औरैया।भारत सरकार की राजभाषा नीति का मूल उद्देश्य राजकीय कार्यों में हिन्दी के प्रयोग को बढ़ावा देना तथा प्रशासनिक कार्यों में हिन्दी के प्रभावी एवं प्रगतिशील उपयोग को सुनिश्चित करना है। इसी दिशा में उत्कृष्ट कार्य करते हुए एनटीपीसी औरैया ने वर्ष 2025-26 में राजभाषा हिन्दी के प्रभावी क्रियान्वयन के क्षेत्र में उल्लेखनीय उपलब्धि अर्जित की है। इस उत्कृष्ट प्रदर्शन के लिए नगर राजभाषा कार्यान्वयन समिति (नराकास),गेल पाता,औरैया द्वारा एनटीपीसी औरैया को प्रथम पुरस्कार से सम्मानित किया गया।
यह सम्मान कार्यालयीन कार्यों में हिन्दी के प्रभावी प्रयोग, भारत सरकार की राजभाषा नीति के सफल क्रियान्वयन तथा हिन्दी के प्रचार-प्रसार एवं संवर्धन हेतु किए गए निरंतर एवं सराहनीय प्रयासों के फलस्वरूप प्रदान किया गया।
उल्लेखनीय है कि नराकास, गेल पाता, औरैया द्वारा एनटीपीसी औरैया को लगातार दूसरी बार प्रथम स्थान प्रदान किया गया है, जो संस्था की राजभाषा के प्रति प्रतिबद्धता एवं उत्कृष्ट कार्यसंस्कृति का प्रमाण है।
23 जून 2026 को आयोजित सम्मान समारोह में एनटीपीसी औरैया के परियोजना प्रमुख शुभाशीष गुहा ने संस्था की ओर से यह प्रतिष्ठित सम्मान ग्रहण किया। पुरस्कार भारत सरकार के गृह मंत्रालय के उप निदेशक छबिल कुमार मेहेर की गरिमामयी उपस्थिति में नराकास के अध्यक्ष एवं कार्यकारी निदेशक गेल, अजय कुमार त्रिपाठी के कर-कमलों द्वारा प्रदान किया गया। सम्मान स्वरूप एनटीपीसी औरैया को शील्ड एवं प्रशस्ति-पत्र प्रदान किए गए।
इस अवसर पर प्रबंधक (मानव संसाधन एवं राजभाषा) आलोक अधिकारी भी उपस्थित रहे। उन्होंने कहा कि एनटीपीसी औरैया कार्यालयीन कार्यों में हिन्दी के अधिकाधिक प्रयोग, राजभाषा संबंधी गतिविधियों के प्रभावी संचालन तथा भारत सरकार की राजभाषा नीति के सफल अनुपालन के लिए निरंतर प्रतिबद्ध है।
यह उपलब्धि एनटीपीसी औरैया के सभी अधिकारियों एवं कर्मचारियों के सामूहिक प्रयास, समर्पण एवं टीम भावना का परिणाम है। संस्था निरंतर कार्यालयीन कार्यों में हिन्दी के प्रयोग को बढ़ावा देने, राजभाषा संबंधी गतिविधियों के प्रभावी संचालन तथा राजभाषा नीति के सफल क्रियान्वयन के लिए सतत प्रयासरत रही है।
यह सम्मान एनटीपीसी औरैया को भविष्य में भी राजभाषा हिन्दी के संवर्धन एवं प्रभावी क्रियान्वयन की दिशा में और अधिक उत्साह, ऊर्जा एवं प्रतिबद्धता के साथ कार्य करने के लिए प्रेरित करेगा।
