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  • बीएसएल इंटर-डिपार्टमेंटल क्रिकेट चैम्पियनशिप 2026 का शुभारंभ

    बीएसएल इंटर-डिपार्टमेंटल क्रिकेट चैम्पियनशिप 2026 का शुभारंभ

    बोकारो ।इस्पात संयंत्र इंटर-डिपार्टमेंटल क्रिकेट चैम्पियनशिप-2026 का शुभारंभ दिनांक 17 फरवरी 2026 को बीएसएल क्रिकेट स्टेडियम में हुआ। कार्यक्रम के मुख्य अतिथि, मुख्य महाप्रबंधक (नगर प्रशासन)कुंदन कुमार ने प्रतियोगिता का औपचारिक उद्घाटन किया। इस अवसर पर महाप्रबंधक (सीईडी)  ए. के. अविनाश सहित बड़ी संख्या में खेल प्रेमी एवं कर्मचारी उपस्थित रहे।

    मुख्य अतिथि  कुमार ने खिलाड़ियों से परिचय प्राप्त किया और अपने संबोधन में कहा कि इस प्रकार की खेल प्रतियोगिताएँ कर्मचारियों के बीच टीम भावना, आपसी सहयोग और स्वस्थ प्रतिस्पर्धा को प्रोत्साहित करती हैं। उन्होंने सभी प्रतिभागियों को उत्कृष्ट प्रदर्शन के लिए प्रेरित करते हुए अपनी शुभकामनाएँ दीं।

    उद्घाटन मैच में मिल ज़ोन-1 और एसआरयू के बीच रोमांचक मुकाबला हुआ, जिसमें मिल ज़ोन-1 ने 6 विकेट से शानदार जीत दर्ज की। वहीं, दूसरे मुकाबले में जेजीओएम की टीम ने सर्विसेज को 6 विकेट से पराजित कर उत्कृष्ट प्रदर्शन का परिचय दिया।

    उल्लेखनीय है कि इस प्रतियोगिता में कुल 16 विभागीय टीमें भाग ले रही हैं, जिन्हें दो समूहों में विभाजित किया गया है। प्रतियोगिता का फाइनल मुकाबला 27 मार्च 2026 को खेला जाएगा।

  • सेल बड़ी छलांग की ओर : बेहतर वित्तीय सूझबूझ से 200 लाख टन बिक्री का तय किया नया लक्ष्य

    सेल बड़ी छलांग की ओर : बेहतर वित्तीय सूझबूझ से 200 लाख टन बिक्री का तय किया नया लक्ष्य

    बोकारो। भारत की सबसे बड़ी सार्वजनिक इस्पात कंपनी, स्टील अथॉरिटी ऑफ इंडिया लिमिटेड (सेल), भविष्य के लिए एक नई और मजबूत योजना पर काम कर रही है. कंपनी का मुख्य उद्देश्य अपनी वित्तीय स्थिति को सुधारना और बाजार में अपनी पकड़ मजबूत करना है. सेल का सबसे बड़ा लक्ष्य अपने ऋण को कम करना है. इससे कंपनी के पास भविष्य के बड़े निवेशों (CAPEX) के लिए ज्यादा पैसा और आजादी होगी. कंपनी अपनी उत्पादन लागत को कम करने और वित्तीय अनुशासन बनाए रखने पर ध्यान दे रही है ताकि मुनाफा बढ़ाया जा सके.

    सेल अपनी पहुंच बढ़ा रही है ताकि देश में स्टील की बढ़ती मांग का फायदा उठाया जा सके. कंपनी ने अपनी इस तरक्की को मापने के लिए एक लक्ष्य रखा है. वित्त वर्ष 2024-25 में जहां बिक्री 179 लाख टन रही, वहीं वित्त वर्ष 2025-26 में इसे बढ़ाकर के लिए 200 लाख टन का लक्ष्य तय किया गया है. वित्तीय सूझबुझ और दूरदर्शिता की यह गूंज वित्त वर्ष 2025-26 की तीसरी तिमाही के दौरान की अर्निंग्स कॉन्फ्रेंस कॉल के दौरान भी सुनाई दी, जहां निदेशक (वित्त) एवं निदेशक वाणिज्य का अतिरिक्त प्रभार संभाल रहे डॉ. ए.के. पंडा ने कंपनी की उपलब्धियों पर प्रकाश डाला. उन्होंने उल्लेख किया कि ऋण (debt) में कटौती काफी महत्वपूर्ण रही है, जिसमें अप्रैल-दिसंबर 2025 की नौ महीने की अवधि के दौरान ₹5,000 करोड़ का ऋण चुकता किया गया है. पिछले साल 31 दिसंबर, 2025 तक ऋण ₹24,852 करोड़ था, जिसके बाद जनवरी 2026 में ₹2,000 करोड़ की और कमी आई.

    इस अनुशासित ऋण कटौती (deleveraging) ने वित्त लागत को कम किया है और विकास निवेशों के लिए अवसर पैदा किए हैं. डॉ. पांडा ने बताया, परिचालन दक्षताइन्वेंट्री लिक्विडेशनलागत अनुकूलन और मजबूत ट्रेजरी प्रबंधन इत्यादि ने मिलकर बेहतर वित्तीय प्रबंधन को संभव बनाया है. कंपनी की रणनीति ने पहले ही परिणाम दिखाना शुरू कर दिया है. कंपनी की सक्रिय मार्केटिंग पहलों और खुदरा एवं नए ग्राहक समूहों के साथ गहरे जुड़ाव के कारण वित्त वर्ष 2025-26 की नौ महीने की अवधि (अप्रैल’25 – दिसंबर’25) में बिक्री की मात्रा में 16.3% की वृद्धि दर्ज की गई है. इस प्रयास ने अप्रैल’25 – जनवरी’26 के बीच कुल बिक्री को 16.6 मिलियन टन तक पहुँचा दिया, साथ ही महत्वपूर्ण इन्वेंट्री परिसमापन (inventory liquidation) को भी सक्षम बनाया. सेल ने इन-प्रोसेस और तैयार स्टील स्टॉक दोनों को कम करके, सेल ने नकदी प्रवाह को बढ़ाया है और कार्यशील पूंजी की आवश्यकताओं को कम किया, जिससे कंपनी की वित्तीय स्थिति मजबूत हुई. कंपनी लागत कम करने के लिए ऑपरेशनल लिवर्स को भी तेज किया जा रहा है. सालाना मैनपावर में कमी से प्रति टन कार्मिक लागत दक्षता में लगातार सुधार हो रहा है. इसके साथ ही, सेल अनुपालन की जरूरतों के साथ-साथ लागत कम करने के लिए भी अधिक नवीकरणीय ऊर्जा (renewable power) का इस्तेमाल कर रहा है, जिससे ऊर्जा व्यय में संरचनात्मक बचत हो रही है. ये उपाय प्रतिस्पर्धात्मकता को सुदृढ़ करते हुए कंपनी के व्यापक स्थिरता एजेंडे के साथ मेल खाते हैं.

    कंपनी के भविष्य के विज़न पर सेल के निदेशक (वित्त) एवं निदेशक वाणिज्य का अतिरिक्त प्रभार संभाल रहे डॉ. ए.के. पंडा ने कहा: “कंपनी कर्ज कम करके, इन्वेंट्री की अधिक कुशलता से प्रबंधन करके और केंद्रित मार्केटिंग पहलों के मध्यम से अपनी पहुंच का विस्तार करके, विस्तारीकरण की तैयारी के साथ-साथ अपनी नींव को मजबूत कर रहा है. बढ़ती मांग, एक मजबूत कैपेक्स (CAPEX) पाइपलाइन और स्थिरता व ग्रीन स्टील के प्रति स्पष्ट प्रतिबद्धता के साथ, हम वित्त वर्ष 2025-26 में लगभग 200 लाख टन की बिक्री हासिल करने और आने वाले वर्षों में और भी ऊंचे लक्ष्य निर्धारित करने के प्रति आश्वस्त हैं – जो आज की ताकत को कल के अवसर में बदल देगा.

  • बीएसएल में प्रशिक्षुओं हेतु वार्षिक खेल-कूद प्रतियोगिता का आयोजन

    बीएसएल में प्रशिक्षुओं हेतु वार्षिक खेल-कूद प्रतियोगिता का आयोजन

    बोकारो । इस्पात संयंत्र के अंतर्गत मानव संसाधन ज्ञानार्जन एवं विकास विभाग द्वारा 07 फरवरी 2026 को प्रशिक्षुओं के लिए वार्षिक खेल-कूद प्रतियोगिता का आयोजन में किया गया. इस प्रतियोगिता में वर्ष 2024-25 तथा 2025-26 बैच के प्रबंधन प्रशिक्षु (तकनीकी), इंजीनियरिंग एसोसिएट प्रशिक्षु, कनीय इंजीनियरिंग एसोसिएट प्रशिक्षु एवं तकनीकी एसोसिएट प्रशिक्षुओं ने उत्साहपूर्वक हिस्सा लिया. कार्यक्रम का उद्घाटन मुख्य अतिथि निदेशक प्रभारी  प्रिय रंजन, अधिशासी निदेशक (मानव संसाधन) सुश्री बनर्जी राजश्री एवं अधिशासी निदेशक (संकार्य)  अनूप कुमार दत्त ने अन्य वरिष्ठ अधिकारियों की उपस्थिति में किया. इस खेल-कूद समारोह में कुल 296 प्रतिभागियों ने अपनी खेल प्रतिभा का प्रदर्शन किया, जिनमें 266 पुरुष एवं 30 महिला प्रशिक्षु शामिल थे.

    कार्यक्रम के आरंभ में मुख्य महाप्रबंधक (मानव संसाधन ज्ञानार्जन एवं विकास) सुश्री नीता बा ने अतिथियों एवं प्रतिभागियों का स्वागत किया, जिसके उपरांत प्रशिक्षुओं द्वारा मार्च पास्ट प्रस्तुत किया गया. प्रतियोगिता के दौरान वरिष्ठ अधिकारियों ने खेल-कूद को अनुशासन का पर्याय बताया और सभी प्रशिक्षुओं को एथलेटिक मीट में सक्रिय रूप से भाग लेने हेतु प्रोत्साहित किया. कार्यक्रम का सफल संचालन एवं समन्वयन सहायक महाप्रबंधक (मानव संसाधन ज्ञानार्जन एवं विकास) श्री अमित आनंद द्वारा किया गया.

    अपने संबोधन में निदेशक प्रभारी  प्रिय रंजन ने खिलाड़ियों को प्रेरित करते हुए कहा कि खेल केवल सहभागिता का विषय नहीं है, बल्कि यह जुनून, नेतृत्व और विजय की मानसिकता का प्रतीक है. उन्होंने जोर दिया कि जब कोई खिलाड़ी इसी भावना से खेलता है, तभी वह स्वयं के साथ अपनी टीम को भी सफलता के शिखर पर ले जा पाता है. अधिशासी निदेशक (मानव संसाधन) सुश्री बनर्जी राजश्री ने टीम भावना पर बल देते हुए कहा कि व्यक्तिगत उत्कृष्टता अत्यंत आवश्यक है, किंतु जब यही उत्कृष्टता साझा लक्ष्यों की दिशा में संगठित होती है, तभी वह सामूहिक सफलता का ठोस आधार बनती है.

    प्रतियोगिता के दौरान पुरुष वर्ग के लिए 100 मीटर एवं 200 मीटर दौड़, 100×4 मीटर रिले रेस, शॉटपुट, डिस्कस थ्रो तथा टग ऑफ वॉर जैसी विभिन्न स्पर्धाएं आयोजित की गईं. वहीं महिला वर्ग में 50 मीटर एवं 100 मीटर दौड़, शॉटपुट, डिस्कस थ्रो, मार्बल स्पून रेस, सुई-धागा रेस, म्यूजिकल चेयर एवं टग ऑफ वॉर मुख्य आकर्षण रहे. यह वार्षिक खेल आयोजन प्रशिक्षुओं में परस्पर संवाद, आत्म-प्रेरणा तथा कार्यस्थल पर अनुशासन विकसित करने की दिशा में एक प्रभावी पहल है. इस प्रकार की गतिविधियां प्रशिक्षुओं में टीम वर्क की भावना को प्रगाढ़ करती हैं, जो भविष्य में संयंत्र के सुरक्षित संचालन, उच्च गुणवत्तापूर्ण उत्पादन और बेहतर उत्पादकता सुनिश्चित करने में अत्यंत सहायक सिद्ध होंगी.

  • बीएसएल में गणतंत्र दिवस समारोह का भव्य आयोजन

    बीएसएल में गणतंत्र दिवस समारोह का भव्य आयोजन

    बोकारो। 26 जनवरी को गणतंत्र दिवस के अवसर पर बोकारो स्टील प्लांट द्वारा स्थानीय मोहन कुमार मंगलम स्टेडियम में गणतंत्र दिवस समारोह का आयोजन किया गया. समारोह में बीएसएल के निदेशक प्रभारी श्री प्रिय रंजन, महिला समिति की अध्यक्ष श्रीमती शुभम रंजन, उप महानिरीक्षक (सीआइएसएफ) श्रीमती नीति मित्तल सहित अधिशासी निदेशक(मानव संसाधन) सुश्री राजश्री बनर्जी,  अधिशासी निदेशक (माइंस)  विकास मनवटी, अधिशासी निदेशक (एमएम)  सी आर मिश्रा, अधिशासी निदेशक (परियोजनाएं)  अनीष सेनगुप्ता, अधिशासी निदेशक (संकार्य)  अनूप कुमार दत्त, अधिशासी निदेशक (चिकित्सा एवं स्वास्थ्य सेवाएं) डॉ बी बी करुणामय,   संयंत्र के अन्य वरीय अधिकारी, बीएसएल द्वारा संचालित ज्ञान ज्योति योजना के तहत अध्यनरत बिरहोर बच्चे, अन्य गणमान्य अतिथि तथा नगरवासी बड़ी संख्या में उपस्थित थे.

    निदेशक प्रभारी  प्रिय रंजन ने स्टेडियम में राष्ट्र ध्वज फहराया तथा परेड का निरीक्षण किया और सलामी ली. इस दौरान उनके साथ उप महानिरीक्षक (सीआइएसएफ) श्रीमती नीति मित्तल भी उपस्थित रहीं. परेड में सीआइएसएफ एवं बीएसएल सुरक्षा विभाग के जवान,  सीआइएसएफ के अग्निशमन सेवाएं की टुकडी़ तथा एनसीसी कैडेट्स शामिल थे. अपने संबोधन में श्री प्रिय रंजन ने सभी को गणतंत्र दिवस की शुभकामनाएं दी तथा सामूहिक प्रयास द्वारा एक बेहतर एवं उज्जवल भविष्य के निर्माण का संदेश दिया. उन्होंने पिछले कैलेंडर वर्ष के दौरान बीएसएल की विशिष्ट उपलब्धियों पर भी प्रकाश डाला, साथ ही भावी योजनाओं का उल्लेख किया.निदेशक प्रभारी ने सीआइएसएफ, बीएसएल के सुरक्षा विभाग के 55 कर्मियों को उनके उत्कृष्ट सेवा के लिये प्रशस्ति पत्र देकर तथा बीएसएल के 22 कर्मियों को निदेशक प्रभारी फॉर बेस्ट शिफ्ट इंचार्ज, 03 कर्मियों को अम्बेडकर अवार्ड तथा 27 कर्मियों को बेस्ट सजेशन अवार्ड से सम्मानित किया.

    डीएवी इस्पात विद्यालय-8बी, कैराली स्कूल सेक्टर-04 , जीजीपीएस चास, चिन्मय विद्यालय तथा सीआइएसएफ के द्वारा संचालित संरक्षिका के बच्चों ने आकर्षक सांस्कृतिक कार्यक्रम पेश कर सभी को मंत्रमुग्ध कर दिया. समारोह में सीआइएसएफ के जवानों का फायर फाइटिंग ड्रिल एवं डॉग शो की आकर्षक प्रस्तुति पेश की गयी.

    मुख्य समारोह के पश्चात निदेशक प्रभारी श्री प्रिय रंजन द्वारा बीजीएच में आधुनिक मॉडूलर ऑपरेशन थिएटर, ऑपरेशन टेबल रिजिड ब्रोन्कोस्कोप, पी आर पी मशीन (एनेस्थेसिया), जेल तकनीक मशीन (ब्लड बैंक), मरीज़ सूचना केंद्र तथा सुरभि रिटेल शॉप का उद्घाटन  किया गया. गणतंत्र दिवस के अवसर पर महिला समिति अध्यक्ष श्रीमती शुभम रंजन ने स्वावलम्बन परिसर में राष्ट्रीय ध्वज फहराया तथा बीजीएच में मरीजों के बीच फल वितरण भी किया. इस अवसर पर समिति की अन्य सदस्य भी मौजूद थीं. गणतंत्र दिवस पर सुरक्षा विभाग में तथा बोकारो स्टील आफिसर्स एसोसिएशन के सदस्यों ने भी एसोसिएशन कार्यालय में राष्ट्रीय ध्वज फहराया.

  • बीएसएल में “एबीबी ड्राइव्स ” पर तीन दिवसीय प्रशिक्षण कार्यक्रम का शुभारंभ

    बीएसएल में “एबीबी ड्राइव्स ” पर तीन दिवसीय प्रशिक्षण कार्यक्रम का शुभारंभ

    बोकारो। स्टील प्लांट के ज्ञानार्जन एवं विकास विभाग के ऑटोमेशन लैब में संयंत्र के विभिन्न विभागों के अधिकारियों एवं गैर-अधिकारियों के लिए “एबीबी ड्राइव्स (डीसीएस 800)” पर एक विशेष प्रशिक्षण कार्यक्रम का आयोजन किया जा रहा है. दिनांक 15 जनवरी से 17 जनवरी 2026 तक चलने वाले इस कार्यक्रम का संचालन संयंत्र के विशेषज्ञ एवं अनुभवी फैकल्टी के सहयोग से किया जा रहा है. प्रशिक्षण कार्यक्रम के उद्घाटन सत्र में मुख्य अतिथि के रूप में महाप्रबंधक (एसएमएस-II एवं सीसीएस)  त्रिभुवन प्रसाद वर्मा, महाप्रबंधक (मानव संसाधन-ज्ञानार्जन एवं विकास)  बसंत कुमार सिंह तथा महाप्रबंधक (ईटीएल)  हरिहर राउत उपस्थित थे. कार्यक्रम के आरंभ में प्रबंधक (मानव संसाधन-एल&डी)  जय नारायण यादव ने सभी प्रतिभागियों एवं मुख्य अतिथियों का स्वागत किया तथा इस प्रशिक्षण कार्यक्रम के उद्देश्यों के संबंध में विस्तृत जानकारी दी. इस सत्र का विधिवत उद्घाटन मुख्य अतिथि श्री त्रिभुवन प्रसाद वर्मा द्वारा किया गया.

    अपने संबोधन में मुख्य अतिथि  त्रिभुवन प्रसाद वर्मा ने डीसीएस 800 ड्राइव के तकनीकी महत्व पर प्रकाश डालते हुए कहा कि इस प्रकार के गहन प्रशिक्षण से कर्मी न केवल ड्राइव सिस्टम की बेहतर समझ प्राप्त करेंगे, बल्कि जटिल तकनीकी समस्याओं के समाधान (ट्रबलशूटिंग) में भी अधिक सक्षम बन सकेंगे. उन्होंने विश्वास व्यक्त किया कि तकनीकी रूप से दक्ष कार्यबल संयंत्र की उत्पादकता एवं कार्यकुशलता में वृद्धि सुनिश्चित करेगा. महाप्रबंधक (मानव संसाधन-ज्ञानार्जन एवं विकास)  बसंत कुमार सिंह ने कहा कि आज के परिवर्तनशील तकनीकी परिवेश में निरंतर कौशल-संवर्धन (Up-skilling) समय की मांग है. उन्होंने प्रतिभागियों को सक्रिय रूप से प्रशिक्षण में भाग लेने के लिए प्रेरित किया और आश्वस्त किया कि ज्ञानार्जन एवं विकास विभाग भविष्य में भी ऐसे ज्ञान-आधारित कार्यक्रमों को निरंतर प्रोत्साहित करता रहेगा. महाप्रबंधक (ईटीएल)  हरिहर राउत ने डीसीएस 800 ड्राइव के ईटीएल परिचालनों में व्यावहारिक उपयोग पर अपने विचार रखे और कर्मचारियों से इस अवसर का भरपूर लाभ उठाने का आग्रह किया.

  • बीएसएल के परियोजना डिवीजन में कॉन्ट्रैक्टर्स के साथ ‘सुरक्षा मंथन कार्यक्रम’ का आयोजन

    बीएसएल के परियोजना डिवीजन में कॉन्ट्रैक्टर्स के साथ ‘सुरक्षा मंथन कार्यक्रम’ का आयोजन

    बोकारो। बीएसएल के परियोजना डिवीजन द्वारा परियोजना डिवीजन के कॉन्फ्रेंस हॉल में कॉन्ट्रैक्टर्स के साथ एक ‘सुरक्षा मंथन कार्यक्रम’ का आयोजन किया गया. कार्यक्रम का उद्घाटन अधिशासी निदेशक (परियोजनाएँ) अनीश सेनगुप्ता द्वारा किया गया. इस अवसर पर परियोजना डिवीजन के कॉन्ट्रैक्टर्स , सब कॉन्ट्रैक्टर्स, मुख्य महाप्रबंधक सहित वरिष्ठ अधिकारी तथा परियोजना-सुरक्षा विभाग के अधिकारी उपस्थित रहे. कार्यक्रम की शुरुआत सुरक्षा प्रतिज्ञा के साथ की गयी तथा सुरक्षा के विभिन्न मानकों पर विस्तृत चर्चा की गयी.

    अपने संबोधन में मुख्य अतिथि  सेनगुप्ता ने प्रत्येक कर्मचारी से कार्यस्थल पर व्यक्तिगत सुरक्षा उपकरणों (पीपीई) के नियमित एवं सही उपयोग को सुनिश्चित करने का आह्वान किया. मुख्य महाप्रबंधक (परियोजनाएँ) श्रीमती एनिमा कुशवाहा ने कॉन्ट्रैक्टर्स तथा सब कॉन्ट्रैक्टर्स से संविदा कर्मियों को उचित  सुरक्षा उपकरणों (पीपीई) को उपलब्ध कराने की अपील की.

    मुख्य महाप्रबंधक (परियोजनाएँ)  पी एच शर्मा ने बेहतर हाउसकीपिंग, संभावित खतरों की पहचान, जोखिम मूल्यांकन की तकनीकों को समझने तथा कार्य के दौरान व्यवस्थित एवं सुरक्षित दृष्टिकोण अपनाने की आवश्यकता पर बल दिया.

    मुख्य महाप्रबंधक (परियोजनाएँ)  एच टोप्पो ने कार्यक्रम में उपस्थित सभी कॉन्ट्रैक्टर्स तथा सब कॉन्ट्रैक्टर्स के माध्यम से संविदा कर्मियों को सतर्क रहने, सुरक्षा उपायों को प्राथमिकता देने और प्रत्येक गतिविधि को सावधानीपूर्वक करने की अपील की. कार्यक्रम का संचालन महाप्रबंधक (परियोजना)  राजेश शर्मा  द्वारा किया गया.

  • बोकारो हाफ मैराथन’ के लिए पंजीकरण 20 जनवरी तक

    बोकारो हाफ मैराथन’ के लिए पंजीकरण 20 जनवरी तक

     बोकारो। स्वस्थ जीवनशैली को प्रोत्साहित करने, फिटनेस के प्रति जन-जागरूकता बढ़ाने तथा सामुदायिक सहभागिता को सुदृढ़ करने के उद्देश्य से बोकारो इस्पात संयंत्र द्वारा गत वर्ष की भाँति इस वर्ष भी दिनांक 01 फरवरी 2026 को ‘बोकारो हाफ मैराथन’ का आयोजन किया जा रहा है। यह मैराथन बोकारो के सेक्टर-4 स्थित मोहन कुमार मंगलम स्टेडियम में सुबह 06:30 बजे प्रारंभ होगी। यह आयोजन प्रत्येक वर्ग – युवा, महिलाएँ, वरिष्ठ नागरिक एवं दिव्यांगजन – की सक्रिय भागीदारी के माध्यम से सामूहिक स्वास्थ्य जागरूकता को सुदृढ़ करने का एक सशक्त प्रयास है।

    यह मैराथन केवल एक प्रतियोगिता नहीं, बल्कि नागरिकों को फिटनेस से जोड़ने, आपसी सहयोग को बढ़ावा देने और सामुदायिक एकजुटता को मजबूती प्रदान करने का एक सशक्त मंच है। उल्लेखनीय है कि ‘बोकारो हाफ मैराथन’ एआईएमएस (AIMS) से प्रमाणित है, जिससे इसे राष्ट्रीय एवं अंतरराष्ट्रीय स्तर पर विशिष्ट पहचान प्राप्त है।

    ‘एक्टिव बोकारो-हेल्दी बोकारो’ अभियान के अंतर्गत आयोजित इस मैराथन के लिए ऑनलाइन पंजीकरण की अंतिम तिथि 20 जनवरी 2026 है। प्रतियोगिता को विभिन्न आयु-वर्गों के अनुरूप तीन श्रेणियों में विभाजित किया गया है, जिनमें 21.2 किलोमीटर (हाफ मैराथन), 10 किलोमीटर तथा 5 किलोमीटर की दौड़ शामिल हैं। ये दौड़ 40 वर्ष तक, 40 से 60 वर्ष तथा वरिष्ठ नागरिक वर्ग के पुरुष एवं महिला प्रतिभागियों के लिए अलग-अलग आयोजित की जाएंगी।

    हाफ मैराथन के विजेताओं को आकर्षक नकद पुरस्कार प्रदान किए जाएंगे, जबकि सभी प्रतिभागियों को मेडल, टी-शर्ट एवं ई-प्रमाण पत्र देकर सम्मानित किया जाएगा। सामाजिक समावेशन को और अधिक सशक्त बनाने की दिशा में 13 वर्ष से अधिक आयु के दिव्यांगजनों के लिए 2 किलोमीटर की विशेष दौड़ का आयोजन भी किया जा रहा है। मैराथन में भाग लेने के लिए ऑनलाइन पंजीकरण अनिवार्य है। अतः इच्छुक प्रतिभागी 20 जनवरी तक www.bokaromarathon.com पोर्टल के माध्यम से अपना पंजीकरण करा लें। बोकारो इस्पात संयंत्र ने समस्त नागरिकों, खेल प्रेमियों एवं युवाओं से इस आयोजन में बढ़-चढ़कर भाग लेने तथा ‘बोकारो हाफ मैराथन’ को सफल बनाने की अपील की है। मैराथन की विभिन्न श्रेणियों, पंजीकरण प्रक्रिया एवं अन्य आवश्यक दिशा-निर्देशों से संबंधित विस्तृत जानकारी उक्त पोर्टल पर उपलब्ध है।

  • बोकारो स्टील सिटी के मुख्य चौराहों पर सड़क सुरक्षा जागरूकता का विशेष अभियान चलाया गया

    बोकारो स्टील सिटी के मुख्य चौराहों पर सड़क सुरक्षा जागरूकता का विशेष अभियान चलाया गया

    बोकारो । 14 जनवरी को बोकारो स्टील सिटी के मुख्य चौराहों पर सुरक्षा अभियंत्रण विभाग के द्वारा जनमानस के लिए सड़क सुरक्षा जागरूकता का विशेष अभियान चलाया गया. बोकारो स्टील सिटी के प्रमुख चौराहों बी जी एच, गाँधी चौक, पत्थर कट्टा चौराहे पर एन सी सी के कैडेट्स के द्वारा दो पहिया और चार पहिया वाहन चालकों के माथे पर तिलक लगा कर और टॉफी देकर चालकों से सड़क सुरक्षा सम्बंधित नियमों का पालन करने का अनुरोध किया गया. इस मौके पर बच्चों के साथ सुरक्षा अभियंत्रण विभाग के सहायक महाप्रबंधक  नेहाल पासवान, बीएस एल सिक्योरिटी विभाग  के अधिकारीगण  तथा कर्मचारी मौजूद थे. सभी वाहन चालकों ने एन सी सी के कैडेट्स के इस प्रयास की बेहद सराहना और प्रशंशा की.

  • बीएसएल में सड़क सुरक्षा जागरूकता हेतु मानव श्रृंखला का आयोजन

    बीएसएल में सड़क सुरक्षा जागरूकता हेतु मानव श्रृंखला का आयोजन

    बोकारो । इस्पात संयंत्र द्वारा राष्ट्रीय सड़क सुरक्षा जागरूकता सप्ताह के अंतर्गत दिनांक 13 जनवरी 2026 को सड़क सुरक्षा के प्रति जन-जागरूकता को और अधिक सुदृढ़ करने के उद्देश्य से मानव श्रृंखला का आयोजन किया गया. यह मानव श्रृंखला संयंत्र के प्लांट प्लाजा रोड पर सीआरएम–III से गोल चक्कर तक बनाई गई. इस पहल का प्रमुख उद्देश्य कर्मचारियों एवं ठेका श्रमिकों में सड़क सुरक्षा के प्रति उत्तरदायित्व, सतर्कता तथा सामूहिक प्रतिबद्धता की भावना को सशक्त करना था.  कार्यक्रम में अधिशासी निदेशक (संकार्य) अनूप कुमार दत्त की उपस्थिति रही. उन्होंने इस्पात कर्मियों को संबोधित करते हुए सुरक्षित कार्य वातावरण सुनिश्चित करने में सामूहिक प्रयासों की महत्ता पर प्रकाश डाला. उन्होंने सड़क सुरक्षा के प्रति निरंतर सजग रहने, यातायात नियमों का कड़ाई से पालन करने तथा स्वयं एवं सहकर्मियों की सुरक्षा को सर्वोच्च प्राथमिकता देने का आह्वान किया. इस अवसर पर मुख्य महाप्रबंधक (सुरक्षाएवं अग्निशमन सेवाएँ)  बी. के. सरतापे, मुख्य महाप्रबंधक (सीईडी)  शालिग्राम सिंह, मुख्य महाप्रबंधक (रीफ्रैक्ट्रीज़)  एन. श्रीकांत, मुख्य महाप्रबंधक (सीआरएम) अरुण कुमार सहित विभिन्न विभागों के विभागीय सुरक्षा अधिकारी, कर्मचारी एवं ठेका श्रमिक उपस्थित रहे. 

    प्रतिभागियों ने सड़क सुरक्षा से संबंधित संदेशों एवं नारों से युक्त तख्तियों के माध्यम से सुरक्षित आचरण, जिम्मेदारी और सतर्कता का संदेश दिया. उल्लेखनीय है कि बोकारो इस्पात संयंत्र अपनी मूल भावना सुरक्षा सर्वप्रथम को निरंतर सुदृढ़ करते हुए प्रत्येक कर्मचारी को सुरक्षा संस्कृति का सक्रिय भागीदार बनाने हेतु सतत प्रयासरत है. सामूहिक जागरूकताऔर सहभागिता के माध्यम से संयंत्र ‘शून्य दुर्घटना’ के लक्ष्य की दिशा में अपने प्रयासों को निरंतर मजबूती प्रदान कर रहा है.

  • बीएसएल में नव-स्थापित कोल ब्लेंड कैटेलिस्ट डोज़िंग स्टेशन का उद्घाटन

    बीएसएल में नव-स्थापित कोल ब्लेंड कैटेलिस्ट डोज़िंग स्टेशन का उद्घाटन

    बोकारो । इस्पात संयंत्र ने परिचालन उत्कृष्टता एवं तकनीकी नवाचार की दिशा में एक और महत्वपूर्ण उपलब्धि दर्ज की है. कोक एवं कोल केमिकल्स विभाग के कोल हैंडलिंग प्लांट में नव-स्थापित कोल ब्लेंड कैटेलिस्ट डोज़िंग स्टेशन का उद्घाटन बोकारो इस्पात संयंत्र के अधिशासी निदेशक (संकार्य)  अनूप कुमार दत्त द्वारा किया गया. इस अवसर पर मुख्य महाप्रबंधक (कोक एवं कोल केमिकल्स) भास्कर प्रसाद, मुख्य महाप्रबंधक (अनुरक्षण)  शरद गुप्ता, मुख्य महाप्रबंधक (ईएमडी)  गुलशन कुमार, मुख्य महाप्रबंधक (आरसीएल)  मनोहर लाल, मुख्य महाप्रबंधक (यांत्रिकी)  प्रकाश कुमार, मुख्य महाप्रबंधक (सामग्री प्रबंधन)  हर्ष निगम सहित वरिष्ठ अधिकारी, कर्मचारी एवं बड़ी संख्या में संविदा कर्मी उपस्थित रहे. यह उन्नत एवं आधुनिक प्रणाली कोल ब्लेंड में कैटेलिस्ट की पूर्णतः स्वचालित एवं सटीक डोज़िंग सुनिश्चित करेगी. 

    यह प्रणाली कन्वेयर बेल्ट Y-18 पर कोयले की फीड दर के अनुरूप नियंत्रित मात्रा में कैटेलिस्ट का निष्कासन करती है, जिससे कोक की गुणवत्ता में उल्लेखनीय सुधार के साथ-साथ संयंत्र की समग्र उत्पादकता में भी सकारात्मक वृद्धि सुनिश्चित होगी. यह परियोजना मुख्य महाप्रबंधक (कोक एवं कोल केमिकल्स) भास्कर प्रसाद के नेतृत्व तथा महाप्रबंधक एवं हेड ऑफ ऑपरेशंस . एस. कुमार के मार्गदर्शन में पूरी की गई है. उल्लेखनीय है कि इस कैटेलिस्ट डोज़िंग स्टेशन का डिज़ाइन, निर्माण एवं स्थापना पूर्णतः विभागीय टीम द्वारा इन-हाउस संसाधनों के माध्यम से की गई है, जो विभाग की तकनीकी दक्षता, नवाचार क्षमता एवं आत्मनिर्भरता का सशक्त उदाहरण प्रस्तुत करती है. इस परियोजना के सफल क्रियान्वयन में कोक एवं कोल केमिकल्स विभाग के महाप्रबंधक अशरफ सिद्दीकी, महाप्रबंधक अंजनी कुमार,सहायक महाप्रबंधक राज कुमार दास, सहायक महाप्रबंधक ओम प्रकाश तथा सहायक महाप्रबंधक श्री के. एस. सोरेन की महत्वपूर्ण भूमिका रही. इसके अतिरिक्त सीईडी, इंस्ट्रूमेंटेशन एवं ऑटोमेशन सहित अन्य केंद्रीय विभागों का भी उल्लेखनीय सहयोग प्राप्त हुआ. कोल ब्लेंड कैटेलिस्ट डोज़िंग स्टेशन का शुभारंभ बोकारो इस्पात संयंत्र की नवाचार-प्रधान कार्यसंस्कृति, आत्मनिर्भरता तथा उत्पादन प्रक्रियाओं में निरंतर सुधार के प्रति प्रतिबद्धता को और अधिक सुदृढ़ करता है.