। बांध का जलस्तर गुरूवार को 318,06 दर्ज रिकार्ड किया गया। बांध के जे ई के अनुसार अब तक 1182 एम सी एफ टी पानी जलाशय से गंगा में छोड़ा गया है जिसके कारण चुनार क्षेत्र तक जरगो नदी के किनारे बसे गांवों में तबाही मची हुई है। वही एक्सियन हरिशंकर प्रसाद के अनुसार 31 अगस्त तक अहरौरा जलाशय में बांध की क्षमता 360 फीट के सापेक्ष 358 फीट व जरगो जलाशय की क्षमता 320 के सापेक्ष 318 फीट पानी रोकने का आदेश है। लेकिन निचले इलाकों में अधिक तबाही न हो इसके लिए दोनों बांधों में क्षमता से अधिक पानी रोककर धीरे धीरे डिस्चार्ज किया जा रहा है।
