मुख्यमंत्री ने प्रख्यात स्वतंत्रता संग्राम सेनानी तथा प्रदेश के पूर्व मुख्यमंत्री स्व0 हेमवती नन्दन बहुगुणा जी की जयन्ती के अवसर पर योजना भवन स्थित उनकी प्रतिमा के सम्मुख स्थित चित्र पर पुष्प अर्पित कर उन्हें अपनी भावभीनी श्रद्धांजलि अर्पित की
लखनऊ : उत्तर प्रदेश के मुख्यमंत्री योगी आदित्यनाथ ने प्रख्यात स्वतंत्रता संग्राम सेनानी तथा प्रदेश के पूर्व मुख्यमंत्री स्व0 हेमवती नन्दन बहुगुणा जी की जयन्ती के अवसर पर आज यहां योजना भवन स्थित उनकी प्रतिमा के सम्मुख स्थित चित्र पर पुष्प अर्पित कर उन्हें अपनी भावभीनी श्रद्धांजलि अर्पित की।
मुख्यमंत्री ने इस अवसर पर कहा कि आज उत्तर प्रदेश के पूर्व मुख्यमंत्री श्रद्धेय हेमवती नन्दन बहुगुणा जी की पावन जयन्ती है। स्व0 बहुगुणा जी का जन्म 25 अप्रैल, 1919 को वर्तमान उत्तराखण्ड राज्य, जो पहले अविभाजित उत्तर प्रदेश का एक भाग था, में हुआ था। स्कूली शिक्षा गांव में ही अर्जित करने के उपरान्त उच्च शिक्षा ग्रहण करने के लिए वह प्रयागराज आए। प्रयागराज में उच्च शिक्षा प्राप्त करने के साथ ही, श्रद्धेय बहुगुणा जी आजादी के आन्दोलन से जुड़ गए थे। भारत छोड़ो आन्दोलन में सक्रिय भूमिका निभाने के कारण उन्हें ब्रिटिश सरकार की यातनाएं भी झेलनी पड़ी थीं।
मुख्यमंत्री ने कहा कि श्रद्धेय बहुगुणा जी ने वर्ष 1952 में पहली बार उत्तर प्रदेश विधानसभा के सदस्य के रूप में सार्वजनिक जीवन में प्रवेश किया था। वह प्रदेश सरकार में मंत्री और मुख्यमंत्री बने। केन्द्रीय मंत्री के रूप में भी उन्होंने अनेक मंत्रालयों को अपना नेतृत्व प्रदान किया। अपनी नेतृत्व क्षमता के माध्यम से उन्होंने प्रदेश और देश के विकास में योगदान दिया। उनके उत्तर प्रदेश के विकास के विजन को धरातल पर उतरते हुए आज हम सभी देख सकते हैं। लम्बे राजनीतिक और सार्वजनिक जीवन के दौरान देश के प्रति उनके द्वारा दी गयी सेवाएं वर्तमान पीढ़ी के लिए प्रेरणा हैं। इस अवसर पर उप मुख्यमंत्री ब्रजेश पाठक, लखनऊ की महापौर श्रीमती सुषमा खर्कवाल, विधान परिषद सदस्य लालजी प्रसाद निर्मल व रामचन्द्र प्रधान, विधायक नीरज बोरा, अमरेश कुमार सहित अन्य गणमान्य व्यक्ति उपस्थित थे।
