मुजफ्फरपुर। एनटीपीसी कांटी में राजभाषा हिंदी के प्रचार-प्रसार एवं कार्यालयीन कार्यों में हिंदी के अधिकाधिक प्रयोग को प्रोत्साहित करने के उद्देश्य से 14 से 30 सितंबर तक आयोजित हिंदी पखवाड़ा-2026 का सफल समापन हुआ। पखवाड़े का शुभारंभ 14 सितंबर को एनटीपीसी कांटी के परियोजना प्रमुख पंकज कुमार गुप्ता ने किया था। पखवाड़े के दौरान कर्मचारियों, टाउनशिप की महिलाओं एवं बच्चों तथा सीआईएसएफ कार्मिकों के लिए निबंध, हिंदी प्रश्नोत्तरी, वाद-विवाद एवं हिंदी सुलेख सहित विभिन्न प्रतियोगिताओं का आयोजन किया गया। प्रतियोगिताओं में प्रतिभागियों ने उत्साहपूर्वक भाग लिया।
इस अवसर पर 25 सितंबर को “डिजिटल युग में राजभाषा हिंदी की भूमिका और संभावनाएं” विषय पर राजभाषा कार्यशाला का आयोजन किया गया। कार्यशाला में सिक्किम विश्वविद्यालय के हिंदी विभाग के सहायक प्राध्यापक डॉ. दिनेश साहू मुख्य अतिथि के रूप में उपस्थित रहे। उन्होंने डिजिटल माध्यमों में हिंदी के बढ़ते प्रयोग, इसकी उपयोगिता एवं संभावनाओं पर प्रतिभागियों को जानकारी दी तथा डिजिटल माध्यमों पर हिंदी के प्रभावी प्रयोग के लिए प्रोत्साहित किया। 30 सितंबर को आयोजित समापन समारोह में परियोजना प्रमुख पंकज कुमार गुप्ता ने एनटीपीसी कांटी की प्रथम राजभाषा पत्रिका का विमोचन किया। पत्रिका में कर्मचारियों की रचनात्मक प्रतिभा के साथ-साथ राजभाषा हिंदी से संबंधित गतिविधियों को भी स्थान दिया गया है। समारोह में विभिन्न प्रतियोगिताओं के विजेता कर्मचारियों को पुरस्कार प्रदान कर सम्मानित किया गया।
समापन समारोह को संबोधित करते हुए परियोजना प्रमुख श्री पंकज कुमार गुप्ता ने हिंदी पखवाड़े के सफल आयोजन के लिए सभी को बधाई दी। उन्होंने कहा कि हिंदी पखवाड़े का उद्देश्य केवल प्रतियोगिताओं तक सीमित नहीं है, बल्कि कार्यालयीन कार्यों में हिंदी के प्रति सहज वातावरण तैयार करना भी है। उन्होंने अधिकारियों एवं कर्मचारियों से दैनिक कार्यों में हिंदी के प्रयोग को बढ़ाने का आह्वान किया। इस अवसर पर कैलाश प्रसाद सतपथी, महाप्रबंधक (परिचालन एवं अनुरक्षण), उमेश कुमार, महाप्रबंधक (अनुरक्षण), प्रवीर रंजन देबबर्मा, महाप्रबंधक (सूचना प्रौद्योगिकी), अजय प्रसाद, अपर महाप्रबंधक (मानव संसाधन) सहित विभिन्न विभागों के विभागाध्यक्ष, अधिकारी एवं कर्मचारी उपस्थित रहे।
