खनिज संपदा से परिपूर्ण यह जिला अपने विकास को लेकर आज भी तरस रहा
सोनभद्र। उत्तर प्रदेश कांग्रेस कमेटी के सदस्य आशुतोष कुमार दुबे (आशु) के अध्यक्षता में राबर्ट्सगंज नगर के दंडईत बाबा मंदिर परिसर में बैठक आयोजित की गई। जिसमें जनपद को विकास को लेकर लोगों ने अपनी बातें कही और जनपद के पिछड़े होने को लेकर वर्तमान की सरकारों पर उपेक्षा का आरोप लगाया। कार्यक्रम की अध्यक्षता कर रहे हैं पी0सी0सी0 सदस्य आशुतोष कुमार दुबे (आशु) ने कहा कि अगर देखा जाए तो जनपद सोनभद्र के अंदर गिट्टी, बालू, बिजली, नहर, कोयला, जल से परिपूर्ण ये जिला जिसको देश के प्रथम प्रधानमंत्री पंडित जवाहरलाल नेहरू ने मिनी स्वीटजरलैंड के रूप में देखा था ।
1989 में जब जनपद सोनभद्र की स्थापना की गई उस समय देश के तत्कालीन प्रधानमंत्री ‘भारत रत्न’ स्वर्गीय राजीव गांधी थे और उत्तर प्रदेश के मुख्यमंत्री पं0नारायण दत्त तिवारी थे, जिस सोच के साथ इस जनपद की स्थापना की गई, जहां इस जनपद के हमारे आदिवासी नेता यहां के आमजन मानस के दिलों की धड़कन कहे जाने वाले स्वर्गीय रामप्यारे पनिका जो हमारे देश के पूर्व- प्रधानमंत्री स्व0 राजीव गांधी के काफी करीबी थे जिन्होंने यहां के अनुसूचित जाति/जनजाति के लोगों के लिए आम जनमानस के लिए तमाम काम किया, यह कहना कतई गलत नहीं होगा तो 1989 के पहले देश की आजादी के बाद जनपद सोनभद्र में जो विकास हुआ वह अदुतीय है। जिले में एनटीपीसी की स्थापना रही हो, हिंडालको इंडस्ट्री की स्थापना रही हो, रिहंद डैम की स्थापना रही हो, ओबरा तापीय परियोजना,अनपरा तापीय परियोजना, चुर्क, डाला सीमेंट फैक्ट्री रही हो, जिले के अंदर सिंचाई के लिए, किसानों के लिए, तमाम नहरों का जंजाल बिछाया गया, देखा जाए तो आजादी के 40 सालों के अंदर देश में यह जो विकास हुए उसमें जनपद सोनभद्र के अंदर ही यह विकास है। दूसरी ओर 1989 से लेकर अभी तक इन 36 सालों में जनपद सोनभद्र के अंदर क्या विकास हुआ है यह किसी से छुपा नहीं है जनपद सोनभद्र जो प्रदेश को सबसे ज्यादा राजस्व देने वाला जनपद भी है मध्य प्रदेश, बिहार, छत्तीसगढ़, झारखंड इन चार प्रदेशों से सटा हुआ यह जिला जहां उद्योग की कोई कमी नहीं है। गिट्टी, बालू, कोयला, विद्युत, जल से परिपूर्ण जनपद विकास को लेकर तरस रहा है। 1989 के बाद बनी सरकारों ने जनपद के विकास को लेकर कोई ऐसी व्यवस्था नहीं बनाई कि यहां के नौजवानों, युवाओं, व्यवसाईयों, किसानों के लिए एक उदाहरण बनकर सामने आए। चाहे नौजवान हो, चाहे किसान हो, चाहे व्यापारी हो, सब अपने-अपने विकास को लेकर तरस रहे हैं।कार्यक्रम में उपस्थित कांग्रेस नेता मनोज मिश्रा ने कहा कि यहां का नौजवान दर-दर की ठोकरे खा रहा है यहां पर स्थित कंपनि यह भूल चुकी है कि उनका निर्माण किस रूप में हुआ था वर्तमान सरकार और 1989 के बाद की सरकारों के जनप्रतिनिधि ने इस पर ध्यान नहीं दिया, कांग्रेस नेता श्रीकांत मिश्रा ने कहा कि जनपद के अंदर खनिज संपदाओं को लूटने का कार्य तो तमाम लोगों ने किया लेकिन जनपद को विकास एवं नौजवानों ,किसानों, व्यापारियों के लिए व्यवस्था व्यवस्थित करने का काम किसी ने नहीं किया, युवा कांग्रेस जिला उपाध्यक्ष सूरज कुमार वर्मा ने कहा कि प्रदूषण से व्याप्त यह जनपद जहां ओबरा, डाला क्षेत्र में, अनपरा क्षेत्र में प्रदूषण से तमाम बीमारियां फैल नहीं है उस पर भी किसी का ध्यान नहीं जा रहा है, कांग्रेस नेता ओमप्रकाश भारती ने कहा कि दक्षिणांचल में पानी की शुद्धता इतनी खराब हो चुकी है कि आज भी कुपोषित बच्चे इस जनपद में पाए जाते हैं इस पर 89 की बात की सरकारों ने ध्यान नहीं दिया ,छात्र नेता अंशु गुप्ता ने कहा कि आज देश का नौजवान दर-दर की ठोकरे खा रहा है जनपद सोनभद्र का भी नौजवान पढ़ाई-लिखाई के बाद यहां पर स्थित फैक्ट्री में नौकरी पाने के लिए लाइन लगा रहा है उसे वरीयता नहीं मिल रही है। इस मौके पर मिथिलेश पासवान, रविन्द्र यादव, करन कुमार, बुल्लू भारती, संतोष पाठक, कमलेश गुप्ता, हिंदुस्तानी गुप्ता, सुनील गुप्ता, अरुण सोनी आदि रहे।
