चंदौली से वाराणसी के लिए निकले 150 विशेष आवश्यकता वाले बच्चे
पराग डेयरी और पारले-जी बिस्किट फैक्ट्री की आधुनिक तकनीक देख चहके दिव्यांग बच्चे
चंदौली। जनपद के विशेष आवश्यकता वाले (CWSN) दिव्यांग बच्चों को व्यावहारिक ज्ञान और समाज की मुख्यधारा से जोड़ने के लिए शनिवार को एक शैक्षणिक भ्रमण (एक्सपोजर विजिट) का आयोजन किया गया। जिला बेसिक शिक्षा अधिकारी सचिन कुमार ने हरी झंडी दिखाकर बच्चों की बसों को गंतव्य के लिए रवाना किया। इस विशेष यात्रा में अलग-अलग दिव्यांगता वाले कुल 150 बच्चों ने भाग लिया। बच्चों को तीन समूहों में व्यावहारिक अनुभव दिलाने के लिए वाराणसी ले जाया गया। इनमें से 100 बच्चों ने रामनगर (वाराणसी) स्थित पराग डेयरी मिल्क प्लांट का भ्रमण कर दूध के पाश्चुरीकरण, प्रोसेसिंग और पैकेजिंग की बारीकियों को समझा। वहीं, 50 बच्चों के दल ने पारले-जी बिस्किट फैक्ट्री का भ्रमण कर स्वचालित मशीनों से बिस्किट निर्माण की आधुनिक तकनीक को करीब से देखा।
सफर के दौरान बच्चों की सुरक्षा और सहूलियत का पूरा ध्यान रखा गया। पूरी यात्रा में सहायक वित्त एवं लेखाधिकारी तथा समेकित शिक्षा के जिला समन्वयक सुनील कुमार गुप्ता ने स्वयं बच्चों के साथ रहकर उनका मार्गदर्शन किया। उनके साथ तैनात विशेष शिक्षकों ने भी बच्चों को हर प्रक्रिया सरल भाषा में समझाई। इस अवसर पर जिला बेसिक शिक्षा अधिकारी सचिन कुमार ने कहा कि दिव्यांग बच्चों के सर्वांगीण विकास के लिए केवल किताबी ज्ञान काफी नहीं है। ऐसे एक्सपोजर विजिट से बच्चों का मानसिक विकास होता है, दुनिया को देखने का नजरिया बदलता है और आत्मविश्वास मजबूत होता है। भ्रमण के दौरान फैक्ट्री व डेयरी प्रबंधन की ओर से बच्चों का गर्मजोशी से स्वागत किया गया तथा उन्हें स्वादिष्ट उत्पाद भी भेंट स्वरूप दिए गए।
