Category: NEW DELHI

  • उत्तर प्रदेश के नगर विकास एवं ऊर्जा मंत्री ए.के. शर्मा ने किया नेशनल अर्बन कॉन्क्लेव में प्रतिभाग

    उत्तर प्रदेश के नगर विकास एवं ऊर्जा मंत्री ए.के. शर्मा ने किया नेशनल अर्बन कॉन्क्लेव में प्रतिभाग

    *शहरी विकास के लिए सामूहिक रोडमैप तैयार करने पर हुआ गहन मंथन*

    *उत्तर प्रदेश के शहरी सुधारों और नवाचारों की हुई सराहना*

    *स्वच्छता, अपशिष्ट प्रबंधन, तकनीक के उपयोग, नए वित्तीय प्रबंधन और सतत शहरीकरण पर मंत्री श्री शर्मा के ठोस सुझाव*

    *केंद्रीय मंत्री मनोहर लाल खट्टर और विभिन्न राज्यों के मंत्रीगण रहे उपस्थित*

    लखनऊ,/नई दिल्ली के द्वारका स्थित यशोभूमि इंडिया इंटरनेशनल कन्वेंशन सेंटर में केंद्रीय आवास एवं शहरी कार्य मंत्रालय द्वारा आयोजित नेशनल अर्बन कॉन्क्लेव में आज उत्तर प्रदेश के नगर विकास एवं ऊर्जा मंत्री ए.के. शर्मा ने प्रतिभाग किया। यह कॉन्क्लेव शहरी विकास के क्षेत्र में साझा रणनीति और दीर्घकालिक रोडमैप तैयार करने के उद्देश्य से आयोजित किया गया था।इस अवसर पर देशभर से आए शहरी विकास विशेषज्ञों, नीति-निर्माताओं और विभिन्न राज्यों के नगर विकास मंत्रियों ने क्षेत्र नियोजन, शहरी गतिशीलता, ठोस एवं तरल अपशिष्ट प्रबंधन, क्षमता निर्माण, सुलभ आवास योजना, सतत शहरी ढांचा, और शहरी आजीविका जैसे विषयों पर विस्तृत चर्चा की।

    मंत्री श्री शर्मा ने उत्तर प्रदेश में शहरी विकास के क्षेत्र में किए गए प्रमुख कार्यों का उल्लेख करते हुए बताया कि प्रदेश में स्वच्छ भारत मिशन (शहरी), अमृत योजना, प्रधानमंत्री आवास योजना (शहरी), और स्मार्ट सिटी मिशन के तहत उल्लेखनीय प्रगति हुई है। मंत्री श्री शर्मा ने कहा कि राज्य सरकार ने ठोस एवं तरल अपशिष्ट प्रबंधन के क्षेत्र में कई अभिनव प्रयास किए हैं — जैसे घरों से डोर-टू-डोर कचरा संग्रहण, कचरे से कंपोस्ट उत्पादन, और नालों की सफाई व ट्रीटमेंट के लिए आधुनिक तकनीक का प्रयोग।

    यूपी दर्शन पार्क हमारे उत्कृष्ट ठोस अपशिष्ट प्रबंधन का उदाहरण बना है। उन्होंने कहा कि हमारा लक्ष्य है कि नगर निकाय केवल सेवा प्रदाता नहीं, बल्कि शहरी विकास के सक्रिय भागीदार बनें। इसके लिए नागरिकों की भागीदारी, जनजागरूकता और तकनीकी सक्षमता को बढ़ाना आवश्यक है।

    कॉन्क्लेव के दौरान उत्तर प्रदेश के शहरी विकास मॉडल की विशेष रूप से सराहना की गई। विभिन्न राज्यों के प्रतिनिधियों ने कहा कि उत्तर प्रदेश ने स्वच्छता, आवास और शहरी अवसंरचना के क्षेत्र में जो उपलब्धियां हासिल की हैं, वे अन्य राज्यों के लिए एक प्रेरणा हैं। कॉन्क्लेव में शामिल प्रतिभागियों ने भारत को स्वच्छ सुव्यवस्थित और सतत शहरी विकास की दिशा में आगे बढ़ाने के लिए सामूहिक संकल्प व्यक्त किया। इस अवसर पर केंद्रीय आवास एवं शहरी कार्य मंत्री मनोहर लाल खट्टर, विभिन्न राज्यों के नगर विकास मंत्रीगण, नगर नियोजन विशेषज्ञ, शहरी स्थानीय निकायों के अधिकारी सहित उत्तर प्रदेश के अनेक निकायों के महापौर तथा नगर आयुक्त एवं अनेक अधिकारी भी उपस्थित रहे।

  • फिरोजपुर कैंट से दिल्ली जं के बीच नई वंदे भारत एक्सप्रेस रेलगाड़ी का शुभारंभ

    फिरोजपुर कैंट से दिल्ली जं के बीच नई वंदे भारत एक्सप्रेस रेलगाड़ी का शुभारंभ

    नई दिल्ली/ रेल यात्रियों के सुविधाजनक आवागमन हेतु रेलवे द्वारा फिरोजपुर कैंट से दिल्ली के बीच एक नई वंदे भारत एक्सप्रेस रेलगाड़ी संख्या 26462/26461 फिरोजपुर कैंट-दिल्ली जं- फिरोजपुर कैंट का संचालन किया जा रहा है।इस रेलगाड़ी की उद्घाटन सेवा दिनांक 08.11.2025 को फिरोजपुर कैंट से संचालित होगी।


  • रेलवे स्टेशनों पर यात्री होल्डिंग एरिया विकसित करने की योजना को मंज़ूरी

    रेलवे स्टेशनों पर यात्री होल्डिंग एरिया विकसित करने की योजना को मंज़ूरी

    नई दिल्ली स्टेशन की तर्ज पर भारतीय रेलवे के अन्य प्रमुख स्टेशनों पर भी होल्डिंग एरिया विकसित करने की योजना

    उत्तर रेलवे के बारह स्टेशन हुए नामित

      नई दिल्ली । दीपावली व छठ पर्व पर यात्रियों के सुगम आवगमन हेतु नई दिल्ली रेलवे स्टेशन पर होल्डिंग एरिया का निर्माण किया गया था जिसको यात्रियों द्वारा काफी सराहा गया । इसी की सफलता को देखते हुए माननीय रेल मंत्री, अश्विनी वैष्णव ने नई दिल्ली स्टेशन की तर्ज पर भारतीय रेलवे के अन्य प्रमुख स्टेशनों पर भी होल्डिंग एरिया विकसित करने की योजना को मंज़ूरी दी है। देश भर में भारतीय रेलवे के 76 स्टेशनों पर होल्डिंग एरिया विकसित किए जाएंगे ।

     रेल मंत्री के निर्देशानुसार सभी होल्डिंग एरिया 2026 के त्यौहारी सीज़न से पहले ही बन कर तैयार किए जाने है । 

    उत्तर रेलवे के नामित स्टेशन:- नई दिल्ली, आनंद विहार टर्मिनल, हज़रत निज़ामुद्दीन, दिल्ली जं, गाजियाबाद, जम्मू तवी, श्री माता वैष्णो देवी कटरा, लुधियाना, लखनऊ , वाराणसी, अयोध्या धाम, हरिद्वार सहित देश भर से 76 स्टेशनों को चयनित किया गया है । 

  • उत्तर रेलवे द्वारा प्रमुख रेलवे स्टेशनों पर छठ पर्व यात्रियों की सुविधा के लिए किए गए विशेष प्रबंध 

    उत्तर रेलवे द्वारा प्रमुख रेलवे स्टेशनों पर छठ पर्व यात्रियों की सुविधा के लिए किए गए विशेष प्रबंध 

    26 अक्टूबर को दिल्ली क्षेत्र से उत्तर रेलवे द्वारा 33 स्पेशल रेलगाड़ियों का हुआ संचालन

      नई दिल्ली । छठ पर्व के अवसर पर यात्रियों की सुविधा के लिए उत्तर रेलवे ने दिल्ली क्षेत्र के प्रमुख स्टेशनों पर बेहतर इंतज़ाम किए हैं, विशेष रूप से उन यात्रियों के लिए जो पूर्वी भारत की ओर अपने घर जा रहे हैं।

    25.10.2025 को दिल्ली एरिया के 6 प्रमुख स्टेशनों — नई दिल्ली, दिल्ली जंक्शन, आनंद विहार टर्मिनल, हजरत निजामुद्दीन, शकूरबस्ती और गाज़ियाबाद — से कुल 3,51,221 यात्री रवाना हुए। यह संख्या पिछले वर्ष की इसी अवधि (दीपावली के पाँचवें दिन, 05.11.2024) की तुलना में 7.86% अधिक है। आज 33 स्पेशल ट्रेनें दिल्ली एरिया के प्रमुख स्टेशनों से चलाई जा रही हैं —

    नई दिल्ली से 9, दिल्ली जंक्शन से 4, आनंद विहार टर्मिनल से 9, हजरत निजामुद्दीन से 2, शकूरबस्ती से 5, दिल्ली सराय रोहिल्ला से 1, शामली से 1 और रोहतक से 2।, इसके अतिरिक्त 3 पासिंग स्पेशल ट्रेनें भी निर्धारित की गई हैं।

    यात्रियों के सुगम आवागमन हेतु, 3 अतिरिक्त स्पेशल ट्रेनें — नई दिल्ली–दरभंगा, नई दिल्ली–राजेंद्र नगर टर्मिनल (पटना) और नई दिल्ली–सहरसा — को 25.10.2025 को चलाया गया।

  • उत्तर रेलवे ने आज दिल्ली क्षेत्र से 28 विशेष रेलगाड़ियां चलाईं

    उत्तर रेलवे ने आज दिल्ली क्षेत्र से 28 विशेष रेलगाड़ियां चलाईं

    बिहार के भावपूर्ण गीतों और धुनों से छठ के लिए जाने वाले यात्रियों का स्वागत किया गया

    कल दिल्ली क्षेत्र से 30 विशेष रेलगाड़ियां चलाई गईं

    दिल्ली क्षेत्र के प्रमुख रेलवे स्टेशनों पर उदघोषणा प्रणालियों के माध्‍यम से पारंपरिक भोजपुरी छठ गीत बजाए जा रहे हैं

    नई दिल्ली। त्योहारों के मौसम में यात्रियों की भारी भीड़ को नियंत्रित और व्‍यवस्थित करने के लिए भारतीय रेलवे देश भर में 12,000 से ज़्यादा स्पेशल ट्रेनें चला रहा है। इसी व्यापक प्रयास को जारी रखते हुए, उत्तर रेलवे के दिल्ली मंडल ने कल चलाई गई30 स्पेशल ट्रेनों के बाद आज दिल्ली क्षेत्र से 28 स्पेशल ट्रेनें सफलतापूर्वक चलाईं। यह प्रयास छठ श्रद्वालुओं को सुरक्षित और आरामदायक तरीके से उनके घरों तक पहुँचाने पर केन्दित है। आज चलाई गईं स्पेशल रेलगाडि़यों नई दिल्ली: 8 विशेष ट्रेनें + 1 अनिर्धारित ट्रेन ऑन डिमांड, आनंद विहार टर्मिनल: 7 विशेष ट्रेनें, शकूरबस्ती : 5 विशेष ट्रेनें दिल्ली जंक्शन: 3 विशेष ट्रेनें

    हजरत निज़ामुद्दीन : 2 विशेष ट्रेनें, शामली : 1 विशेष ट्रेन रोहतक : 1 विशेष ट्रेन है।

    यात्रियों की बढ़ती संख्या को ध्यान में रखते हुए ये विशेष सेवाएं प्रमुख गंतव्यों तक चलाई जा रही हैं ।

    *स्टेशनों पर एक अनोखा सांस्कृतिक स्वागत*

    एक अनूठी और हृदयस्पर्शी पहल के तहत, दिल्ली क्षेत्र के प्रमुख रेलवे स्टेशनों – नई दिल्ली, आनंद विहार टर्मिनल, निज़ामुद्दीन और गाजियाबाद में स्‍टेशन उदघोषणा प्रणालियों के माध्‍यम से पारंपरिक भोजपुरी छठ गीत बजाए जा रहे हैं । लोक आस्था का महापर्व छठ , अपने मधुर लोकगीतों के बिना अधूरा है। यह अनूठी पहल यात्रा के अनुभव को बेहतर बनाने और श्रद्वालुओं को बिहार की समृद्ध सांस्कृतिक पहचान से जोड़ने के लिए की गयी है । जैसे ही ट्रेनें स्टेशनों पर पहुँचती हैं, यात्रियों का स्वागत इन परिचित धुनों से होता है, जो स्टेशन के माहौल को तुरंत बदल देती हैं और यात्रियों को त्योहार की भावना से जोड़ देती हैं।

    *यात्रियों ने रेलवे की व्यवस्था की सराहना की*

    यात्रियों ने बेहतर व्यवस्था और सांस्कृतिक स्वागत के लिए रेलवे की सराहना की: नई दिल्ली से बिहार के अभयपुर जा रही एक महिला यात्री कुसुम देवी ने कहा, “जब छठ के गीत कानों में पड़ते हैं तो बहुत अच्छा लगता है , यह एक यादगार अनुभव है। इस बार भारतीय रेलवे की व्यवस्थाएँ बेहतरीन हैं।”

    सीवान की एक यात्री कुमारी शोभा ने कहा, ” छठ पर्व हमारे दिल के बहुत करीब है, बिहारियों के लिए इसका विशेष महत्व है । इस बार इतनी अच्छी व्यवस्था के लिए मैं भारतीय रेलवे की आभारी हूँ।”

    सीवान के एक अन्य यात्री संदीप कुमार सिंह ने परिचालन दक्षता को सराहते हुए कहा, “रेलवे ने टिकट व्यवस्था, सफ़ाई, मोबाइल शौचालय, कतार व्यवस्था, अतिरिक्त टिकट काउंटर जैसी व्यापक व्यवस्थाएँ की हैं। इस बार रेलवे ने हमारे छठ पर्व को खास बना दिया है।” छठ पूजा श्रद्धालुओं के लिए आवश्यक सुविधाएं उपलब्ध कराने तथा सुरक्षित, कुशल और सांस्कृतिक रूप से अनुकूल यात्रा अनुभव सुनिश्चित करने के लिए प्रतिबद्ध है ।

  • उत्तर रेलवे ने किया प्रमुख रेलवे स्टेशनों पर छठ पर्व यात्रियों की सुविधा के लिए विशेष प्रबंध 

    उत्तर रेलवे ने किया प्रमुख रेलवे स्टेशनों पर छठ पर्व यात्रियों की सुविधा के लिए विशेष प्रबंध 

     नई दिल्ली । उत्तर रेलवे ने दिल्ली क्षेत्र के प्रमुख स्टेशनों पर यात्रियों, विशेषकर देश के पूर्वी भागों में छठ पर्व मनाने के लिए जाने वाले यात्रियों की सुविधा के लिए व्यापक व्यवस्था की है। नई दिल्ली रेलवे स्टेशन पर एक स्थायी होल्डिंग एरिया बनाया गया है। इसके अतिरिक्त, नई दिल्ली और आनंद विहार टर्मिनल रेलवे स्टेशनों पर अस्थायी होल्डिंग एरिया (टेंटेज) स्थापित किए गए हैं। इन होल्डिंग एरिया में यूटीएस टिकट काउंटर, शौचालय, एटीवीएम, खानपान स्टॉल, “क्या मैं आपकी मदद कर सकता/सकती हूँ” बूथ, पीए सिस्टम आदि की व्यवस्था है। पर्याप्त रेलवे कर्मचारी यात्रियों का मार्गदर्शन और सहायता कर रहे हैं। “सुरक्षित और स्वस्थ यात्रा” के आदर्श वाक्य के साथ, दिल्ली मंडल के चिकित्सा विभाग ने त्योहारों की भीड़ के दौरान यात्रियों की सुरक्षा सुनिश्चित करने के लिए सक्रिय कदम उठाए हैं। प्रमुख रेलवे स्टेशनों पर प्राथमिक चिकित्सा बूथ स्थापित किए गए हैं – नई दिल्ली (यात्री सुविधा केंद्र सहित चार बूथ), पुरानी दिल्ली, आनंद विहार टर्मिनल, हजरत निजामुद्दीन, शकूरबस्ती और गाजियाबाद – इनमें से प्रत्येक स्टेशन पर चौबीसों घंटे सहायता प्रदान करने के लिए एम्बुलेंस और प्रशिक्षित चिकित्सा दल मौजूद हैं। इन सुविधाओं ने प्राथमिक उपचार से लेकर आपातकालीन स्थिति (18.10.2025 को नई दिल्ली रेलवे स्टेशन पर शिशु के सुरक्षित प्रसव सहित) तक समय पर चिकित्सा सहायता प्रदान की है, जिससे 16 अक्टूबर 2025 और 21 अक्टूबर 2025 के बीच 634 से अधिक रेल यात्रियों को लाभ हुआ है। दिल्ली क्षेत्र के प्रमुख रेलवे स्टेशनों पर नागरिक सुरक्षा कर्मी और उत्तर रेलवे भारत स्काउट्स एंड गाइड्स के कर्मी सहित अधिकारियों की तैनाती की गयी है ।  और वे यात्रियों, विशेषकर वरिष्ठ नागरिकों, दिव्यांगजनों, महिलाओं आदि का निरंतर मार्गदर्शन और सहायता कर रहे हैं।

    दिनांक 21.10.2025 को, दिल्ली क्षेत्र के 6 प्रमुख स्टेशनों – नई दिल्ली, दिल्ली जंक्शन, आनंद विहार टर्मिनल, हज़रत निज़ामुद्दीन, शकूरबस्ती और गाजियाबाद से 1,69,986 अनारक्षित यात्रियों ने इन स्टेशनों से अपनी यात्रा प्रारम्भ की है, जो पिछले वर्ष की इसी तिथि (दिवाली के अगले दिन 01.11.2024) की तुलना में 5.62% की वृद्धि है। इसी प्रकार, 22 अक्टूबर 2025 को दिल्ली क्षेत्र के 6 प्रमुख स्टेशनों से 1,71,753 अनारक्षित यात्रियों ने इन स्टेशनों से अपनी यात्रा प्रारम्भ की है, जो पिछले वर्ष की इसी तिथि (दिवाली के दूसरे दिन 02 नवंबर 2024) की तुलना में 7.01% की वृद्धि है।

    आज, 6 गुजरने वाली विशेष ट्रेनों के अलावा, 30 विशेष ट्रेनें (नई दिल्ली से 9, दिल्ली जंक्शन से 3, आनंद विहार टर्मिनल से 8, हज़रत निज़ामुद्दीन से 3, शकूरबस्ती से 5, रोहतक से 1 और शामली से 1) दिल्ली क्षेत्र के प्रमुख स्टेशनों से चलाई गयी । कल, 24 अक्टूबर को, दिल्ली क्षेत्र के प्रमुख स्टेशनों से 17 विशेष ट्रेनें संचालित होंगी।

  • उत्तर रेलवे दिल्ली मंडल द्वारा आज 28 विशेष रेलगाड़ियों का संचालन

    उत्तर रेलवे दिल्ली मंडल द्वारा आज 28 विशेष रेलगाड़ियों का संचालन

    नई दिल्ली से 9, आनंद विहार टर्मिनल से 6, शकूरबस्ती से 5 और दिल्ली जंक्शन से 4 रेलगाड़ियों का संचालन

    21 अक्टूबर को दिल्ली मंडल द्वारा 26 विशेष रेलगाड़ियाँ चलाई गईं थी 

     23 अक्टूबर को दिल्ली के प्रमुख स्टेशनों से 17 विशेष रेलगाड़ियों का संचालन प्रस्तावित हैं

     नई दिल्ली । उत्तर रेलवे के दिल्ली मंडल ने यात्रियों, विशेषकर देश के पूर्वी भागों में छठ पर्व मनाने के लिए यात्रा करने वाले यात्रियों की सुविधा के लिए दिल्ली क्षेत्र के प्रमुख स्टेशनों पर व्यापक व्यवस्था की है। आज 22 अक्टूबर को दिल्ली क्षेत्र के प्रमुख स्टेशनों से विशेष रेलगाड़ियों (नई दिल्ली से 9, आनंद विहार टर्मिनल से 6, शकूरबस्ती से 5, दिल्ली जंक्शन से 4, हज़रत निज़ामुद्दीन से 2, शामली से 1 और रोहतक से 1) सहित 28 विशेष रेलगाड़ियाँ संचालित की जाएंगी।

    कल दिनांक 23 अक्टूबर को दिल्ली के प्रमुख स्टेशनों से 17 विशेष रेलगाड़ियों का संचालन प्रस्तावित हैं। 

    दिल्ली क्षेत्र के प्रमुख स्टेशनों पर यात्रियों की भीड़ की निगरानी के आधार पर, आज (13.20 बजे) 1 विशेष ट्रेन ऑन डिमांड रेलगाड़ी (नई दिल्ली-दरभंगा) चलाई गई। इसके अतिरिक्त, ट्रेन ऑन डिमांड का परिचालन यात्रियों की मांग के अनुरूप किया जा रहा है और आवश्यकता अनुसार और भी ट्रेन ऑन डिमांड चलाई जाएंगी ।डीआरएम, एडीआरएम और वरिष्ठ अधिकारी प्रमुख स्टेशनों पर भीड़ पर नज़र रख रहे हैं। 

  • रेल मंत्री अश्विनी वैष्णव ने नई दिल्ली रेलवे स्टेशन पर भीड़ प्रबंधन का जायजा लिया, यात्रियों से सीधे बातचीत की

    रेल मंत्री अश्विनी वैष्णव ने नई दिल्ली रेलवे स्टेशन पर भीड़ प्रबंधन का जायजा लिया, यात्रियों से सीधे बातचीत की

    नई दिल्ली। केंद्रीय रेल, सूचना प्रसारण और इलेक्ट्रॉनिक्स एवं सूचना प्रौद्योगिकी मंत्री अश्विनी वैष्णव ने आज 21 अक्टूबर को शाम में नई दिल्ली रेलवे स्टेशन का औचक निरीक्षण किया।

    मंत्री श्री वैष्णव ने स्टेशन पर प्लेटफॉर्म न. 1 पर कंट्रोल रूम का निरीक्षण किया, जहां से पूरे स्टेशन पर नजर रखी जा रही हैं। उन्होंने प्लेटफॉर्म न 12/13 पर यात्रियों से सीधे बातचीत की। मंत्री जी ने प्लेटफॉर्म न.16 पर अमृत भारत एक्सप्रेस ट्रेन में स्लीपर क्लास के यात्रियों से उनके अनुभव जानें और प्रतिक्रिया ली। इसके बाद, मंत्री जी ने यात्री सुविधा केंद्र का जायजा लिया। इस दौरान उन्होंने यात्रियों से रेलवे द्वारा दी जा रही सुविधाओं के बारे में प्रतिक्रिया (फीडबैक) ली।

    मीडिया से बातचीत करते हुए श्री वैष्णव ने कहा कि “यात्रियों की भारी भीड़ के बावजूद उन्हें किसी प्रकार की असुविधा न हो, इसके लिए रेलवे ने व्यापक इंतजाम किए हैं। रेलवे के 12 लाख कर्मचारी दिन रात यात्रियों की सेवा में लगे हुए हैं।” इस निरीक्षण के दौरान, रेलवे बोर्ड के अध्यक्ष एवं मुख्य कार्यकारी अधिकारी सतीश कुमार और उत्तर रेलवे के महाप्रबंधक अशोक कुमार वर्मा सहित रेलवे के कई वरिष्ठ अधिकारी भी उपस्थित थे।

  • गुजरात और हरियाणा में ग्रामीण निकायों को केंद्र ने अनुदान के रूप में ₹730 करोड़ से अधिक जारी किए

    गुजरात और हरियाणा में ग्रामीण निकायों को केंद्र ने अनुदान के रूप में ₹730 करोड़ से अधिक जारी किए

    नई दिल्ली। केंद्र सरकार ने गुजरात और हरियाणा में ग्रामीण स्थानीय निकायों (आरएलबी) को मज़बूत बनाने के लिए वित्तीय वर्ष 2025-26 के दौरान पंद्रहवें वित्त आयोग (XV FC) के अनुदान जारी किए हैं। गुजरात में, वित्तीय वर्ष 2024-25 के लिए ₹522.20 करोड़ की असंबद्ध अनुदान की दूसरी किस्त राज्य की सभी 38 ज़िला पंचायतों, 247 पात्र ब्लॉक पंचायतों और 14,547 पात्र ग्राम पंचायतों के लिए जारी की गई है। इसके अलावा, वित्त वर्ष 2024-25 के लिए मुक्त (अनटाइड) अनुदान की पहली किस्त के रोके गए हिस्से के ₹13.5989 करोड़ अतिरिक्त पात्र 6 जिला पंचायतों, 5 ब्लॉक पंचायतों और 78 ग्राम पंचायतों को भी जारी कर दिए गए हैं। जबकि हरियाणा के लिए, केंद्र सरकार ने वित्त वर्ष 2025-26 के लिए मुक्त अनुदान की ₹195.129 करोड़ की पहली किस्त जारी की है, जो राज्य की 18 जिला पंचायतों, 134 पात्र ब्लॉक पंचायतों और 6,164 ग्राम पंचायतों के लिए है।

    भारत सरकार, पंचायती राज मंत्रालय और जल शक्ति मंत्रालय (पेयजल एवं स्वच्छता विभाग) के माध्यम से, राज्यों को पंचायती राज संस्थाओं/ग्रामीण स्थानीय निकायों के लिए XV-FC अनुदान जारी करने की सिफारिश करती है, जिन्हें बाद में वित्त मंत्रालय जारी करता है। आवंटित अनुदानों की सिफारिश की जाती है और एक वित्तीय वर्ष में दो किस्तों में जारी किया जाता है। वेतन और अन्य स्थापना लागतों को छोड़कर, पंचायती राज संस्थाओं/ग्रामीण स्थानीय निकायों द्वारा संविधान की ग्यारहवीं अनुसूची में निहित उनतीस (29) विषयों के अंतर्गत स्थान-विशिष्ट आवश्यकताओं के लिए मुक्त अनुदानों का उपयोग किया जाएगा। बद्ध (टाइड) अनुदानों का उपयोग (क) स्वच्छता और खुले में शौच से मुक्ति (ओडीएफ) स्थिति के रखरखाव की बुनियादी सेवाओं के लिए किया जा सकता है, और इसमें घरेलू कचरे का प्रबंधन और उपचार, विशेष रूप से मानव मल और मल प्रबंधन, और (ख) पेयजल आपूर्ति, वर्षा जल संचयन और जल पुनर्चक्रण शामिल होना चाहिए।

  • सीएसआईआर ने स्वास्थ्य के लिए समग्र दृष्टिकोण के रूप में आयुर्वेद को बढ़ावा देते हुए 10 वां आयुर्वेद दिवस मनाया

    सीएसआईआर ने स्वास्थ्य के लिए समग्र दृष्टिकोण के रूप में आयुर्वेद को बढ़ावा देते हुए 10 वां आयुर्वेद दिवस मनाया

    नई दिल्ली। सीएसआईआर-राष्ट्रीय विज्ञान संचार एवं नीति अनुसंधान संस्थान (सीएसआईआर-एनआईएससीपीआर) ने 17 अक्टूबर 2025 को 10वां आयुर्वेद दिवस मनाया। आयुर्वेद को स्वास्थ्य और कल्याण के समग्र दृष्टिकोण के रूप में बढ़ावा देने की दिशा में यह ऐसा महत्वपूर्ण कदम है जो स्थायित्व और प्राकृतिक जीवन शैली पर आधारित है। इस अवसर पर लोगों में वैज्ञानिक रूप से मान्य पारंपरिक ज्ञान का संचार करने के उद्देश्य से राष्ट्रीय पहल #SVASTIK (वैज्ञानिक रूप से मान्य सामाजिक पारंपरिक ज्ञान) के अंतर्गत एक एनआईएससीपीआर स्वस्तिक व्याख्यान का आयोजन किया गया। इस अवसर पर सीएसआईआर-एनआईएससीपीआर कर्मचारियों के लिए एक निःशुल्क स्वास्थ्य जांच शिविर भी आयोजित किया गया।

    नई दिल्ली स्थित सीसीआरएएस-केंद्रीय आयुर्वेद अनुसंधान संस्थान (सीएआरआई) के डॉ. किशोर पटेल ने आयुर्वेद के मूलभूत सिद्धांतों पर गहन एनआईएससीपीआर स्वस्तिक व्याख्यान दिया। उन्होंने जीवनशैली और तनाव से जुड़ी बीमारियों के कारणों पर चर्चा की और समग्र स्वास्थ्य के लिए आचार रसायन और सद्वृत्त की अवधारणाओं के माध्यम से संतुलित पोषण, संयमित आहार और नैतिक जीवन जीने के महत्व पर बल दिया।

    सीएसआईआर-एनआईएससीपीआर के मुख्य वैज्ञानिक डॉ. नरेश कुमार ने उल्लेखनीय रूप से विश्व में आयुर्वेद के विस्तार के बारे में बताया कि एक दशक से भी कम समय में आयुर्वेद दिवस एक राष्ट्रीय उत्सव से एक वैश्विक स्वास्थ्य आंदोलन में बदल गया है। उन्होंने आयुर्वेदिक चिकित्सकों और शोधकर्ताओं द्वारा गलत सूचनाओं का विरोध करने और मिलावट रोकने, मानकीकृत योगों, साक्ष्य-आधारित एकीकरण, तर्कसंगत विपणन और जन जागरूकता की वकालत करने की आवश्यकता पर बल दिया। उन्होंने वैज्ञानिक दृष्टिकोण के साथ पारंपरिक ज्ञान को जनता के बीच प्रसारित करने वाली #SVASTIK पहल की भी सराहना की। सीएसआईआर-एनआईएससीपीआर के प्रशासन नियंत्रक, राजेश कुमार सिंह रोशन ने आयुर्वेद की ऐतिहासिक जड़ों और आचार्य नागार्जुन जैसे प्राचीन चिकित्सकों के योगदान पर विस्तार से चर्चा की। उन्होंने स्वास्थ्य सेवा की व्यापक प्रणाली के रूप में आयुर्वेद की बढ़ती वैश्विक मान्यता के बारे में भी बताया।

    सीएसआईआर-एनआईएससीपीआर की वरिष्ठ प्रधान वैज्ञानिक डॉ. सुमन रे ने इस वर्ष के विषय, “लोगों और पृथ्वी के लिए आयुर्वेद” की सराहना की। यह वैश्विक स्वास्थ्य और पर्यावरणीय सद्भाव के लिए आयुर्वेद की क्षमता का लाभ उठाने की साझा प्रतिबद्धता को दर्शाता है।

    सीएसआईआर-एनआईएससीपीआर में 10 वें आयुर्वेद दिवस समारोह के लिए नोडल अधिकारी और प्रधान वैज्ञानिक एवं समन्वयक स्वस्तिक डॉ. चारु लता ने धन्यवाद प्रस्ताव प्रस्तुत किया तथा समारोह को सफल बनाने के लिए सीएसआईआर-एनआईएससीपीआर के निदेशक और सभी प्रतिष्ठित वक्ताओं और प्रतिभागियों के प्रति आभार व्यक्त किया।

    इस अवसर पर आयोजित निःशुल्क स्वास्थ्य मूल्यांकन शिविर में एनआईएससीपीआर के कर्मचारियों और छात्रों ने ओपीडी परामर्श का लाभ उठाया। इस तरह की पहल का उद्देश्य पारंपरिक स्वास्थ्य देखभाल के बारे में जानकारी बढ़ाना, सामुदायिक स्वास्थ्य जागरूकता में सुधार करना और आयुर्वेदिक क्षेत्र में वैज्ञानिक नवाचार को बढ़ावा देना है।