स्वच्छता, स्क्रैप निस्तारण एवं प्रशासनिक दक्षता के क्षेत्र में उत्कृष्ट प्रदर्शन
नागपुर। कोयला मंत्रालय के अधीन कोल इंडिया लिमिटेड की अनुषंगी कंपनी वेस्टर्न कोलफील्ड्स लिमिटेड (वेकोलि) ने 22 अक्टूबर 2026 तक, विशेष अभियान-6 के अंतर्गत निर्धारित सभी लक्ष्यों की 100% प्राप्ति की है। इस अभियान के अंतर्गत विभिन्न प्रमुख मानकों पर उल्लेखनीय उपलब्धियाँ हासिल की गई हैं। वेकोलि द्वारा कुल 300 स्थलों की सफाई की गई, जिसके अंतर्गत 6,50,000 वर्ग फुट क्षेत्र को स्वच्छ बनाया गया। इसके साथ ही, 539.65 मीट्रिक टन स्क्रैप का निस्तारण किया गया, जिससे ₹22,71,89,950.95 का राजस्व प्राप्त हुआ।

प्रशासनिक दक्षता एवं अभिलेख प्रबंधन के क्षेत्र में वेकोलि ने 500 भौतिक फाइलों की समीक्षा की तथा सभी 500 फाइलों का निस्तारण किया। इसी प्रकार, कंपनी ने 7,500 इलेक्ट्रॉनिक फाइलों की समीक्षा की तथा 7,650 इलेक्ट्रॉनिक फाइलों का निस्तारण किया। ये प्रयास लंबित मामलों के शीघ्र निपटारे, कार्यालयीन अभिलेखों को सुव्यवस्थित करने तथा कार्यप्रणाली को अधिक प्रभावी एवं जवाबदेह बनाने की दिशा में वेकोलि के सतत प्रयासों को दर्शाते हैं।

• निर्धारित लक्ष्यों की 100% प्राप्ति – 22 अक्टूबर 2026 तक विशेष अभियान-6 के सभी निर्धारित लक्ष्यों को प्राप्त किया गया।
• 300 स्थलों की सफाई – कार्यस्थलों को स्वच्छ एवं सुव्यवस्थित बनाने की दिशा में महत्वपूर्ण उपलब्धि।
• 6,50,000 वर्ग फुट क्षेत्र की सफाई – चिह्नित स्थलों पर व्यापक स्वच्छता अभियान का सफल क्रियान्वयन।
• 539.65 मीट्रिक टन स्क्रैप का निस्तारण – स्क्रैप के व्यवस्थित प्रबंधन तथा उपलब्ध स्थान के बेहतर उपयोग को बढ़ावा।
• लगभग ₹22.72 करोड़ का राजस्व अर्जित – स्क्रैप के निस्तारण से उल्लेखनीय राजस्व प्राप्ति।
• 500 भौतिक फाइलों की समीक्षा एवं सभी 500 का निस्तारण – समीक्षा की गई भौतिक फाइलों के निपटारे में 100% सफलता।
• 7,500 इलेक्ट्रॉनिक फाइलों की समीक्षा, 7,650 इलेक्ट्रॉनिक फाइलों का निस्तारण।
विशेष अभियान-6 स्वच्छता को कार्यसंस्कृति का अभिन्न अंग बनाने, अनुपयोगी सामग्रियों के व्यवस्थित निस्तारण, लंबित मामलों को कम करने तथा प्रशासनिक दक्षता को सुदृढ़ करने के प्रति वेकोलि के निरंतर प्रयासों को रेखांकित करता है। निर्धारित लक्ष्यों की सफल प्राप्ति अभियान के उद्देश्यों को प्रभावी रूप से लागू करने में कंपनी के संबंधित विभागों एवं प्रतिष्ठानों के समन्वित प्रयासों का परिणाम है।
