रायपुर । किसी भी संवेदनशील और विकसित समाज की पहचान इस बात से होती है कि वहां प्रत्येक व्यक्ति को समान अवसर, सम्मान और आगे बढ़ने का अधिकार मिले। दिव्यांगजन समाज का अभिन्न हिस्सा हैं और उनकी प्रतिभा, क्षमता तथा आत्मविश्वास को सही अवसर उपलब्ध कराना सरकार की जिम्मेदारी है। राज्य सरकार इसी सोच के साथ दिव्यांगजनों के सामाजिक, शैक्षणिक और आर्थिक सशक्तीकरण के लिए निरंतर कार्य कर रही है, ताकि वे आत्मनिर्भर बनकर समाज की मुख्यधारा में सम्मानपूर्वक अपना योगदान दे सकें।मुख्यमंत्री विष्णु देव साय ने आज राजधानी रायपुर स्थित सरदार बलबीर सिंह जुनेजा इंडोर स्टेडियम में आयोजित प्रोजेक्ट ‘सहारा’ के अंतर्गत दिव्यांगजन सहायक उपकरण वितरण कार्यक्रम को संबोधित करते हुए यह बात कही।
मुख्यमंत्री श्री साय ने इस अवसर पर इंडोर स्टेडियम के जीर्णोद्धार, मरम्मत एवं सौंदर्यीकरण के लिए 7 करोड़ रुपये की राशि प्रदान किए जाने की घोषणा की। उन्होंने कहा कि खेल अधोसंरचना का विकास केवल खिलाड़ियों के लिए ही नहीं, बल्कि ऐसे सामाजिक और जनहितकारी आयोजनों के लिए भी अत्यंत महत्वपूर्ण है। कार्यक्रम के दौरान मुख्यमंत्री ने बड़ी संख्या में दिव्यांगजनों को मोटराइज्ड ट्राई साइकिल, ट्राई साइकिल, व्हीलचेयर, हियरिंग एड, कृत्रिम हाथ-पैर, वैशाखी, वॉकिंग स्टिक तथा अन्य आधुनिक सहायक उपकरण वितरित किए। उन्होंने हितग्राहियों से आत्मीय संवाद करते हुए उनका उत्साहवर्धन किया और कहा कि ये उपकरण केवल सहायता सामग्री नहीं हैं, बल्कि आत्मसम्मान, आत्मविश्वास और स्वावलंबन की नई शुरुआत हैं। इनकी सहायता से दिव्यांगजन शिक्षा, रोजगार, आवागमन और दैनिक जीवन के कार्यों में अधिक आत्मनिर्भर बन सकेंगे तथा समाज की मुख्यधारा से और अधिक मजबूती से जुड़ पाएंगे।
मुख्यमंत्री श्री साय ने कार्यक्रम की शुरुआत में प्रदेशवासियों को सावन माह के प्रथम सोमवार की शुभकामनाएं देते हुए भगवान भोलेनाथ से प्रदेश की सुख-समृद्धि, खुशहाली और सभी नागरिकों के उत्तम स्वास्थ्य की कामना की। उन्होंने कहा कि भारतीय संस्कृति सेवा, करुणा और मानवता का संदेश देती है तथा समाज के कमजोर और जरूरतमंद वर्गों की सहायता करना हम सभी का दायित्व है।
मुख्यमंत्री श्री साय ने कहा कि रायपुर जिले में विशेष अभियान चलाकर दिव्यांगजनों की व्यापक स्क्रीनिंग की गई, जिसमें 1600 से अधिक दिव्यांगजनों की पहचान की गई। इस महत्वाकांक्षी पहल के लिए भारत सरकार से 3 करोड़ 58 लाख रुपये की राशि प्राप्त हुई है। इसके लिए उन्होंने प्रधानमंत्री श्री नरेंद्र मोदी तथा भारत सरकार के प्रति आभार व्यक्त करते हुए कहा कि केंद्र और राज्य सरकार के समन्वित प्रयासों से दिव्यांगजनों के जीवन में सकारात्मक परिवर्तन लाने का कार्य निरंतर किया जा रहा है। मुख्यमंत्री श्री साय ने रायपुर जिला प्रशासन द्वारा संचालित प्रोजेक्ट धड़कन, प्रोजेक्ट सुरक्षा, प्रोजेक्ट रेडक्रॉस, प्रोजेक्ट दधीचि, प्रोजेक्ट जिंदगी मुस्कुराएगी, प्रोजेक्ट निःक्षय मित्र, प्रोजेक्ट वंदन और प्रोजेक्ट गोल्डन आवर जैसे नवाचारों की सराहना करते हुए कहा कि प्रशासन की ये पहलें संवेदनशील और जनकेंद्रित सुशासन का उत्कृष्ट उदाहरण हैं। उन्होंने कहा कि इन्हीं नवाचारों की श्रृंखला में प्रोजेक्ट ‘सहारा’ दिव्यांगजनों के जीवन में नई आशा, नई सुविधा और नया आत्मविश्वास लेकर आया है। इस अवसर पर मुख्यमंत्री ने प्रोजेक्ट सरल एवं प्रोजेक्ट गोल्डन आवर का शुभारंभ भी किया तथा “नवाचार से प्रगति पथ पर अग्रसर रायपुर” कॉफी टेबल बुक का विमोचन किया।
*मुख्यमंत्री ने विभिन्न स्टॉलों का किया अवलोकन*
कार्यक्रम के दौरान मुख्यमंत्री श्री विष्णु देव साय ने जिला प्रशासन द्वारा संचालित विभिन्न जनकल्याणकारी परियोजनाओं एवं नवाचारों से संबंधित स्टॉलों का अवलोकन किया। उन्होंने हितग्राहियों से आत्मीय संवाद कर योजनाओं से प्राप्त लाभ की जानकारी ली तथा अधिकारियों को निर्देशित किया कि शासन की प्रत्येक जनकल्याणकारी योजना का लाभ पारदर्शिता और संवेदनशीलता के साथ अंतिम व्यक्ति तक पहुंचाना सुनिश्चित किया जाए। मुख्यमंत्री ने जिला प्रशासन द्वारा किए जा रहे नवाचारों की सराहना करते हुए कहा कि ऐसे प्रयास सुशासन को जन-जन तक पहुंचाने में महत्वपूर्ण भूमिका निभा रहे हैं। इस अवसर पर विधायक सुनील सोनी, विधायक अनुज शर्मा, विधायक इंद्रकुमार साहू, रायपुर जिला पंचायत अध्यक्ष नवीन कुमार अग्रवाल, प्रमुख सचिव समाज कल्याण श्रीमती शहला निगार, संभागायुक्त श्याम धावड़े, कलेक्टर गौरव सिंह सहित जनप्रतिनिधिगण, वरिष्ठ अधिकारी, समाजसेवी एवं बड़ी संख्या में दिव्यांगजन तथा उनके परिजन उपस्थित थे।
