जोशीमठ ।अग्नि आपदा प्रबंधन एवं अग्नि जनित आपातकालीन परिस्थितियों से प्रभावी ढंग से निपटने की तैयारियों को और अधिक सुदृढ़ बनाने के उद्देश्य से भारतीय सेना द्वारा एनटीपीसी तपोवन टाउनशिप परिसर में ‘म्यूचुअल एड स्कीम’ के अंतर्गत एक व्यापक संयुक्त मॉक ड्रिल का आयोजन किया गया।
मॉक ड्रिल का उद्देश्य विभिन्न विभागों एवं एजेंसियों के बीच बेहतर समन्वय स्थापित करना, आपातकालीन परिस्थितियों में त्वरित प्रतिक्रिया क्षमता का आकलन करना तथा उपलब्ध संसाधनों के प्रभावी एवं समन्वित उपयोग को सुनिश्चित करना था। इस दौरान एक काल्पनिक अग्नि आपदा की स्थिति उत्पन्न कर बचाव, राहत एवं चिकित्सा सहायता से जुड़ी सभी प्रक्रियाओं का व्यावहारिक प्रदर्शन किया गया।

अभ्यास में भारतीय सेना के विभिन्न अंगों (9 ओएमपी, वर्कशॉप कंपनी, मिलिटरी अस्पताल, आर्मी सप्लाइ कंपनी, सिग्नल कंपनी, पायोनियर कंपनी, मिलिटरी इंजीन्यरिंग सर्विसेस) के साथ एनटीपीसी तपोवन के सुरक्षा विभाग,यांत्रिकी अभियंत्रण विभाग के अग्निशमन दल, चिकित्सा विभाग, मानव संसाधन विभाग, तथा केंद्रीय औद्योगिक सुरक्षा बल (सीआईएसएफ),उत्तराखण्ड स्वास्थ्य विभाग, उत्तराखण्ड अग्नि शमन विभाग तथा जे पी ग्रुप के कुल 212 अधिकारियों एवं कर्मचारियों ने सक्रिय रूप से भाग लिया। निर्धारित कार्ययोजना के अनुरूप सभी टीमों ने त्वरित कार्रवाई करते हुए राहत एवं बचाव अभियान का सफल संचालन किया।
मॉक ड्रिल के दौरान अग्निशमन दल ने आग पर प्रभावी नियंत्रण की कार्यप्रणाली का प्रदर्शन किया, जबकि चिकित्सा दल ने घायलों को प्राथमिक उपचार उपलब्ध कराने एवं उन्हें सुरक्षित रूप से अस्पताल पहुंचाने की प्रक्रिया का अभ्यास किया। वहीं, सुरक्षा कर्मियों ने प्रभावित क्षेत्र को सुरक्षित करने, यातायात एवं भीड़ प्रबंधन की जिम्मेदारी का सफल निर्वहन किया। भारतीय सेना के अधिकारियों ने पूरे अभ्यास के दौरान आवश्यक दिशा-निर्देश प्रदान करते हुए विभिन्न विभागों के बीच उत्कृष्ट समन्वय सुनिश्चित किया।
इस संयुक्त मॉक ड्रिल ने यह स्पष्ट किया कि किसी भी आपदा की स्थिति में विभिन्न संस्थाओं के बीच समन्वय, त्वरित निर्णय क्षमता तथा सामूहिक प्रयास प्रभावी आपदा प्रबंधन की आधारशिला हैं। ऐसे नियमित अभ्यास कर्मचारियों की दक्षता, आत्मविश्वास एवं आपातकालीन परिस्थितियों में त्वरित प्रतिक्रिया देने की क्षमता को और अधिक मजबूत बनाते हैं।
कार्यक्रम के समापन पर अधिकारियों ने सभी प्रतिभागियों के उत्कृष्ट प्रदर्शन एवं समर्पित प्रयासों की सराहना की। साथ ही भविष्य में भी इस प्रकार के संयुक्त अभ्यासों का नियमित आयोजन जारी रखने पर बल दिया, ताकि जनसुरक्षा एवं आपदा प्रबंधन की तैयारियों को और अधिक प्रभावी बनाया जा सके।
