हुनर को रोजगार से जोड़कर महिलाओं एवं बालिकाओं को आत्मनिर्भर बनाने की पहल
अनपरा,सोनभद्र। दिशिता महिला मंडल रेनुसागर द्वारा महिलाओं एवं बालिकाओं को हुनरमंद बनाकर उन्हें आत्मनिर्भर बनाने की दिशा में निरंतर प्रयास किए जा रहे हैं। इसी क्रम में दिशिता महिला मंडल रेनुसागर के सिलाई प्रशिक्षण केंद्र में छह माह का प्रशिक्षण सफलतापूर्वक पूर्ण करने वाली महिलाओं एवं बालिकाओं को प्रशिक्षण प्रमाण पत्र प्रदान कर सम्मानित किया गया। कार्यक्रम का आयोजन दिशिता महिला मंडल रेनुसागर की वरिष्ठ सदस्या इन्दू सिंह के दिशा-निर्देशन में स्थानीय कार्यालय के प्रांगण में किया गया। इस अवसर पर उन्होंने कहा कि अधिकांश प्रशिक्षणार्थी निकटवर्ती ग्रामीण क्षेत्रों से आती हैं और पारिवारिक दायित्वों के साथ अपने हुनर को निखारकर आत्मनिर्भर बनने की इच्छा रखती हैं। ऐसे में दिशिता महिला मंडल द्वारा संचालित सिलाई प्रशिक्षण केंद्र उन्हें अपनी प्रतिभा एवं कौशल को विकसित करने का महत्वपूर्ण अवसर प्रदान कर रहा है।
उन्होंने कहा कि महिलाओं को हुनरमंद बनाना उन्हें आत्मनिर्भरता की ओर ले जाने का सशक्त माध्यम है। सिलाई जैसे व्यावहारिक कौशल के माध्यम से महिलाएं घर से ही रोजगार के अवसर प्राप्त कर अपने परिवार की आर्थिक स्थिति को मजबूत करने में महत्वपूर्ण भूमिका निभा सकती हैं। छह माह का प्रशिक्षण पूर्ण करने के उपरांत गरबन्धा, अनपरा एवं परासी क्षेत्र की कुल 17 लाभार्थी महिलाओं एवं बालिकाओं को सिलाई प्रशिक्षण के प्रमाण पत्र वितरित किए गए। प्रमाण पत्र प्राप्त कर प्रशिक्षणार्थियों के चेहरे पर उत्साह एवं आत्मविश्वास स्पष्ट दिखाई दिया। कार्यक्रम का सफल संचालन दिशिता महिला मंडल रेनुसागर की सचिव तूलिका श्रीवास्तव ने किया।कार्यक्रम में दिशिता महिला मंडल रेनुसागर की वरिष्ठ सदस्याएं रीना जैन, निशा पांडेय, मेनका अरोड़ा, कविता श्रीमाली, करबी दास मिश्रा, विभा सिंह, सुनीता यादव, किरण श्रीवास्तव, बिनीता सिंह, वंदना सिंह सहित अन्य सदस्याएं उपस्थित रहीं।
