वाराणसी। उत्तर प्रदेश शासन की मंशा के अनुरूप जन-समस्याओं के त्वरित, पारदर्शी एवं प्रभावी निस्तारण हेतु आज तहसील राजातालाब के सभागार में जिलाधिकारी सत्येन्द्र कुमार के अध्यक्षता में ‘सम्पूर्ण समाधान दिवस’ का आयोजन किया गया। जिलाधिकारी ने उपस्थित फरियादियों की समस्याओं को अत्यंत संवेदनशीलता और गंभीरता के साथ सुना। पुलिस एवं राजस्व विभाग से संबंधित कई पेचीदा प्रकरणों का अधिकारियों ने आपसी समन्वय स्थापित कर मौके पर ही निस्तारण सुनिश्चित कराया। लंबित प्रकरणों की समीक्षा करते हुए जिलाधिकारी ने संबंधित थाना प्रभारियों एवं राजस्व निरीक्षकों को सख्त हिदायत दी कि प्रत्येक शिकायत का निस्तारण केवल कागजों पर न होकर धरातल पर गुणवत्तापूर्ण दिखना चाहिए। उन्होंने स्पष्ट किया कि निर्धारित समय सीमा के भीतर निस्तारण न होने की स्थिति में संबंधित कर्मचारी की जवाबदेही तय की जाएगी। जिलाधिकारी ने पुलिस अधिकारियों को निर्देशित किया कि जन-समस्याओं का समाधान प्राथमिकता के आधार पर किया जाए, ताकि आमजन को न्याय के लिए अनावश्यक रूप से कार्यालयों के चक्कर न लगाने पड़ें। उन्होंने जोर देकर कहा कि पीड़ित के साथ मानवीय व्यवहार सुनिश्चित हो और कार्यशैली में पूर्ण पारदर्शिता बरती जाए। किसी भी स्तर पर शिथिलता या लापरवाही अक्षम्य होगी।
भूमि विवादों हेतु संयुक्त टीम का गठन:
राजस्व एवं पुलिस विभाग से जुड़े उभयपक्षीय विवादों, विशेषकर भूमि पैमाइश और अवैध कब्जों के मामलों के स्थायी समाधान हेतु जिलाधिकारी ने संयुक्त पुलिस व राजस्व टीम गठित करने के निर्देश दिए। इन टीमों को विवादित स्थलों का प्रत्यक्ष निरीक्षण कर, निष्पक्ष जांच के उपरांत विधिक समाधान सुनिश्चित करने को कहा गया है। तहसील दिवस में 246 शिकायतें पंजीकृत हुई जिसमे से लगभग 10 शिकायतों का मौके पर ही निस्तारण किया गया। इस अवसर पर उप जिलाधिकारी एवं वरिष्ठ पुलिस अधिकारी अन्य विभाग के वरिष्ठ अधिकारी व कर्मचारी प्रमुख रूप से उपस्थित रहे।
