*प्रधान मुख्य कार्मिक अधिकारी उत्तर मध्य रेलवे ने ज़ोन की ओर से ग्रहण किया पुरस्कार*
प्रयागराज । क्षमता निर्माण आयोग (CBC), कार्मिक एवं प्रशिक्षण विभाग (DoPT) और कर्मयोगी भारत के संयुक्त तत्वावधान में आयोजित मिशन कर्मयोगी ‘साधना’ (राष्ट्रीय उन्नति के लिए अनुकूली विकास और मानवीय योग्यता को सुदृढ़ करना) सप्ताह में उत्तर मध्य रेलवे ने महाप्रबंधक उत्तर मध्य रेलवे नरेश पाल सिंह के कुशल मार्ग दर्शन में ऐतिहासिक सफलता अर्जित की है। उत्तर मध्य रेलवे कार्मिक विभाग के समन्वयन में 02 अप्रैल से 10 अप्रैल 2026 तक चले इस गहन शिक्षण अभियान के दौरान उत्तर मध्य रेलवे के मंडलों और कारखानों ने भारतीय रेलवे के पटल पर अपनी श्रेष्ठता सिद्ध की है। इस गौरवशाली उपलब्धि के उपलक्ष्य में 17 अप्रैल 2026 को नई दिल्ली के विज्ञान भवन में आयोजित एक भव्य अभिनंदन समारोह में मुख्य अतिथि, कार्मिक, लोक शिकायत एवं पेंशन राज्य मंत्री डॉ. जितेंद्र सिंह द्वारा उत्तर मध्य रेलवे को विभिन्न श्रेणियों में पुरस्कृत किया गया।
इस अभियान में उत्तर मध्य रेलवे के झांसी मंडल ने पूरे भारतीय रेलवे में प्रथम स्थान प्राप्त कर अपना परचम लहराया है. सरकारी अधिकारियों के बीच निरंतर सीखने की संस्कृति और संस्थागत क्षमता निर्माण को बढ़ावा देने में असाधारण प्रदर्शन के लिए झांसी मंडल को ‘विशेष पुरस्कार’ से सम्मानित किया गया। विशेष रूप से, *झांसी मंडल* के 77.45% कर्मचारियों ने निर्धारित 4+ घंटे की लर्निंग सफलतापूर्वक पूरी की। उत्तर मध्य रेलवे का वर्चस्व केवल झांसी तक ही सीमित नहीं रहा, बल्कि भारतीय रेलवे के सर्वश्रेष्ठ पांच मंडलों की सूची में उत्तर मध्य रेलवे के तीनों मंडलों ने स्थान बनाया. इसमें *आगरा मंडल* तीसरे स्थान पर रहा, और *प्रयागराज मंडल* चौथे स्थान पर रहा।
इसी प्रकार कारखानों की श्रेणी में भी उत्तर मध्य रेलवे के दो संस्थानों ने अपनी जगह बनाई। *सी.एम.एल.आर. (CMLR)* ने सूची में दूसरा स्थान प्राप्त किया, जहाँ 84.35% कर्मचारियों ने 4+ घंटे की लर्निंग पूरी की। वहीं, *झांसी कारखाने* ने चौथा स्थान प्राप्त किया, जहाँ 79.16% कर्मचारियों ने इस शिक्षण अभियान में अपनी सक्रिय भागीदारी दर्ज कराई। उत्तर मध्य रेलवे के कार्मिक विभाग के अधिकारियों एवं कर्मचारियों ने प्रधान मुख्य कार्मिक अधिकारी मुदित चंद्रा के नेतृत्व मे इस अभियान को सफल बनाने में महती भूमिका निभाई।
विज्ञान भवन में आयोजित इस सम्मान समारोह में भारतीय रेलवे की ओर से अध्यक्ष एवं सीईओ, रेलवे बोर्ड सतीश कुमार तथा अपर सदस्य (मा.सं.) सुश्री वी.जी. भूमा ने सम्मान प्राप्त किया। वहीं, उत्तर मध्य रेलवे की इस उपलब्धि के लिए यह प्रतिष्ठित पुरस्कार प्रधान मुख्य कार्मिक अधिकारी मुदित चंद्रा और मंडल रेल प्रबंधक झांसी अनिरुद्ध कुमार ने ग्रहण किया।उल्लेखनीय है कि मिशन कर्मयोगी के तहत संचालित इस ‘साधना’ सप्ताह ने डिजिटल लर्निंग के क्षेत्र में नए कीर्तिमान रचे हैं, जिसमें देश भर में 3.18 करोड़ से अधिक कोर्स पूरे किए गए। उत्तर मध्य रेलवे के कर्मियों ने भी इसमें बढ़-चढ़कर हिस्सा लिया, जिसमें बड़ी संख्या में प्रशिक्षार्थियों ने ‘एआई दक्ष’ (AI Daksh) बैच प्राप्त कर कृत्रिम बुद्धिमत्ता (AI) जैसी भविष्य की तकनीकों के प्रति अपनी प्रतिबद्धता जाहिर की है. यह सफलता उत्तर मध्य रेलवे की कार्यकुशलता और सेवा के प्रति समर्पण को वैश्विक मानकों के अनुरूप सुदृढ़ करने की दिशा में एक बड़ा मील का पत्थर साबित हुई है।
