धनबाद। कोयला भवन मुख्यालय, धनबाद में भारत कोकिंग कोल लिमिटेड (बीसीसीएल) की 55वीं वार्षिक आमसभा (Annual General Meeting) का आयोजन किया गया। बैठक की अध्यक्षता बीसीसीएल के अध्यक्ष-सह-प्रबंध निदेशक (सीएमडी) श्री मनोज कुमार अग्रवाल ने की। बैठक में कोयला मंत्रालय के अतिरिक्त सचिव सनोज कुमार झा, निदेशक (विपणन) कोल इंडिया, मुकेश कुमार चौधरी ने ऑनलाइन माध्यम से अपनी सहभागिता की। इस अवसर पर निदेशक (मानव संसाधन) मुरली कृष्ण रमैया, निदेशक (तकनीकी/संचालन) संजय कुमार सिंह, निदेशक (वित्त) राजेश कुमार, निदेशक (तकनीकी/परियोजना एवं योजना) राजीव कुमार सिन्हा, कंपनी सचिव देबानुज देबनाथ, लेखा परीक्षक मदन मोहन प्रसाद (मेसर्स/एनएजी एंड एसोसिएट्स) कोयला भवन मुख्यालय के महाप्रबंधक एवं विभागाध्यक्ष, क्षेत्रीय महाप्रबंधक तथा अन्य वरिष्ठ अधिकारी उपस्थित रहे। कंपनी के शेयरधारक ऑनलाइन माध्यम से बैठक में जुड़े।
उल्लेखनीय है कि बीएसई एवं एनएसई में सूचीबद्ध होने के पश्चात बीसीसीएल की यह पहली वार्षिक आमसभा थी। बैठक में कंपनी के वित्तीय वर्ष 2025-26 के लेखा-जोखा, परिचालन उपलब्धियों, वित्तीय प्रदर्शन, भावी रणनीतियों तथा दीर्घकालिक विकास योजनाओं पर विस्तार से विचार-विमर्श किया गया।
अपने संबोधन में सीएमडी मनोज कुमार अग्रवाल ने कहा कि वैश्विक आर्थिक चुनौतियों एवं परिचालन संबंधी कठिन परिस्थितियों के बावजूद बीसीसीएल ने ऊर्जा सुरक्षा एवं देश के इस्पात क्षेत्र की आवश्यकताओं की पूर्ति के प्रति अपनी प्रतिबद्धता बनाए रखी। उन्होंने वित्तीय वर्ष 2025-26 के दौरान कंपनी के उत्पादन, डिस्पैच एवं वित्तीय प्रदर्शन का उल्लेख करते हुए कहा कि परिचालन एवं भू-वैज्ञानिक चुनौतियों के कारण उत्पादन एवं लाभप्रदता प्रभावित रही, किन्तु कंपनी ने दीर्घकालिक विकास की दिशा में अनेक महत्वपूर्ण रणनीतिक पहलें आगे बढ़ाईं।उन्होंने कहा कि बीसीसीएल आधुनिक एवं उन्नत खनन तकनीकों जैसे लॉन्गवॉल, हाईवॉल माइनिंग एवं कंटीन्यूअस माइनर तकनीक के विस्तार, भूमिगत खदानों के पुनर्संचालन, वाशरियों के आधुनिकीकरण, रेलवे अवसंरचना के विकास, डिजिटल ट्रांसफॉर्मेशन, एआई आधारित निगरानी प्रणाली, ऊर्जा दक्षता, नवीकरणीय ऊर्जा, पर्यावरण संरक्षण तथा सुरक्षा मानकों को और सुदृढ़ बनाने की दिशा में निरंतर कार्य कर रही है।
सीएमडी ने कहा कि कंपनी की प्राथमिकता सुरक्षित एवं वैज्ञानिक खनन, पारदर्शी कॉरपोरेट गवर्नेंस, संसाधनों का सर्वोत्तम उपयोग, तकनीकी नवाचार तथा शेयरधारकों के लिए दीर्घकालिक मूल्य सृजन सुनिश्चित करना है। उन्होंने बीसीसीएल के सफल आईपीओ एवं स्टॉक एक्सचेंजों में सूचीबद्ध होने को कंपनी के इतिहास का एक महत्वपूर्ण मील का पत्थर बताते हुए कहा कि सूचीबद्ध कंपनी के रूप में बीसीसीएल उच्चतम स्तर की पारदर्शिता, उत्तरदायित्व एवं निवेशक हितों के संरक्षण के प्रति पूर्णतः प्रतिबद्ध है। साथ ही उन्होंने कॉरपोरेट सामाजिक दायित्व, पर्यावरणीय स्थिरता, कर्मचारी कल्याण एवं राष्ट्र निर्माण में बीसीसीएल की भूमिका पर भी प्रकाश डाला।
बैठक के दौरान विभिन्न शेयरधारकों एवं निवेशकों ने कंपनी के प्रथम तिमाही वित्तीय परिणाम, लाभ में आई कमी, उत्पादन एवं राजस्व की स्थिति, आईपीओ मूल्य निर्धारण, लाभांश, ऋण-इक्विटी अनुपात, सुरक्षित ऋण, बकाया देनदारियां, उत्पादन वृद्धि की रणनीति, आधुनिक खनन तकनीकों के उपयोग, सुरक्षा उपायों, पर्यावरण संरक्षण, निवेशक सेवाओं को सुदृढ़ बनाने, समर्पित निवेशक हेल्पलाइन, वार्षिक प्रतिवेदन की हार्ड कॉपी, भविष्य की व्यावसायिक संभावनाओं, सीएसआर गतिविधियों तथा अन्य विभिन्न विषयों पर अपने प्रश्न एवं सुझाव रखे।
सीएमडी ने सभी प्रश्नों का विस्तारपूर्वक उत्तर देते हुए स्पष्ट किया कि कंपनी वर्तमान चुनौतियों का सक्रिय रूप से समाधान कर रही है तथा उत्पादन क्षमता बढ़ाने, लागत दक्षता में सुधार, तकनीकी उन्नयन, परिचालन उत्कृष्टता, सुरक्षा, पर्यावरणीय दायित्वों के निर्वहन तथा निवेशकों के साथ प्रभावी संवाद को और मजबूत बनाने की दिशा में निरंतर कार्य कर रही है। उन्होंने विश्वास व्यक्त किया कि वर्तमान में चल रही रणनीतिक एवं आधारभूत विकास परियोजनाओं के सकारात्मक परिणाम आगामी वर्षों में कंपनी के परिचालन एवं वित्तीय प्रदर्शन को और सुदृढ़ करेंगे। अपने समापन संबोधन में सीएमडी मनोज अग्रवाल ने कोयला मंत्रालय, कोल इंडिया लिमिटेड, निदेशक मंडल, सभी स्टेकहोल्डर्स, ग्राहकों, वित्तीय संस्थानों, ऑडिटरों तथा सभी हितधारकों के प्रति आभार व्यक्त करते हुए विश्वास व्यक्त किया कि आधुनिक तकनीक, पारदर्शी प्रबंधन, सुरक्षित एवं सतत् खनन तथा सामूहिक प्रयासों के बल पर बीसीसीएल भविष्य में भी देश की ऊर्जा सुरक्षा एवं औद्योगिक विकास में अपनी महत्वपूर्ण भूमिका निभाते हुए सभी हितधारकों के लिए दीर्घकालिक मूल्य सृजित करता रहेगा। वर्चुअल माध्यम से बैठक का संचालन एनएसडीएल की तकनीकी टीम – वीसी नाउ (VC NOW) द्वारा किया गया। कार्यक्रम का समापन कंपनी सचिव, श्री देबानुज देबनाथ द्वारा प्रस्तुत धन्यवाद ज्ञापन के साथ हुआ।
