सिंगरौली नॉर्दर्न कोलफील्ड्स लिमिटेड (एनसीएल) में वार्षिक खान सुरक्षा सप्ताह-2025 के पारितोषिक वितरण समारोह का आयोजन सोमवार को खड़िया क्षेत्र में किया गया। खान सुरक्षा महानिदेशालय (डीजीएमएस), वाराणसी क्षेत्र के तत्वावधान में आयोजित इस कार्यक्रम का उद्देश्य एनसीएल सहित सिंगरौली परिक्षेत्र स्थित कोयला खदानों में सुरक्षा के प्रति जागरूकता बढ़ाना, सुरक्षित कार्य संस्कृति को प्रोत्साहित करना तथा शून्य दुर्घटना के लक्ष्य को साकार करना है।
समारोह में महानिदेशक, खान सुरक्षा महानिदेशालय,उज्ज्वल ता मुख्य अतिथि के रूप में उपस्थित रहे। इस अवसर पर उप महानिदेशक, डीजीएमएस (उत्तरी क्षेत्र),गाजियाबाद नीरज कुमार,सीएमडी एनसीएल बी. साईराम,निदेशक (मानव संसाधन)मनीष कुमार, निदेशक (तकनीकी) आशुतोष द्विवेदी, मुख्य सतर्कता अधिकारी, एनसीएल अजय कुमार जायसवाल, डीएमएस (खनन), वाराणसी क्षेत्र रघुपति पेद्दिरेड्डी, डीएमएस (मैकेनिकल), उत्तरी क्षेत्र,गाजियाबाद के. विजयकुमार, डीएमएस (इलेक्ट्रिकल), उत्तरी क्षेत्र, गाजियाबाद वी बेहरा, डीडीएमएस (इलेक्ट्रिकल)सुनील बी योहनान,शर्मा रंजन, अनिल जैन एवं डीडीएमएस (मैकेनिकल) अनिल चौधरी सहित डीजीएमएस के अन्य प्रतिनिधिगण उपस्थित रहे

समारोह में में श्रमिक संघ जेसीसी सदस्य सीएमओएआई के महासचिव, सेफ्टी बोर्ड के सदस्यगण, सभी क्षेत्रों के महाप्रबंधक तथा मुख्यालय के विभागाध्यक्ष भी सम्मिलित हुए। साथ ही सासन पावर के सीईओ, टीएचडीसी, जेपी पावर तथा एपीएमडीसी के प्रतिनिधि, एनसीएल के सभी क्षेत्रों के महाप्रबंधक, मुख्यालय के विभागाध्यक्ष, एनसीएल की कृति महिला मंडल की अध्यक्षा एवं उपाध्यक्षा तथा बड़ी संख्या में एनसीएल और अन्य कंपनियों के कर्मी उपस्थित रहे।
कार्यक्रम के दौरान सभी उपस्थितजनों ने सुरक्षित कार्य संस्कृति को और अधिक सुदृढ़ बनाने तथा शून्य-क्षति दक्षता के लक्ष्य को प्राप्त करने हेतु सुरक्षा शपथ ग्रहण की। कार्यक्रम के शुभारंभ में ‘सुरक्षा पुस्तिका’ का विमोचन भी किया गया।
मुख्य अतिथि, अध्यक्ष एवं अन्य गणमान्यों ने किया संबोधित
वार्षिक खान सुरक्षा सप्ताह-2025 के पारितोषिक वितरण समारोह के दौरान बतौर मुख्य अतिथि उपस्थित, महानिदेशक, डीजीएमएस श्री उज्ज्वल ता ने एनसीएल द्वारा उत्पादन के क्षेत्र में स्थापित उपलब्धियों की सराहना करते हुए कहा कि उत्पादन एवं उत्पादकता के साथ सुरक्षा, स्वास्थ्य और श्रमिक कल्याण को समान प्राथमिकता देना आवश्यक है।
उज्ज्वल ता ने हरित खनन, ‘जीरो हार्म’ लक्ष्य, सुरक्षा संस्कृति में सकारात्मक बदलाव एवं सेल्फ-रेगुलेशन की आवश्यकता पर बल दिया। साथ ही, उन्होंने खनन क्षेत्र में महिला शक्ति की बढ़ती भागीदारी का स्वागत करते हुए स्वास्थ्य सेवाओं के विस्तार की आवश्यकता पर भी प्रकाश डाला।

कार्यक्रम में उप महानिदेशक, डीजीएमएस (उत्तरी क्षेत्र), गाजियाबाद नीरज कुमार ने अपने संबोधन में वार्षिक खान सुरक्षा सप्ताह के अंतर्गत आयोजित प्रदर्शनी एवं कार्यक्रमों की सराहना करते हुए कहा कि श्रमिकों के कल्याण, सुरक्षा एवं स्वास्थ्य संरक्षण हेतु बनाए गए कानूनों का प्रभावी अनुपालन अत्यंत आवश्यक है। इस अवसर पर उन्होंने डीजीएमएस की भूमिका तथा खनन सुरक्षा से संबंधित वैधानिक प्रावधानों की जानकारी साझा की।
उन्होंने व्यावसायिक सुरक्षा एवं स्वास्थ्य संहिता के प्रगतिशील प्रावधानों का उल्लेख करते हुए उन्होंने खनन क्षेत्र में नारी शक्ति की बढ़ती भागीदारी का स्वागत किया तथा सुरक्षा विमर्श के निष्कर्षों को अंतिम पंक्ति के श्रमिक तक पहुँचाने की आवश्यकता पर बल दिया।
वार्षिक खान सुरक्षा सप्ताह-2025 के पारितोषिक वितरण समारोह के दौरान सीएमडी, एनसीएल बी. साईराम ने अपने अध्यक्षीय उद्बोधन में कहा कि परियोजनाओं के विस्तार के साथ बढ़ते मशीनीकरण के अनुरूप सुरक्षा व्यवस्था को भी और अधिक सशक्त बनाना आवश्यक है। उन्होंने सुरक्षा के क्षेत्र में तकनीकी हस्तक्षेप, स्वचालन एवं नवाचार को अपनाने तथा वैश्विक स्तर की आधुनिक तकनीकों के समावेश पर बल दिया।
उन्होंने कहा कि भविष्य की चुनौतियों का सामना करने के लिए पारंपरिक प्रणालियों के स्थान पर अत्याधुनिक तकनीकों को अपनाना समय की आवश्यकता है। साईराम ने एनसीएल परियोजनाओं में स्थित वोकेशनल ट्रेनिंग सेंटर को सुरक्षा संबंधी ज्ञान, प्रशिक्षण एवं नवाचार का प्रमुख केंद्र बनाने का आवाहन किया । उन्होने कहा कि हम सुरक्षा को सर्वोच्च प्राथमिकता देते हुए उत्पादन एवं प्रेषण के लक्ष्यों की सफल प्राप्ति सुनिश्चित करने हेतु तैयार है।
वार्षिक खान सुरक्षा सप्ताह-2025 के पारितोषिक वितरण समारोह के दौरान डीजीएमएस के अधिकारियों, श्रम संघ से जेसीसी सदस्यों, सीएमओएआई प्रतिनिधियों एवं अन्य वक्ताओं ने भी अपने विचार व्यक्त किए।
वार्षिक खान सुरक्षा सप्ताह-2025 के पारितोषिक वितरण समारोह में उत्कृष्ट प्रदर्शन करने वाली परियोजनाओं एवं खदानों को किया गया सम्मानित
एनसीएल में आयोजित वार्षिक खान सुरक्षा सप्ताह के समापन अवसर पर विभिन्न परियोजनाओं एवं खदानों को सुरक्षा, संचालन उत्कृष्टता एवं सर्वोत्तम कार्यप्रणालियों के लिए पुरस्कृत किया गया। प्रतियोगिता के अंतर्गत समूह ‘ए’ एवं समूह ‘बी’ की परियोजनाओं का मूल्यांकन खान सुरक्षा, हाउसकीपिंग, मशीन अनुरक्षण, प्रशिक्षण, धूल नियंत्रण, ओबी बेंचिंग, हॉल रोड प्रबंधन, विद्युत एवं यांत्रिक अनुरक्षण, जनसुरक्षा तथा कल्याण संबंधी विभिन्न मानकों पर किया गया।
परियोजना स्तर की ओवरऑल प्रतियोगिता में समूह ‘ए’ में खड़िया परियोजना ने प्रथम, दुधीचुआ परियोजना ने द्वितीय तथा रिलायंस परियोजना ने तृतीय स्थान प्राप्त किया। इसी प्रकार समूह ‘बी’ में कृष्णशिला परियोजना प्रथम, झिंगुरदा परियोजना द्वितीय तथा ककरी परियोजना तृतीय स्थान पर रही।
इस वर्ष सर्वश्रेष्ठ झांकी श्रेणी में खड़िया परियोजना को उसके आईट्रिपलसी विषय पर प्रथम पुरस्कार प्राप्त हुआ। निगाही को द्वितीय तथा ब्लॉक-बी परियोजना को तृतीय पुरस्कार प्रदान किया गया। वहीं सर्वश्रेष्ठ स्टॉल श्रेणी में निगाही परियोजना ने प्रथम तथा खड़िया परियोजना ने द्वितीय स्थान प्राप्त किया।
इस अवसर पर सुरक्षित, उत्पादक एवं सतत् खनन संचालन के प्रति सभी परियोजनाओं, अधिकारियों, कर्मचारियों एवं सहयोगी कर्मियों की प्रतिबद्धता की सराहना की गई तथा भविष्य में भी सुरक्षा को सर्वोच्च प्राथमिकता देते हुए उत्कृष्ट प्रदर्शन जारी रखने का आह्वान किया गया।
आकर्षक झाँकियों का हुआ प्रदर्शन
पारितोषिक वितरण समारोह के अवसर पर एनसीएल की सभी परियोजनाओं एवं सिंगरौली परिक्षेत्र में कार्यरत विभिन्न खनन कंपनियों द्वारा सुरक्षा जागरूकता पर आधारित आकर्षक एवं संदेशपरक झाँकियों का प्रदर्शन किया गया।
समारोह में प्रदर्शित सभी झाँकियों ने खदान सुरक्षा, जोखिम प्रबंधन तथा सुरक्षित कार्य संस्कृति को बढ़ावा देने के प्रति प्रतिभागी इकाइयों की प्रतिबद्धता को प्रभावी रूप से प्रदर्शित किया।
आधुनिक तकनीक एवं सुरक्षा नवाचारों पर आधारित प्रदर्शनी रही आकर्षण का केंद्र
वार्षिक खान सुरक्षा सप्ताह-2025 के पारितोषिक वितरण समारोह के अवसर पर आधुनिक तकनीक, नवाचार एवं सुरक्षा प्रबंधन पर आधारित प्रदर्शनी का भी आयोजन किया गया। प्रदर्शनी में प्रदर्शित तकनीकी नवाचारों एवं सुरक्षा प्रणालियों ने सुरक्षित खनन, जोखिम न्यूनीकरण तथा सुरक्षा संस्कृति को बढ़ावा देने के प्रति सहभागी इकाइयों की प्रतिबद्धता को प्रभावी रूप से प्रस्तुत किया।
