*119 नाविकों को कुल 974 निःशुल्क लाइफ जैकेट वितरित*
वाराणसी। गंगा नदी में संचालित नौकाओं के माध्यम से प्रतिदिन हजारों श्रद्धालु, पर्यटक एवं स्थानीय नागरिक आवागमन करते हैं। जनसुरक्षा को सर्वोच्च प्राथमिकता प्रदान करते हुए तथा संभावित नौका दुर्घटनाओं में जनहानि की रोकथाम एवं आपदा जोखिम न्यूनीकरण के उद्देश्य से वाराणसी जिला प्रशासन द्वारा व्यापक स्तर पर सुरक्षा उपायों को सुदृढ़ किया जा रहा है। इसी क्रम में उत्तर प्रदेश राज्य आपदा प्रबंधन प्राधिकरण द्वारा उपलब्ध कराई गई लाइफ जैकेटों का निःशुल्क वितरण अभियान संचालित किया जा रहा है।
जिलाधिकारी सत्येंद्र कुमार के निर्देशानुसार रविवार को नमो घाट फेज-2 पर आयोजित कार्यक्रम में अपर जिलाधिकारी (वित्त एवं राजस्व) डॉ. सदानन्द गुप्ता ने जनपद के 119 नाविकों को कुल 974 निःशुल्क लाइफ जैकेट वितरित की गईं। इस अवसर पर उन्होंने बताया कि जनपद में पंजीकृत समस्त नौकाओं को उनकी स्वीकृत यात्री क्षमता के अनुरूप चरणबद्ध तरीके से निःशुल्क लाइफ जैकेट उपलब्ध कराई जा रही हैं, जिससे गंगा नदी में संचालित नौका सेवाओं को और अधिक सुरक्षित, व्यवस्थित एवं उत्तरदायी बनाया जा सके। उन्होंने कहा कि वाराणसी विश्व के प्रमुख आध्यात्मिक एवं सांस्कृतिक नगरों में से एक है, जहां देश-विदेश से बड़ी संख्या में श्रद्धालु एवं पर्यटक गंगा दर्शन, देव दीपावली, गंगा आरती तथा अन्य धार्मिक एवं पर्यटन गतिविधियों के लिए आते हैं। ऐसे में नौका संचालन से जुड़े प्रत्येक व्यक्ति का दायित्व है कि यात्रियों की सुरक्षा को सर्वोच्च प्राथमिकता प्रदान करे। सुरक्षित नौका संचालन न केवल प्रशासनिक दायित्व है, बल्कि यह मानवीय उत्तरदायित्व भी है।अपर जिलाधिकारी (वित्त एवं राजस्व) ने कहा कि लाइफ जैकेट किसी भी जल दुर्घटना की स्थिति में जीवन रक्षा का सबसे प्रभावी साधन है। यह व्यक्ति को पानी में सुरक्षित बनाए रखने, घबराहट को कम करने तथा बचाव दल को राहत एवं रेस्क्यू कार्यों के लिए आवश्यक समय उपलब्ध कराने में महत्वपूर्ण भूमिका निभाती है। समय पर एवं अनिवार्य रूप से लाइफ जैकेट के उपयोग से जल दुर्घटनाओं में होने वाली जनहानि को काफी हद तक रोका जा सकता है। इस अवसर पर नाविकों एवं नौका संचालकों से अपील की गई कि प्रत्येक यात्रा प्रारम्भ करने से पूर्व नौका में उपलब्ध सभी लाइफ जैकेटों की स्थिति का परीक्षण कर लें तथा नौका पर सवार प्रत्येक यात्री को लाइफ जैकेट उपलब्ध कराना सुनिश्चित करें। किसी भी परिस्थिति में नौका की निर्धारित क्षमता से अधिक यात्रियों को न बैठाया जाए तथा जल परिवहन से संबंधित समस्त सुरक्षा मानकों, शासन के दिशा-निर्देशों एवं प्रशासन द्वारा जारी आदेशों का अक्षरशः अनुपालन किया जाए।
नाविकों को यह भी निर्देशित किया गया कि खराब मौसम, तेज हवाओं, आंधी-तूफान, अतिवृष्टि अथवा गंगा नदी के जलस्तर में असामान्य वृद्धि जैसी परिस्थितियों में नौका संचालन से बचें तथा मौसम विभाग एवं प्रशासन द्वारा जारी चेतावनियों और परामर्शों का पूर्णतः पालन करें। किसी भी प्रकार की लापरवाही न केवल नाविकों बल्कि यात्रियों के जीवन को भी संकट में डाल सकती है। जिला प्रशासन एवं जिला आपदा प्रबंधन प्राधिकरण द्वारा सुरक्षित नौका संचालन, जल दुर्घटनाओं की रोकथाम, आपदा पूर्व तैयारी तथा जनजागरूकता के क्षेत्र में निरंतर प्रयास किए जा रहे हैं। लाइफ जैकेट वितरण कार्यक्रम इसी श्रृंखला की एक महत्वपूर्ण कड़ी है, जिसका उद्देश्य गंगा नदी में यात्रा करने वाले प्रत्येक व्यक्ति की सुरक्षा सुनिश्चित करना तथा जनपद में सुरक्षित एवं जिम्मेदार जल परिवहन व्यवस्था को प्रोत्साहित करना है।निःशुल्क लाइफ जैकेट वितरण कार्यक्रम के सफल संचालन में एनडीआरएफ, जल पुलिस, आपदा मित्रों तथा संबंधित विभागीय अधिकारियों एवं कर्मचारियों का महत्वपूर्ण सहयोग प्राप्त हुआ। जनपद के समस्त नाविकों एवं नौका संचालकों से अनुरोध किया गया कि वे “सुरक्षा प्रथम” के सिद्धांत को अपनाते हुए प्रत्येक यात्री की सुरक्षा सुनिश्चित करें तथा सुरक्षित, व्यवस्थित एवं दुर्घटनारहित नौका संचालन में जिला प्रशासन का सक्रिय सहयोग प्रदान करें।
