-हवन-पूजन कर न्याय और साहस के प्रतीक भगवान परशुराम को किया नमन
सोनभद्र। केंद्रीय ब्राह्मण महासभा, सोनभद्र के तत्वावधान में रविवार को बभनौली कालोनी, स्थित कार्यालय में परशुराम जयंती हर्षोल्लास के साथ मनाई गई। कार्यक्रम अध्यक्ष संजय मिश्रा की अगुवाई में संपन्न हुआ।
वैशाख शुक्ल तृतीया अक्षय तृतीया को भगवान विष्णु के छठे अवतार भगवान परशुराम के जन्मोत्सव के रूप में मनाया जाता है। पौराणिक मान्यताओं के अनुसार, भगवान परशुराम आठ चिरंजीवियों में से एक हैं और न्याय, साहस व धर्म के प्रतीक हैं। ऋषि जमदग्नि और माता रेणुका के घर जन्मे परशुराम जी को भगवान शिव से प्राप्त ‘फरसा’ धारण करने के कारण विशेष महत्व है। इस दिन उनकी पूजा से जीवन में आत्मविश्वास और साहस बढ़ता है।
कार्यक्रम में हवन-पूजन कर परशुराम जी के पराक्रम और शिक्षाओं का स्मरण किया गया। अध्यक्ष संजय मिश्रा ने कहा कि अक्षय तृतीया के साथ पड़ने वाला यह पावन दिन नई शुरुआत और दान-पुण्य के लिए अत्यंत शुभ है। इस मौके पर गजेंद्र दीक्षित, संदीप मिश्रा, मोहर देव पाण्डेय, विवेक कुमार पाण्डेय, रवि तिवारी, विमलेश कुमार तिवारी, संगम पाण्डेय, आलोक पति तिवारी, एस.एन. दुबे, राजू दुबे, अजय दुबे, वैभव दीक्षित, चंद्रकांत मिश्रा, रवि पाण्डेय, अमित मिश्रा, विक्की पाठक, शैलेन्द्र मिश्रा, सुनील चैबे, मुनि महेश शुक्ल, शिव प्रकाश पाण्डेय, तारा, पंकज देव पाण्डेय, सोनभद्र बार एसोसिएशन के संयुक्त सचिव (प्रकाशन) विवेक कुमार पाण्डेय, आलोक पाण्डेय, प्रफुल्ल तिवारी सहित सैकड़ों लोग उपस्थित रहे।
