शून्य हानि हर किसी के जीवन का आदर्श वाक्य होना चाहिए’- आलोक वर्मा

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राउरकेला।सेल, राउरकेला इस्‍पात संयंत्र के गोपबंधु ऑडिटोरियम में 28 फरवरी, 2025 को आयोजित 874वें सामूहिक संपर्क सभा में आर.एस.पी. के निदेशक प्रभारी,आलोक वर्मा ने कर्मीसमूह से संबोधित करते हुए कहा, ‘शून्य हानि हर किसी के जीवन का आदर्श वाक्य होना चाहिए।’ कार्यपालक निदेशक (एच.आर.), तरुण मिश्र, कार्यपालक निदेशक (वित्त)  ए.के.बेहुरिया कार्यपालक निदेशक (वर्क्‍स),  बी.आर.पलाई, कार्यपालक निदेशक (सामग्री प्रबंधन),  अनिल कुमार, कार्यपालक निदेशक (माइन्‍स),  एम.पी.सिंह, कार्यपालक निदेशक (परियेाजना),सुदीप पाल चौधरी भी मंच पर मौजूद थे।कार्यक्रम में सी.एम.ओ. प्रभारी (एम.एंड एच.एस.), डॉ. जे.के.आचार्य, कई मुख्‍य महा प्रबंधक और विभागाध्‍यक्ष  के साथ-साथ खान सहित आर.एस.पी. के विभिन्न विभागों के लगभग 500 कर्मचारी शामिल हुए।

आगे बोलते हुए वर्मा ने कहा, ‘सुरक्षा हमारी सर्वोच्च प्राथमिकता होनी चाहिए और हमें यह सुनिश्चित करना होगा कि संयंत्र में आने वाला प्रत्येक कर्मचारी सुरक्षित घर जाए।’ वर्मा ने सफलता प्राप्त करने के लिए छोटे-छोटे कदम उठाने के महत्व को भी रेखांकित किया। उन्होंने कहा, ‘एक रोडमैप तैयार करें और अपने जीवन, संयंत्र की उत्पादकता और सुरक्षा की दिशा में परिवर्तनकारी बदलाव लाने के लिए अपने लक्ष्य की ओर हर रोज एक छोटा कदम उठाएं।’ प्रभारी निदेशक ने आगामी दिनों में इस्पात क्षेत्र के विकास पर विचार किया और युवा कर्मचारियों को संयंत्र में अपना सर्वश्रेष्ठ देने के लिए प्रेरित किया।

ए.के.बेहुरिया ने वर्तमान इस्पात परिदृश्य और आगे की राह पर एक विस्तृत प्रस्तुति दी। अपनी प्रस्तुति में उन्होंने सभी सेल इकाइयों के वित्तीय प्रदर्शन को रेखांकित किया और लागत वितरण का विस्तृत विश्लेषण किया। अपने प्रस्तुतीकरण के माध्यम से उन्होंने आर.एस.पी. कर्मीसमूह को आत्मनिर्भर बनने तथा अपने क्षेत्र में लागत में सुधार करने के लिए प्रेरित किया, ताकि आर.एस.पी. की वित्तीय स्थिति में सुधार हो सके।

इससे पहले, सत्र की शुरुआत राष्ट्रगान के साथ हुई। इसके बाद जनसंपर्क विभाग द्वारा बनाई गई फिल्म का प्रदर्शन किया गया, जिसमें प्रेरक वीडियो के साथ-साथ टाउनशिप में विभिन्न प्रयासों, लक्ष्यों, उपलब्धियों तथा नई सुविधाओं के संबंध में चालू वित्त वर्ष में आर.एस.पी. के प्रदर्शन को दर्शाया गया। बाद में, विचार-विमर्श सत्र के दौरान कर्मचारियों ने उत्पादन, उत्पादकता, रखरखाव तथा सुरक्षा मुद्दों से संबंधित सुझाव दिए। चर्चा के दौरान दिए गए सुझावों की गुणवत्ता से खुश होकर डी.आई.सी. ने एक कार्यपालक सहित तीन कर्मचारियों के लिए तत्काल ‘सर्वश्रेष्ठ सुझावकर्ता’ पुरस्कार की घोषणा की।

उप महा प्रबंधक (मानवसंसाधन-एल.एंड डी.),  के.के.जायस्वाल ने कार्यक्रम का संचालन किया।

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