सोनभद्र, सिंगरौली। आरएलआई विंध्याचल द्वारा “प्राकृतिक चिकित्सा (नेचुरोपैथी)” विषय पर दो दिवसीय वेलनेस कार्यक्रम का आयोजन किया गया, जिसमें कर्मचारियों एवं उनके परिवार के सदस्यों ने उत्साहपूर्वक भाग लिया। कार्यक्रम का शुभारंभ परियोजना प्रमुख(विंध्याचल) संजीब कुमार साहा ने किया। उन्होंने अपने संबोधन में कहा कि आज के व्यस्त जीवन में शरीर, मन और आत्मा का संतुलन बनाए रखना अत्यंत आवश्यक है, तभी वास्तविक स्वास्थ्य प्राप्त किया जा सकता है।
कार्यक्रम में विशेषज्ञ प्रशिक्षक बेनी किंहा ने प्रतिभागियों को प्राकृतिक चिकित्सा के महत्व, तनाव प्रबंधन और रोगों से बचाव के लिए अपनाई जाने वाली प्राकृतिक विधियों के बारे में जानकारी दी। उन्होंने बताया कि नियमित दिनचर्या, संतुलित आहार और प्राकृतिक उपचार पद्धतियां अपनाकर बेहतर स्वास्थ्य हासिल किया जा सकता है।
इस अवसर पर अपर महाप्रबंधक(आरएलआई) डॉ. देबास्मिता त्रिपाठी ने सभी का स्वागत करते हुए कहा कि यह पहल लोगों को प्रकृति के साथ सामंजस्य स्थापित करने और पारंपरिक भारतीय जीवनशैली को अपनाने के लिए प्रेरित करती है। कार्यक्रम में प्रतिभागियों की सक्रिय भागीदारी देखने को मिली, जिससे सीखने और स्वास्थ्य के प्रति जागरूकता का सकारात्मक वातावरण बना। यह आयोजन आरएलआई विंध्याचल की कर्मचारियों के कल्याण और स्वस्थ कार्य संस्कृति को बढ़ावा देने की प्रतिबद्धता को दर्शाता है।
आरएलआई विंध्याचल में नेचुरोपैथी चिकित्सा पर दो दिवसीय वेलनेस कार्यक्रम का आयोजन
