मुख्यमंत्री ने जनपद प्रयागराज में विन्ध्याचल एवं प्रयागराज मण्डल के जनप्रतिनिधियों के साथ विकास कार्य योजनाओं की प्रगति एवं प्राप्त प्रस्तावों की समीक्षा की
विन्ध्याचल एवं प्रयागराज मण्डल उ0प्र0 की ऐतिहासिक, सांस्कृतिक और आध्यात्मिक पहचान के केन्द्र
लखनऊ, प्रयागराज : उत्तर प्रदेश के मुख्यमंत्री योगी आदित्यनाथ ने प्रदेश के चतुर्दिक विकास हेतु आज सर्किट हाउस, प्रयागराज में विन्ध्याचल एवं प्रयागराज मण्डल के जनप्रतिनिधियों के साथ आहूत एक उच्चस्तरीय बैठक में विकास कार्य योजनाओं की प्रगति एवं प्राप्त प्रस्तावों की समीक्षा की। इस अवसर पर उन्होंने जनप्रतिनिधियों से विधान सभा क्षेत्र की परिस्थितियों, जनअपेक्षाओं एवं विकास कार्यों की प्राथमिकताओं के विषय में चर्चा की। बैठक का उद्देश्य योजनाओं की समीक्षा करने के साथ जनप्रतिनिधियों की जमीनी समझ और अनुभव के माध्यम से क्षेत्र की समस्याओं को प्राथमिकता के साथ समझना और उनका समाधान सुनिश्चित करना था।
मुख्यमंत्री जी ने कहा कि प्रयागराज और विन्ध्याचल क्षेत्र का विकास प्रदेश सरकार की प्राथमिकताओं में शामिल है। यह दोनों मण्डल उत्तर प्रदेश की ऐतिहासिक, सांस्कृतिक और आध्यात्मिक पहचान के केन्द्र हैं, अतः इनका पुनरुत्थान और समेकित विकास प्रदेश के विकास को गति प्रदान करेगा।
बैठक में जनप्रतिनिधियों द्वारा लोक निर्माण विभाग को उपलब्ध कराए गए प्रस्तावों पर विधानसभावार चर्चा की गयी। मुख्यमंत्री जी ने जनप्रतिनिधियों के प्रस्तावों को प्राथमिकता के आधार पर क्रमबद्ध कर उपलब्ध कराने के निर्देश दिये। उन्होंने लोक निर्माण और धर्मार्थ कार्य विभाग के अधिकारियों को निर्देश देते हुए कहा कि जनप्रतिनिधियों से समन्वय स्थापित कर प्रस्तावित कार्यों की प्राथमिकता तय की जाए। इन कार्यों का समयबद्ध, पारदर्शी और गुणवत्तापूर्ण ढंग से क्रियान्वयन सुनिश्चित किया जाए।
मुख्यमंत्री ने नगर विकास विभाग के अधिकारियों को निर्देशित किया कि किसी भी परियोजना का प्रस्ताव तैयार करने से पहले स्थानीय जनप्रतिनिधियों का मार्गदर्शन अवश्य प्राप्त करें। जनप्रतिनिधियों के अनुभव और स्थानीय आवश्यकताओं की समझ शासन के लिए सदैव मार्गदर्शक होती है। विकास कार्यों से सम्बन्धित शिलापट्ट पर उस क्षेत्र के जनप्रतिनिधि का नाम अवश्य उल्लिखित किया जाए। जनप्रतिनिधियों द्वारा उपलब्ध कराए गये प्रस्तावों पर शीघ्र कार्यवाही सुनिश्चित की जाए, जिससे कि आगामी 15 सितम्बर के बाद सम्बन्धित कार्यों का भूमिपूजन एवं शिलान्यास कराते हुए विकासपरक योजनाओं को धरातल पर मूर्तरूप दिया जा सकें। सभी जनप्रतिनिधिगण अपने-अपने क्षेत्र में प्रस्तावित कार्यों की सतत निगरानी करें और जनभावनाओं के अनुरूप योजनाओं को साकार करने में सक्रिय भूमिका निभाएं।
मुख्यमंत्री ने पर्यटन से सम्बन्धित प्रस्तावों की समीक्षा करते हुए कहा कि प्रयागराज व विन्ध्याचल मण्डल में पर्यटन से जुड़े कई कार्य हुए हैं। मुख्यमंत्री पर्यटन संवर्धन योजना के अन्तर्गत पूर्व की भांति जनप्रतिनिधियों से प्राप्त प्रस्तावों में उनकी प्राथमिकता के अनुरूप पर्यटन के कार्यों को गुणवत्ता के साथ पूर्ण कराया जाए, जिससे पर्यटन केन्द्रों पर बुनियादी सुविधाएं उपलब्ध हो सके। इस अवसर पर औद्योगिक विकास मंत्री नन्द गोपाल गुप्ता ‘नंदी’, समाज कल्याण राज्यमंत्री संजीव गोंड सहित अन्य जनप्रतिनिधिगण व शासन-प्रशासन के वरिष्ठ अधिकारी उपस्थित थे।
