प्रयागराज । हिंदी दिवस 14 सितंबर के उपलक्ष्य में उत्तर मध्य रेलवे मुख्यालय प्रयागराज में राजभाषा पखवाड़े के अंतर्गत स्वरचित कविता पाठ प्रतियोगिता का आयोजन किया गया। इस प्रतियोगिता में महाप्रबंधक कार्यालय सहित मंडलों एवं कारखानों के विभिन्न विभागों में कार्यरत कर्मचारियों ने अत्यंत उत्साहपूर्वक भाग लिया। प्रतियोगिता में भाग लेने वाले प्रतिभागियों ने राष्ट्रीय, ऐतिहासिक, सांस्कृतिक, समसामयिक एवं सामाजिक सरोकार से संबंधित विषयों पर गीत, गजल और कविताओं की भावपूर्ण एवं प्रभावशाली प्रस्तुति की।

इस प्रतियोगिता में मुख्य सामग्री प्रबंधक/विक्रय विवेक वर्मा और मुख्य जनसंपर्क अधिकारी डॉ शिवम शर्मा निर्णायक के रूप में उपस्थित थे। इस प्रतियोगिता में नियाज अहमद, वरिष्ठ तकनीशियन, वैगन मरम्मत कारखाना, झाँसी को प्रथम स्थान, जितेन्द्र कुमार द्विवेदी, वरिष्ठ लेखाकार, प्रयागराज मंडल को द्वितीय स्थान और यतीश कुमार, तकनीशियन III, वैगन मरम्मत कारखाना, झाँसी को तृतीय स्थान प्राप्त हुआ। निर्णायक मंडल के सदस्यों ने प्रतियोगिता में प्रतिभागियों द्वारा काव्य पाठ हेतु चुने गए विषयों की सराहना की। इस प्रतियोगिता का संचालन वरिष्ठ राजभाषा अधिकारी यथार्थ पाण्डेय द्वारा किया गया।
इस अवसर पर अपने उद्गार व्यक्त करते हुए मुख्य सामग्री प्रबंधक/विक्रय विवेक वर्मा ने कहा कि उपस्थित प्रतियोगियों की काव्य प्रतिभा और अभिरुचि यह दर्शाती है कि हमारी रेलवे में बहुत से प्रतिभाशाली कवि और साहित्यककार रेलकर्मी हैं, जिनमें निरंतर उत्कृष्ट रचनाशीलता की बड़ी संभावनाएं हैं। कविता में व्यंजना और लक्षण शक्ति का महत्वर सर्वोपरि होता है और यही एक श्रेष्ठ कवि का परिचायक होता है। ऐसे आयोजनों से राजभाषा हिंदी के प्रयोग- प्रसार को गतिशीलता प्राप्त होगी।
इस क्रम में दूसरे निर्णायक मुख्य जनसंपर्क अधिकारी डॉ शिवम शर्मा ने कहा कि कविता में नए प्रयोग एवं युगीन भाषा होनी चाहिए। कविता को पढ़ने और सुनने के बीच फासला नहीं होना चाहिए। दोहों, मिसरों और अर्धालियों की अपनी स्वतंत्र इयत्ता होती है और इनमें संक्षेप में बड़ी बात कही जा सकती है। आज के युग में कविता में केवल उपदेशात्मकता स्वीकार्य नहीं है। इसमें समसामयिक मुद्दों और विषयों के निदान की भी पहल होनी चाहिए। डॉ शिवम शर्मा ने काव्यपाठ करने वाले कर्मचारियों की प्रतिभा की सराहना की। इस अवसर पर उप मुख्य इंजीनियर/पी&डी/मुख्यालय मो. तनवीर खान भी उपस्थित थे और उन्होंने अपनी रचनाओं का काव्यपाठ किया।
राजभाषा पखवाड़ा के अंतर्गत आयोजित टिप्पण एवं प्रारूप लेखन प्रतियोगिता में अर्जुन कुमार, लेखाकार, लेखा विभाग को प्रथम, राम बिहारी, वरिष्ठ लिपिक, परिचालन विभाग को द्वितीय तथा सुश्री आकृति बरनवाल, वरिष्ठ लेखाकार, लेखा विभाग को तृतीय स्थान प्राप्त हुआ। हिंदी निबंध प्रतियोगिता में श्रीमती विनीता पाण्डेय, मुख्य नियंत्रक, परिचालन विभाग को प्रथम, दीपक सक्सेना, कार्यालय अधीक्षक, इंजीनियरी विभाग को द्वितीय तथा राजेंद्र सिंह, लेखाकार, लेखा विभाग को तृतीय स्थान प्राप्त हुआ। इसी तरह हिंदी टाइपिंग प्रतियोगिता में अमरजीत सिंह, वरिष्ठ लिपिक, वाणिज्य विभाग को प्रथम, राहुल वर्मा, वरिष्ठ लिपिक, वाणिज्य विभाग को द्वितीय तथा सौरभ पटेल वर्मा, कार्यालय अधीक्षक, वाणिज्य विभाग को तृतीय स्थान प्राप्त हुआ। इन सभी विजेता प्रतिभागियों को 30 सितंबर को राजभाषा पखवाड़ा के मुख्य समारोह के दौरान महाप्रबंधक नरेश पाल सिंह द्वारा पुरस्कृत किया जाएगा।
उत्तर मध्य रेलवे के मुख्यालय में 14 सितंबर से आयोजित राजभाषा पखवाड़े के अंतर्गत 22 सितंबर को अधिकारियों एवं कर्मचारियों के लिए राजभाषा प्रश्नोत्तरी प्रतियोगिता का आयोजन किया जाएगा। इस प्रतियोगिता में विजेता प्रतिभागियों को तत्काल नकद पुरस्कार प्रदान किया जाएगा।
