प्रयागराज। उत्तर मध्य रेलवे प्रयागराज मंडल में रेल संचालन की संरक्षा को और अधिक सुदृढ़ करने के उद्देश्य से प्रयागराज छिवकी लॉबी में संरक्षा सेमिनार का आयोजन किया गया। सेमिनार में वरिष्ठ मंडल संरक्षा अधिकारी, उमेश चन्द शुक्ला की उपस्थिति में रनिंग कर्मचारियों सहित परिचालन विभाग के लगभग 35 कर्मचारियों ने भाग लिया।
सेमिनार के दौरान SPAD (सिग्नल पासिंग एट डेंजर) के कारणों एवं इससे बचाव, शंटिंग के दौरान बरती जाने वाली सावधानियों एवं शंटिंग की प्रभावी निगरानी, रिले रूम को खोलने एवं बंद करने के दौरान आवश्यक सुरक्षा सावधानियों तथा संरक्षा, सुरक्षा एवं समयपालन के महत्व पर विस्तार से चर्चा की गई। इस दौरान कर्मचारियों को दुर्घटनाओं को शून्य तक लाने के लिए पूरी सजगता एवं निर्धारित संरक्षा नियमों का पालन करने के लिए प्रेरित किया गया।
प्रयागराज मंडल से आए वरिष्ठ मंडल संरक्षा अधिकारी एवं संरक्षा टीम ने कर्मचारियों को सुरक्षित एवं संरक्षित रेल संचालन के संबंध में महत्वपूर्ण जानकारी दी। उन्होंने कहा कि रेल संचालन में छोटी-सी लापरवाही भी गंभीर परिणाम का कारण बन सकती है, इसलिए प्रत्येक कर्मचारी को अपने दायित्वों का निर्वहन पूरी सतर्कता, अनुशासन एवं निर्धारित नियमों के अनुसार करना चाहिए।
स्टेशन अधीक्षक/प्रयागराज छिवकी, कुमार राकेश; वरिष्ठ क्रू कंट्रोलर, एस. एन. द्विवेदी; मुख्य लोको निरीक्षक, हेमंत कुमार ने भी उपस्थित कर्मचारियों को संरक्षा संबंधी विभिन्न पहलुओं की जानकारी दी। उन्होंने विशेष रूप से सिग्नल, शंटिंग एवं परिचालन से जुड़े कार्यों के दौरान निर्धारित प्रक्रियाओं का पालन करने तथा किसी भी प्रकार की असामान्य स्थिति में तत्काल संबंधित अधिकारियों को सूचित करने पर जोर दिया।
सेमिनार का उद्देश्य रनिंग एवं परिचालन कर्मचारियों में संरक्षा के प्रति जागरूकता बढ़ाना तथा सुरक्षित, सुचारु एवं दुर्घटनारहित रेल संचालन सुनिश्चित करना रहा।
