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  • ज्ञान’ और ‘गति’ के ‘संकल्प’ से विकसित छत्तीसगढ़ की ओर बढ़ता ऐतिहासिक बजट – उपमुख्यमंत्री विजय शर्मा

    ज्ञान’ और ‘गति’ के ‘संकल्प’ से विकसित छत्तीसगढ़ की ओर बढ़ता ऐतिहासिक बजट – उपमुख्यमंत्री विजय शर्मा

    रायपुर,/ उपमुख्यमंत्री विजय शर्मा ने छत्तीसगढ़ के बजट 2026-27 को प्रदेश के उज्ज्वल भविष्य की दिशा में दूरदर्शी, संतुलित और विकासोन्मुख बजट बताया है। उन्होंने कहा कि यह बजट केवल आय-व्यय का लेखा-जोखा नहीं, बल्कि ‘ज्ञान’ और ‘गति’ के संकल्प के साथ विकसित छत्तीसगढ़ की सशक्त कार्ययोजना है। उन्होंने बताया कि पंचायत एवं ग्रामीण विकास विभाग के लिए 16 हजार 5 करोड़ रुपए से अधिक तथा गृह विभाग के लिए 8,380 करोड़ रुपए का प्रावधान राज्य सरकार की प्राथमिकताओं को स्पष्ट करता है। शिक्षा, कौशल विकास, अधोसंरचना, निवेश, अंत्योदय, आजीविका और कुशल मानव संसाधन निर्माण पर केंद्रित यह बजट सर्वस्पर्शी विकास का प्रतीक है। आवासहीनों को सम्मानजनक जीवन देने हेतु प्रधानमंत्री आवास योजना एवं विकसित भारत जी राम जी योजना के लिए 4-4 हजार करोड़ रुपए का प्रावधान राज्य की संवेदनशील और प्रतिबद्ध सरकार का प्रमाण है। उपमुख्यमंत्री ने कहा कि सशस्त्र नक्सलवाद के प्रभाव से उबरते बस्तर में अब विकास की नई धारा बहेगी। 1500 बस्तर फाइटरों की भर्ती स्थानीय युवाओं को रोजगार के अवसर प्रदान करेगी। अबूझमाड़ और जगरगुंडा में 100 करोड़ रुपए की लागत से स्थापित होने वाली एजुकेशन सिटी क्षेत्र के शैक्षणिक परिदृश्य को नई दिशा देगी।

    प्रधानमंत्री जनमन योजना के अंतर्गत 500 करोड़ रुपए के सड़क निर्माण और 200 करोड़ रुपए के आवास निर्माण हेतु तथा धरती आबा जनजातीय ग्राम उत्कर्ष अभियान के लिए 200 करोड़ रुपए का प्रावधान जनजातीय अंचलों के समग्र उत्थान का मार्ग प्रशस्त करेगा।

    मुख्यमंत्री एआई मिशन के माध्यम से एआई टैलेंट विकास, स्टार्टअप प्रोत्साहन और सेंटर ऑफ एक्सीलेंस की स्थापना का लक्ष्य छत्तीसगढ़ को राष्ट्रीय ही नहीं, वैश्विक एआई मानचित्र पर स्थापित करेगा। मुख्यमंत्री स्टार्ट-अप एवं निपुण (NIPUN) मिशन युवाओं को जॉब-सीकर से जॉब-क्रिएटर बनाने की दिशा में नई संभावनाएं खोलेगा। बवरिष्ठ नागरिकों की गरिमा, स्वास्थ्य और सामाजिक सहभागिता बनाने के लिए प्रदेश के प्रत्येक जिला मुख्यालय में ‘सियान गुड़ी’ को वरिष्ठ नागरिकों के डे-केयर सेंटर के रूप में विकसित किया जाएगा जो समाज के विकास में एक बेहतर कदम है। उपमुख्यमंत्री विजय शर्मा ने विश्वास व्यक्त किया कि यह बजट प्रदेश की अर्थव्यवस्था को नई गति देगा, युवाओं को व्यापक अवसर प्रदान करेगा और ग्रामीण-शहरी संतुलन के साथ छत्तीसगढ़ को विकसित राज्य बनाने की दिशा में मार्ग प्रशस्त करेगा।

  • किसानों, गरीबों और कमजोर वर्गों के विकास के लिए मील का पत्थर साबित होगा बजट – मंत्री राम विचार नेताम

    किसानों, गरीबों और कमजोर वर्गों के विकास के लिए मील का पत्थर साबित होगा बजट – मंत्री राम विचार नेताम

    रायपुर, /कृषि और आदिम जाति विकास मंत्री राम विचार नेताम ने वित्त मंत्री ओ.पी. चौधरी द्वारा सदन में वित्तीय वर्ष 2026-27 के लिए प्रस्तुत 1 लाख 72 हजार करोड़ रुपये का बजट ‘संकल्प’ पर प्रतिक्रिया देते हुए कहा कि बजट संकल्प राज्य के किसानों गरीबों और कमजोर वर्गों के विकास के लिए मील का पत्थर का साबित होगा। उन्होंने कहा कि मुख्यमंत्री श्री विष्णु देव साय के नेतृत्व में राज्य की चहुमुखी विकास हो रहा है। विगत वर्षो में प्रस्तुत बजट, ज्ञान, गति के बाद अब संकल्प राज्य के उत्तरोतर विकास के लिए राह आसान करेगी। इसके साथ ही यशस्वी प्रधानमंत्री श्री नरेंद्र मोदी के विकसित भारत /2047 की संकल्पों को पूरा करने में भी सहायक होगी। 

    मंत्री श्री नेताम ने कहा कि यह बजट राज्य की संस्कृति और अर्थव्यवस्था के आधार स्तंभ कृषि को मजबूत करने वाला है। धरती आबा जनजातीय ग्राम उत्कर्ष अभियान के लिए 200 करोड़ रुपये का प्रावधान किया गया है जो आदिवासी बहुल क्षेत्रों में समग्र विकास सुनिश्चित करेगा। जनजातीय सुरगुड़ी स्टूडियो के लिए बजट प्रावधान किया गया है। अनुसूचित जाति विकास प्राधिकरण की राशि को 50 करोड़ से बढ़ाकर 75 करोड़ किया गया है। अन्य पिछड़ा वर्ग विकास प्राधिकरण के लिए 80 करोड़ का प्रावधान है। पिछड़ा वर्ग के हित में विभागाध्यक्ष भवन के लिए बजट प्रावधान किया गया है। प्रधानमंत्री जनमन योजना के अंतर्गत 500 करोड़ रुपये तथा आवास निर्माण के लिए 200 करोड़ का प्रावधान है। अनुसूचित जनजाति बहुल ग्राम पंचायतों में बैगा एवं पुजारी के लिए 3 करोड़ का प्रावधान किया गया है। निश्चित ही यह बजट राज्य के लोगों को आर्थिक रूप से सशक्त करने में अहम भूमिका निभाएगी।  एकीकृत वाटरशेड प्रबंधन कार्यक्रम के लिए 170 करोड़ रुपये, कृषक समग्र विकास योजना के लिए 150 करोड़ रुपये, पीएम कृषि सिंचाई योजना के लिए 130 करोड़ रुपये, राष्ट्रीय कृषि विकास योजना के लिए 130 करोड़ रुपये, पीएम मत्स्य संपदा योजना के लिए 200 करोड़ रुपये, डेयरी विकास के लिए 90 करोड़ रुपये समग्र पशु संवर्धन योजना के लिए 8 करोड़ रुपये तथा पशुओं को साल भर हरा चारा उपलब्ध कराने के लिए हरा चारा उत्पादन हेतु 10 करोड़ रुपये का प्रावधान किया गया है। यह बजट किसानों की आय बढ़ाने सिंचाई बीमा और पशुपालन को मजबूत करने पर केंद्रित है जो राज्य की ग्रामीण अर्थव्यवस्था को नई गति देगा। आदिवासी और पिछड़े वर्गों के उत्थान से समावेशी विकास सुनिश्चित होगा।

  • बच्चों को मिल रहा पौष्टिक आहार विद्यालय की बगिया से….

    बच्चों को मिल रहा पौष्टिक आहार विद्यालय की बगिया से….

    रायपुर, / विद्यालय की बगिया से थाली तक एक अनूठी पहल है, जिसमें छात्र स्कूल परिसर में उगी ताजी, जैविक सब्जियां सीधे अपने मिड-डे मील (मध्याह्न भोजन) में खाते हैं। यह न केवल पौष्टिक आहार सुनिश्चित करता है, बल्कि छात्रों को प्रकृति, श्रम और खेती का व्यावहारिक ज्ञान भी देता है, जिससे वे आत्मनिर्भर बनते हैं।

    छत्तीसगढ़ के सूरजपुर जिले के रामानुजनगर के विद्यालयों में किचन गार्डन की एक अनूठी पहल बच्चों के पोषण और व्यावहारिक शिक्षा दोनों को नई दिशा दे रही है। जिला शिक्षा अधिकारी के निर्देशन एवं विकास खंड शिक्षा अधिकारी के मार्गदर्शन में संचालित इस योजना के अंतर्गत माध्यमिक शाला पतरापाली का किचन गार्डन पोषण सुदृढ़ीकरण का एक प्रेरक उदाहरण बनकर उभरा है। विद्यालय परिसर में शिक्षकों के मार्गदर्शन में विकसित इस बगीचे से नियमित रूप से ताज़ी एवं पौष्टिक सब्जियाँ प्राप्त हो रही हैं, जिन्हें मध्यान्ह भोजन में शामिल कर विद्यार्थियों को अतिरिक्त पोषण प्रदान किया जा रहा है। इसी कड़ी में आज विद्यार्थियों ने उत्साहपूर्वक किचन गार्डन से लगभग 4 किलोग्राम ताज़ी सेमी (फली) की तुड़ाई की।

    बच्चों ने स्वयं पौधों की देखभाल, सिंचाई, निदाई-गुड़ाई और तुड़ाई जैसी गतिविधियों में सक्रिय भागीदारी निभाई, जिससे उन्होंने श्रम का महत्व तो समझा ही, साथ ही कृषि एवं पर्यावरण के प्रति व्यावहारिक ज्ञान भी अर्जित किया। विद्यालय के शिक्षक योगेश साहू ने बताया कि इस योजना का मुख्य उद्देश्य विद्यार्थियों को पोषणयुक्त भोजन उपलब्ध कराना, जैविक खेती के प्रति जागरूकता फैलाना और उन्हें व्यवहारिक शिक्षा से जोड़ना है। ताज़ी सब्जियों के उपयोग से मध्यान्ह भोजन की गुणवत्ता और पौष्टिकता दोनों में उल्लेखनीय वृद्धि हुई है, जिसका बच्चों के स्वास्थ्य पर सकारात्मक प्रभाव स्पष्ट रूप से दिख रहा है।

      विद्यालय परिवार का मानना है कि इस प्रकार की गतिविधियाँ बच्चों में प्रकृति प्रेम, जिम्मेदारी और आत्मनिर्भरता की भावना विकसित करती हैं। इस अवसर पर विद्यालय के शिक्षक कृष्णकुमार यादव, अनिता सिंह, योगेश साहू, रघुनाथ जायसवाल सहित अभिभावकगण एवं स्थानीय समुदाय के सदस्य उपस्थित रहे। अभिभावकों ने विद्यालय प्रबंधन और शिक्षकों की इस पहल की भूरि-भूरि प्रशंसा करते हुए कहा कि ऐसी योजनाएँ बच्चों के स्वास्थ्य और भविष्य दोनों के लिए अत्यंत लाभकारी हैं। विद्यालय प्रशासन ने संकल्प व्यक्त किया है कि आगे भी किचन गार्डन में विभिन्न मौसमी सब्जियों की खेती जारी रखी जाएगी, ताकि बच्चों को पोषण और ज्ञान दोनों निरंतर मिलते रहें।

  • पीएम आवास योजना गरीबों के सम्मान, सुरक्षा और बेहतर जीवन की आधारशिला,शिथिलता न बरती जाए – ए. के. शर्मा

    पीएम आवास योजना गरीबों के सम्मान, सुरक्षा और बेहतर जीवन की आधारशिला,शिथिलता न बरती जाए – ए. के. शर्मा

    नगर विकास एवं ऊर्जा मंत्री ए के शर्मा ने संगम सभागार, लखनऊ में नगर विकास विभाग की विभिन्न योजनाओं की समीक्षा की, पीएम आवास योजना को सर्वोच्च प्राथमिकता, समयबद्धता और पारदर्शिता के स्पष्ट निर्देश*

    *लंबित कार्यों में तेजी लाकर गुणवत्ता सुनिश्चित कराने के दिए निर्देश*

    लखनऊ,/ नगर विकास एवं ऊर्जा मंत्री ए के शर्मा ने संगम सभागार, लखनऊ में नगर विकास विभाग की विभिन्न महत्वपूर्ण योजनाओं की विस्तृत समीक्षा की। बैठक में उन्होंने स्पष्ट निर्देश दिए कि सभी योजनाओं को प्राथमिकता, पारदर्शिता और निर्धारित समय-सीमा के भीतर पूर्ण किया जाए। उन्होंने कहा कि प्रदेश सरकार की मंशा है कि शहरी विकास की योजनाओं का लाभ अंतिम व्यक्ति तक पहुंचे और इसमें किसी भी स्तर पर लापरवाही या शिथिलता न होने पाए।

    बैठक के दौरान मंत्री श्री शर्मा ने विशेष रूप से प्रधानमंत्री आवास योजना शहरी की प्रगति की गहन समीक्षा की। उन्होंने अधिकारियों को निर्देशित किया कि पात्र लाभार्थियों को समय से आवास उपलब्ध कराना सर्वोच्च प्राथमिकता होनी चाहिए। लंबित आवासों के निर्माण कार्य को शीघ्र पूर्ण कराया जाए तथा जिन लाभार्थियों की किस्तें लंबित हैं, उनका भुगतान तत्काल सुनिश्चित किया जाए। उन्होंने अपात्र व्यक्तियों को सूची से हटाकर वास्तविक पात्रों को जोड़ने, निर्माण कार्यों की गुणवत्ता बनाए रखने तथा नियमित भौतिक सत्यापन कराने के निर्देश दिए। मंत्री श्री शर्मा ने कहा कि पीएम आवास योजना गरीबों के सम्मान, सुरक्षा और बेहतर जीवन की आधारशिला है, इसलिए इसमें किसी प्रकार की शिथिलता न बरती जाए।उन्होंने कहा कि जिन जनपदों में सत्यापन की कार्यवाही लंबित है वहां जिलाधिकारियों से वार्ता कर उनमें तेजी लाई जाए।

    समीक्षा के दौरान मंत्री श्री शर्मा ने आकांक्षी नगर योजना, सीएम ग्रिड योजना, कान्हा गौशाला योजना एवं सीएम वैश्विक नगरोदय योजना की प्रगति की जानकारी ली और शेष कार्यों को तेजी से पूर्ण कराने के निर्देश दिए। उन्होंने कहा कि आकांक्षी नगर योजना के अंतर्गत चयनित नगरों में आधारभूत सुविधाओं को सुदृढ़ किया जाए, सीएम ग्रिड योजना के तहत शहरी अधोसंरचना को आधुनिक तकनीक से जोड़ा जाए, कान्हा गौशाला योजना में गौवंश संरक्षण एवं सुव्यवस्थित संचालन सुनिश्चित किया जाए तथा सीएम वैश्विक नगरोदय योजना के माध्यम से शहरों को वैश्विक मानकों के अनुरूप विकसित किया जाए।

    मंत्री श्री शर्मा ने सभी अधिकारियों को निर्देशित किया कि योजनाओं की नियमित मॉनिटरिंग सुनिश्चित की जाए, जिला एवं नगर स्तर पर जवाबदेही तय की जाए और प्रगति रिपोर्ट समय से प्रस्तुत की जाए। उन्होंने कहा कि विकास कार्यों में पारदर्शिता, गुणवत्ता और गति—इन तीनों का समन्वय ही प्रदेश के शहरी क्षेत्रों को सशक्त और सुव्यवस्थित बनाएगा। बैठक में प्रमुख सचिव पी. गुरु प्रसाद, सचिव अनुज झा, रविंद्र कुमार प्रथम, विशेष सचिव प्रवीण लक्ष्यकार, सत्य प्रकाश पटेल, महेंद्र कुमार सिंह, निदेशक सूडा श्रीमती अपूर्वा दुबे सहित अन्य वरिष्ठ अधिकारी उपस्थित रहे।

  • महतारी गौरव वर्ष’ में मातृशक्ति को समर्पित ऐतिहासिक बजट – श्रीमती लक्ष्मी राजवाड़े

    महतारी गौरव वर्ष’ में मातृशक्ति को समर्पित ऐतिहासिक बजट – श्रीमती लक्ष्मी राजवाड़े

    *महिलाओं की सुरक्षा, स्वाभिमान और आत्मनिर्भरता को मिला सशक्त आधार*

    *रानी दुर्गावती योजना से बेटियों को 1.50 लाख रुपए की सहायता*

     *मुख्यमंत्री लखपति दीदी भ्रमण योजना से महिला उद्यमिता को प्रोत्साहन*

    रायपुर, / छत्तीसगढ़ विधानसभा में वर्ष 2026-27 का बजट प्रस्तुत होने के बाद महिला एवं बाल विकास तथा समाज कल्याण मंत्री लक्ष्मी राजवाड़े ने इसे ‘महतारी गौरव वर्ष’ के संकल्पों को साकार करने वाला ऐतिहासिक और दूरदर्शी बजट बताया। उन्होंने कहा कि वित्त मंत्री श्री ओपी चौधरी द्वारा प्रस्तुत यह बजट मुख्यमंत्री श्री विष्णु देव साय के नेतृत्व में मातृशक्ति के सम्मान, सुरक्षा और आर्थिक सशक्तिकरण को समर्पित है। मंत्री श्रीमती राजवाड़े ने कहा कि यह बजट केवल आंकड़ों का दस्तावेज नहीं, बल्कि प्रदेश की माताओं, बहनों और बेटियों के आत्मविश्वास को सशक्त करने का ठोस खाका है। सरकार ने महिलाओं और बालिकाओं की शिक्षा, स्वास्थ्य, पोषण, सुरक्षा और आर्थिक स्वावलंबन को नीति के केंद्र में रखकर समावेशी विकास का स्पष्ट संदेश दिया है।

    *महिला उद्यमिता को नया आयाम*

    मंत्री श्रीमती राजवाड़े ने बताया कि मुख्यमंत्री लखपति दीदी भ्रमण योजना के लिए 5 करोड़ रुपये का प्रावधान किया गया है। इस योजना के माध्यम से स्व-सहायता समूहों से जुड़ी महिलाओं को राज्य एवं देश के सफल आजीविका मॉडलों का अध्ययन, प्रशिक्षण और कौशल उन्नयन का अवसर मिलेगा। इससे ग्रामीण अर्थव्यवस्था को गति मिलेगी और महिला उद्यमिता को नई दिशा प्राप्त होगी।

    *सुरक्षित और सशक्त सामाजिक ढांचा*

    महिलाओं के लिए सुरक्षित, सहयोगात्मक और प्रेरक वातावरण तैयार करने हेतु 250 महतारी सदनों के निर्माण के लिए 75 करोड़ रुपये का प्रावधान किया गया है। ये सदन महिला संवाद, प्रशिक्षण, परामर्श और सामाजिक सहयोग के केंद्र के रूप में विकसित किए जाएंगे, जिससे ग्रामीण और शहरी दोनों क्षेत्रों में महिलाओं को सशक्त मंच मिलेगा।

    *पोषण और प्रारंभिक शिक्षा को मजबूती*

    प्रदेश में 500 नए आंगनबाड़ी केंद्रों के निर्माण हेतु 42 करोड़ रुपये का प्रावधान किया गया है। इससे बच्चों, किशोरियों एवं गर्भवती माताओं को बेहतर पोषण, स्वास्थ्य सेवाएं और प्रारंभिक शिक्षा सुविधाएं मिलेंगी। सरकार का लक्ष्य कुपोषण के विरुद्ध अभियान को और अधिक प्रभावी बनाना है।

    *बेटियों के भविष्य को आर्थिक संबल*

    मंत्री श्रीमती राजवाड़े ने विशेष रूप से रानी दुर्गावती योजना का उल्लेख करते हुए बताया कि 18 वर्ष पूर्ण करने पर पात्र बालिकाओं को 1.50 लाख रुपये की आर्थिक सहायता प्रदान की जाएगी। यह सहायता उच्च शिक्षा, कौशल विकास और आत्मनिर्भर जीवन की दिशा में महत्वपूर्ण कदम साबित होगी। उन्होंने कहा कि यह पहल बेटियों के सम्मान और सुरक्षित भविष्य का मजबूत आधार बनेगी।

    *सामाजिक न्याय और समावेशी विकास की दिशा में ठोस कदम*

    मंत्री श्रीमती लक्ष्मी राजवाड़े ने कहा, “महतारी गौरव वर्ष केवल उत्सव नहीं, बल्कि माताओं और बेटियों के स्वाभिमान, अधिकार और सशक्तिकरण का संकल्प है। यह बजट सामाजिक न्याय, समान अवसर और संवेदनशील शासन की प्रतिबद्धता को दर्शाता है। उन्होंने विश्वास व्यक्त किया कि यह बजट छत्तीसगढ़ को महिला सशक्तिकरण के क्षेत्र में राष्ट्रीय स्तर पर नई पहचान दिलाएगा तथा आने वाले वर्षों में लाखों महिलाओं और बालिकाओं के जीवन में सकारात्मक परिवर्तन का मार्ग प्रशस्त करेगा।

  • राज्य पिछड़ा वर्ग आयोग सदस्य ने की जनसुनवाई :  कल्याणकारी योजनाओं पर अधिकारियों को आवश्यक निर्देश दिए

    राज्य पिछड़ा वर्ग आयोग सदस्य ने की जनसुनवाई : कल्याणकारी योजनाओं पर अधिकारियों को आवश्यक निर्देश दिए

    चन्दौली। सत्येन्द्र कुमार बारी (बीनू), सदस्य, राज्य पिछड़ा वर्ग आयोग, उत्तर प्रदेश ने जनपद भ्रमण के दौरान जनसुनवाई की। उन्होंने उपस्थित फरियादियों की समस्याओं को सुना और संबंधित अधिकारियों को उनके समुचित निस्तारण के लिए आवश्यक निर्देश दिए। जनसुनवाई के बाद पीडब्ल्यूडी गेस्ट हाउस में प्रेस वार्ता भी आयोजित की गई। आयोग सदस्य ने जिला बेसिक शिक्षा अधिकारी से कहा कि सरकार की मंशा के अनुरूप सभी बच्चों को शिक्षा दिलाना सबकी जिम्मेदारी है। उन्होंने पिछड़े वर्ग सहित सभी बच्चों को स्कूलों से जोड़ने और उनकी शिक्षा को बेहतर बनाने पर जोर दिया। उन्होंने अभिभावकों को सरकारी स्कूलों की हाई-टेक व्यवस्था, स्मार्ट क्लास और अन्य सुविधाओं के बारे में जागरूक करने के लिए प्रेरित किया, ताकि वे अपने बच्चों को सरकारी स्कूलों में भेजें।

    श्री बारी ने बताया कि वर्तमान में स्कूलों में पर्याप्त शिक्षक हैं, शिक्षा की गुणवत्ता में सुधार हुआ है। बच्चों के लिए स्मार्ट क्लास, बेहतर साफ-सफाई, खेलकूद के मैदान, गुणवत्तापूर्ण दोपहर का भोजन और शुद्ध पेयजल जैसी आवश्यक व्यवस्थाएं की गई हैं। उन्होंने यह भी बताया कि सरकार द्वारा संचालित अभ्युदय कोचिंग सेंटर से प्रतियोगी परीक्षाओं की तैयारी कर रहे छात्रों को भी लाभ मिल रहा है।उन्होंने ‘आयोग आपके द्वारा’ अभियान का उल्लेख करते हुए बताया कि आयोग गांव-गांव जाकर लोगों को उनके अधिकारों के प्रति जागरूक कर रहा है और विस्तृत जानकारी दे रहा है।  श्री बारी ने जिला पिछड़ा वर्ग कल्याण अधिकारी, जिला समाज कल्याण अधिकारी, जिला प्रोबेशन अधिकारी और जिला दिव्यांगजन अधिकारी को निर्देश दिए कि वे अपने-अपने विभागों द्वारा संचालित सभी जनकल्याणकारी योजनाओं का बेहतर प्रचार-प्रसार करें। इसका उद्देश्य लोगों को इन योजनाओं के प्रति जागरूक करना और उन्हें लाभान्वित करना है।

  • मिलावट खोरों पर कार्रवाईः खाद्य सुरक्षा विभाग ने शुरू की सघन जांच, नमकीन फैक्ट्री पर छापा

    मिलावट खोरों पर कार्रवाईः खाद्य सुरक्षा विभाग ने शुरू की सघन जांच, नमकीन फैक्ट्री पर छापा

    चन्दौली। होली के त्योहार से पहले मिलावटी खाद्य पदार्थों के खिलाफ सघन जांच अभियान शुरू किया गया है। खाद्य सुरक्षा विभाग की टीम ने खोवा, पनीर और नमकीन फैक्ट्रियों पर छापेमारी कर नमूने लिए हैं। यह कार्रवाई आयुक्त खाद्य सुरक्षा एवं औषधि प्रशासन उत्तर प्रदेश और जिलाधिकारी चंद्र मोहन गर्ग के आदेश पर की जा रही है। अभियान के पहले चरण में खाद्य सुरक्षा मोबाइल प्रयोगशाला के माध्यम से आम जनता और खाद्य कारोबारियों को खाद्य सुरक्षा के प्रति जागरूक किया गया। विभाग ने खोवा व्यापारियों को विशेष रूप से चेतावनी दी है कि वे न तो मिलावटी खोवा खरीदें और न ही बेचें। विभाग ने स्पष्ट किया है कि यदि जनपद में कहीं भी मिलावटी खोया, पनीर, नमकीन या खाद्य तेल की बिक्री या परिवहन पाया जाता है, तो खाद्य सुरक्षा मानक अधिनियम 2006 की उचित धाराओं के तहत दंडात्मक कार्रवाई की जाएगी।

    इसी क्रम में, उप जिलाधिकारी सदर चंदौली के निर्देश पर खाद्य सुरक्षा विभाग की टीम ने पड़ाव स्थित एक नमकीन फैक्ट्री पर छापा मारा। टीम ने नमकीन और बेसन के दो नमूने एकत्र किए हैं, जिन्हें जांच के लिए खाद्य प्रयोगशाला भेजा गया है।

    आम जनता से अपील की गई है कि यदि उन्हें जनपद के किसी भी क्षेत्र में मिलावटी खाद्य पदार्थ की सूचना मिलती है, तो वे विभाग के मोबाइल नंबर 8887890254 पर सूचित करें। आज की टीम का नेतृत्व चंदौली के मुख्य खाद्य सुरक्षा अधिकारी के.एन. त्रिपाठी ने किया, जिसमें खाद्य सुरक्षा अधिकारी रणधीर सिंह और पुलिस बल भी शामिल थे।

  • भारत निर्वाचन आयोग एवं राज्य निर्वाचन आयुक्तों का राष्ट्रीय राउंड टेबल सम्मेलन संपन्न

    भारत निर्वाचन आयोग एवं राज्य निर्वाचन आयुक्तों का राष्ट्रीय राउंड टेबल सम्मेलन संपन्न

    रायपुर, / भारत निर्वाचन आयोग एवं राज्य निर्वाचन आयुक्तों का एक दिवसीय राष्ट्रीय राउंड टेबल सम्मेलन “भारत मंडपम” नई दिल्ली में मंगलवार, 24 फरवरी 2026 को आयोजित हुआ । उक्त सम्मेलन भारत निर्वाचन आयोग के मुख्य निर्वाचन आयुक्त ज्ञानेश कुमार की अध्यक्षता में हुआ। सम्मेलन में छत्तीसगढ़ के राज्य निर्वाचन आयुक्त अजय सिंह सहित देश के सभी राज्यों के राज्य निर्वाचन आयुक्त ,  मुख्य निर्वाचन पदाधिकारी एवं राज्य निर्वाचन आयोग के अधिकारी उपस्थित रहे।सम्मेलन मुख्य रूप से राज्यों में स्थानीय निकाय के निर्वाचन कराये जाने हेतु भारत निर्वाचन आयोग और राज्य निर्वाचन आयोग के मध्य समन्वय बढ़ाने के लिए आयोजित किया गया। सम्मेलन में अजय सिंह राज्य निर्वाचन आयुक्त ने अपने सम्बोधन में कहा कि स्थानीय चुनाव हेतु निर्वाचक नामावली तैयार करने के लिए भारत निर्वाचन आयोग क़ी विधान सभा क़ी निर्वाचक नामावली का डाटा शीघ्रातिशीघ्र एवं यथासंभव 7 दिवस के भीतर प्राप्त होना चाहिए ताकि राज्य निर्वाचन आयोग  नगरीय एवं पंचायत चुनाव के लिए निर्वाचक नामावली निर्धारित समय में तैयार कराकर चुनाव संपन्न करा सके . उन्होंने यह भी अनुरोध किया कि भारत निर्वाचन आयोग द्वारा संसाधनों के सदुपयोग की दृष्टि से राज्यों की आवश्यकता अनुसार इलेक्ट्रॉनिक वोटिंग मशीन (ई वी एम ) उपलब्ध कराया जाना चाहिए । अजय सिंह ने यह भी बताया कि जनवरी -फरवरी 2025 में छत्तीसगढ़ के नागरीय एवं पंचायतों के लिए चुनाव एक साथ 36 दिनों में सफलतापूर्वक संपन्न कराये गए।भारत निर्वाचन आयोग के मुख्य निर्वाचन आयुक्त ज्ञानेश कुमार ने अपने सम्बोधन में कहा कि राज्यों के निर्वाचन आयोगों द्वारा उठाये गए सभी बिंदुओं पर विचार उपरांत भारत निर्वाचन आयोग द्वारा शीघ्र निर्णय लिए जाने हेतु भी आश्वस्त किया गया. सम्मेलन में छत्तीसगढ़ के मुख्य निर्वाचन पदाधिकारी यशवन्त कुमार राज्य निर्वाचन आयोग के उप सचिव आलोक कुमार श्रीवास्तव एवं आई टी विशेषज्ञ डॉ सत्यकाम बेहार उपस्थित रहे।

  • मानदेय वृद्धि पर शिक्षामित्रों ने जताई खुशी, रामलीला मैदान में मिठाई बांटकर जताया आभार

    मानदेय वृद्धि पर शिक्षामित्रों ने जताई खुशी, रामलीला मैदान में मिठाई बांटकर जताया आभार

    सोनभद्र। राबर्ट्सगंज के रामलीला मैदान में आज शिक्षामित्रों के चेहरों पर खुशी साफ दिखाई दी। प्रदेश सरकार द्वारा मानदेय में आठ हजार रुपये की वृद्धि की घोषणा के बाद शिक्षामित्रों ने अनोखे अंदाज में आभार जताया। सांकेतिक रूप से मुख्यमंत्री को मिठाई खिलाई गई और एक-दूसरे का मुंह मीठा कर खुशी साझा की गई।

    मुख्यमंत्री योगी आदित्यनाथ द्वारा शिक्षामित्रों का मानदेय दस हजार से बढ़ाकर अठारह हजार रुपये प्रतिमाह करने की घोषणा के बाद शिक्षामित्रों में उत्साह है।शिक्षामित्र संघ के जिला अध्यक्ष वकील अहमद खान ने इसे लंबे संघर्ष की जीत बताया। उन्होंने कहा कि इस निर्णय से न केवल आर्थिक स्थिति में सुधार होगा, बल्कि मनोबल भी बढ़ेगा। शिक्षामित्रों ने भरोसा दिलाया कि वे और अधिक समर्पण और जिम्मेदारी के साथ अपने शैक्षिक दायित्वों का निर्वहन करेंगे।

  • रेलवे ट्रैक पर 25 वर्षीय महिला का शव मिलने से सनसनी

    रेलवे ट्रैक पर 25 वर्षीय महिला का शव मिलने से सनसनी

    सोनभद्र। दुद्धी कोतवाली क्षेत्र के कटौन्धी गांव के पास रेलवे ट्रैक पर 25 वर्षीय महिला का शव मिलने से इलाके में सनसनी फैल गई। रेलवे पोल संख्या 90/23 के पास औंधे मुंह पड़ी महिला की पहचान मनबस पत्नी बिशुन गोंड निवासी कटौन्धी, पोस्ट झारो कला के रूप में हुई।देव रात्रि रेलवे पुलिस की सूचना पर ग्राम प्रधान प्रतिनिधि सोमनाथ मरकाम मौके पर पहुंचे, जहां ट्रैक के बीच शव पड़ा मिला। परिजनों के अनुसार मनबस सोमवार शाम से घर नहीं लौटी थी। ग्रामीणों ने बताया कि शाम करीब पांच बजे उसे रेलवे ट्रैक के बीच कबाड़ बीनते देखा गया था। आशंका जताई जा रही है कि इसी दौरान वह किसी ट्रेन की चपेट में आ गई।सूचना मिलते ही स्थानीय पुलिस मौके पर पहुंची, शव को कब्जे में लेकर पोस्टमार्टम के लिए भेज दिया और मामले की जांच शुरू कर दी। घटना के बाद परिजनों में कोहराम मचा है। मृतका की एक बेटी है, जबकि उसका पति बाहर मजदूरी करता है। पुलिस सभी पहलुओं पर जांच कर रही है।