धनबाद। निदेशक (मानव संसाधन) बीसीसीएल, मुरली कृष्ण रमैया ने आज पश्चिमी झरिया क्षेत्र अंतर्गत पाडुगोड़ा कोलियरी का दौरा कर टेम्परेरी माइन क्लोजर प्लान (टीएमसीपी) के तहत संचालित विभिन्न गतिविधियों की प्रगति की समीक्षा की। इस दौरान उन्होंने सीलिंग एवं डिस्मेंटलिंग कार्यों हेतु चिन्हित स्थलों का निरीक्षण किया तथा संबंधित अधिकारियों से कार्यों की वर्तमान स्थिति की जानकारी प्राप्त की। उन्होंने टीएमसीपी के अंतर्गत आयोजित चिकित्सा शिविरों, वायु एवं जल गुणवत्ता निगरानी गतिविधियों की समीक्षा करते हुए पर्यावरणीय मानकों के प्रभावी अनुपालन तथा स्थानीय समुदायों के स्वास्थ्य संबंधी पहलुओं पर विशेष ध्यान देने की आवश्यकता पर बल दिया।
निदेशक (मा.सं) ने इस दौरान टीएमसीपी के अंतर्गत प्रस्तावित कौशल विकास कार्यक्रमों को शीघ्र गति से संचालित करने के निर्देश दिए और कहा कि स्थानीय लोगों के लिए आजीविका आधारित प्रशिक्षण कार्यक्रमों को प्राथमिकता के आधार पर आगे बढ़ाया जाना चाहिए, जिससे प्रभावित समुदायों को दीर्घकालिक लाभ सुनिश्चित हो सके।
महुदा ग्रुप ऑफ माइंस के परियोजना पदाधिकारी एवं प्रबंधक के साथ बैठक में उन्होंने टीएमसीपी से संबंधित सभी गतिविधियों को निर्धारित समयसीमा तथा सुरक्षा, पर्यावरण संरक्षण एवं सामाजिक दायित्वों को ध्यान में रखते हुए प्रभावी क्रियान्वयन सुनिश्चित के निर्देश दिए। इस अवसर पर कोयला भवन मुख्यालय एवं पश्चिमी झरिया क्षेत्र के अन्य वरिष्ठ अधिकारी उपस्थित रहे। बीसीसीएल प्रबंधन द्वारा टीएमसीपी गतिविधियों के प्रभावी क्रियान्वयन के माध्यम से पर्यावरण संरक्षण, सामाजिक उत्तरदायित्व एवं सतत विकास के प्रति अपनी प्रतिबद्धता को निरंतर सुदृढ़ किया जा रहा है।
