Category: CHHATTISGRAH

  • वन मंत्री कश्यप मर्दापाल में भूमिपूजन और मेला मंड़ई कार्यक्रम में हुए शामिल

    वन मंत्री कश्यप मर्दापाल में भूमिपूजन और मेला मंड़ई कार्यक्रम में हुए शामिल

    2.18 करोड़ रुपए से अधिक के विकास कार्यों की दी सौगात

    रायपुर, / वन मंत्री केदार कश्यप ने आज कोंडागांव जिले के मर्दापाल में आयोजित भूमिपूजन कार्यक्रम में शामिल हुए। उन्होंने क्षेत्रवासियों को 2 करोड़ 18 लाख 47 हजार रुपए की लागत वाले कुल 36 विकास कार्यों की सौगात दी। साथ ही वन मंत्री ने मर्दापाल में भूमिपूजन कार्यक्रम से पहले गांव के मड़ई मेला में सम्मिलित होकर भंगा राम मंदिर में विधि विधान से पूजा अर्चना कर क्षेत्रवासियों के सुख समृद्धि एवं शांति की कामना की।

    वन मंत्री श्री कश्यप ने कार्यक्रम को संबोधित करते हुए सभी ग्रामवासियों को पारंपरिक भंगाराम माता मावली माघ मड़ई मेला की शुभकामनाएं दीं और कहा कि ग्रामीण क्षेत्र में बुनियादी सुविधाओं के विकास और शासकीय योजनाओं का लाभ अंतिम व्यक्ति तक पहुंचाने के लिए सरकार लगातार प्रयासरत है। उन्होंने कहा कि आगे भी ग्रामीण अंचल के जरूरतों को प्राथमिकता के साथ पूरा किया जाएगा। वन मंत्री श्री कश्यप ने कहा कि प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी के विकसित भारत विजन के तहत ग्रामीण क्षेत्रों में विकास कार्यों को गति देने के लिए विकसित भारत जी राम जी योजना को और अधिक प्रभावी बनाया गया है जिसके तहत अब लोगों को 125 दिन की रोजगार उपलब्ध कराया जाएगा और एक सप्ताह के भीतर भुगतान किया जाएगा। वन मंत्री ने शिविर में पंचायत विभाग के विकसित भारत जीरामजी योजना पर आधारित स्टॉल के साथ- साथ विभिन्न विभागों द्वारा लगाए गए स्टॉल का अवलोकन किया और ग्रामीणों से कहा कि विभागों के स्टॉल में पहुंचकर शासन की जनकल्याणकारी योजनाओं का अधिक से अधिक लाभ उठाएं। जनपद पंचायत की अध्यक्ष श्रीमती अनिता कोर्राम ने भी कार्यक्रम को संबोधित करते हुए शासन की योजनाओं के बारे में जानकारी दी और अधिक से अधिक लाभ उठाने की अपील की।

    विभिन्न ग्राम पंचायतों के 36 विकास कार्यों का हुआ भूमिपूजन

    वन मंत्री केदार कश्यप ने मर्दापाल में विभिन्न ग्राम पंचायतों में आधारभूत संरचना सुदृढ़ीकरण एवं सामुदायिक सुविधाओं के विस्तार हेतु कुल 218.47 लाख रुपये की लागत से 36 विकास कार्यों का भूमिपूजन किया। इन कार्यों में सामुदायिक भवन, सांस्कृतिक मंच, आंगनबाड़ी भवन, सीसी सड़क, नाली निर्माण तथा पुलिया निर्माण जैसे महत्वपूर्ण कार्य शामिल हैं। इन सभी कार्यों के पूर्ण होने से ग्रामीण क्षेत्रों में आधारभूत सुविधाओं का विस्तार होगा तथा कई गांवों के ग्रामवासी लाभान्वित होंगे।

    अवसर पर जिला पंचायत सदस्य श्रीमती यशोदा कश्यप, सरपंच श्रीमती जयंती कश्यप सहित पुलिस अधीक्षक, जिला पंचायत सीईओ सहित विभिन्न विभागों के अधिकारी उपस्थित रहे।

  • खाद्य मंत्री दयालदास बघेल ने उपभोक्ता संरक्षण विषय पर दो दिवसीय कार्यशाला का किया शुभारंभ

    खाद्य मंत्री दयालदास बघेल ने उपभोक्ता संरक्षण विषय पर दो दिवसीय कार्यशाला का किया शुभारंभ

    उपभोक्ता न्याय व्यवस्था को सशक्त बनाने की दिशा में छत्तीसगढ़ सरकार की महत्वपूर्ण पहल

    ई-जागृति, ई-फाइलिंग और ई-हियरिंग जैसी डिजिटल सुविधाओं के प्रभावी उपयोग पर जोर

    रायपुर,/ खाद्य, नागरिक  आपूर्ति एवं उपभोक्ता संरक्षण मंत्री दयालदास बघेल ने उपभोक्ता संरक्षण विषय पर आयोजित दो दिवसीय कार्यशाला का शुभारंभ किया। कार्यशाला में राष्ट्रीय उपभोक्ता आयोग के अध्यक्ष न्यायमूर्ति ए.पी. साही, छत्तीसगढ़ राज्य उपभोक्ता प्रतितोषण आयोग के अध्यक्ष न्यायमूर्ति गौतम  चौरड़िया, खाद्य विभाग की सचिव श्रीमती रीना बाबा साहेब कंगाले, मध्यप्रदेश, गोवा, बिहार, झारखंड उत्तरप्रदेश सहित आठ राज्यों के प्रतिनिधि एवं अन्य सदस्यगण उपस्थित थे।

    राष्ट्रीय उपभोक्ता आयोग के अध्यक्ष न्यायमूर्ति ए.पी. साही ने कार्यशाला में छत्तीसगढ़ सरकार की पहल की सराहना करते हुए कहा कि राज्य सरकार उपभोक्ता अधिकारों की सुरक्षा और त्वरित न्याय सुनिश्चित करने के उद्देश्य से तकनीकी एवं विधिक सुधारों की दिशा में ठोस कदम उठा रही है। इसी क्रम में जागरूकता एवं तकनीकी पहलुओं की प्रशिक्षण के लिए कार्यशाला का आयोजन किया जा रहा है। कार्यशाला में तकनीकी, डिजिटल व्यवस्था, प्रक्रियात्मक सुधार और विधायी संशोधनों पर विस्तृत चर्चा की गई।

    इस दौरान दौरान ई-प्रणालियों का विस्तार और कृत्रिम बुद्धिमत्ता का उपयोग की जानकारी दी गई। वहीं ई-जागृति, ई-फाइलिंग और ई-हियरिंग’’ जैसी डिजिटल सुविधाओं के प्रभावी उपयोग पर जोर दिया गया। इन व्यवस्थाओं के माध्यम से उपभोक्ताओं को घर बैठे शिकायत दर्ज करने और सुनवाई में भाग लेने की सुविधा मिल रही है। उपभोक्ता न्याय को किफायती, पारदर्शी और त्वरित बनाने हेतु कृत्रिम बुद्धिमत्ता (एआई) के उपयोग की संभावनाओं पर भी चर्चा की गई।

    अधिकारियों ने पत्रकारों से चर्चा के दौरान शिकायत स्वीकृति की प्रक्रिया, उपभोक्ता आयोग के आर्थिक एवं क्षेत्रीय क्षेत्राधिकार, शिकायत और जवाब दावा प्रस्तुत करने की समय-सीमा जैसे महत्वपूर्ण विषयों को स्पष्ट किया। इस दौरान यह भी बताया गया कि यदि प्रतिवादी पक्ष 30 दिनों की निर्धारित अवधि या अधिकतम 15 दिनों की अतिरिक्त अवधि (कुल 45 दिन) में लिखित बयान प्रस्तुत नहीं करता है, तो उसके साक्ष्यों पर विचार सीमित हो सकता है। साथ ही प्रतिवादी को शिकायतकर्ता के गवाहों से जिरह का अवसर और उसकी सीमा पर भी चर्चा हुई। अधिकारियों एवं न्यायमूर्तियों ने ई-कॉमर्स प्लेटफॉर्म पर बढ़ती चुनौतियों, डार्क पैटर्न जैसी भ्रामक डिजाइन तकनीकों और झूठे व भ्रामक विज्ञापनों के मुद्दों पर चर्चा की। क्षेत्राधिकार संबंधी विवादों और तकनीकी जटिलताओं के त्वरित समाधान हेतु वर्तमान संरचना में सुधार की आवश्यकता पर बल दिया गया। निष्पादन आवेदन के त्वरित और प्रभावी निपटारे के लिए व्यावहारिक कठिनाइयों और प्रणालीगत विलंब संबंधी जानकारी दी गई। सभी उपभोक्ता आयोगों में प्रक्रियात्मक एकरूपता लाने, मानकीकृत नियम एवं दिशानिर्देश अपनाने तथा केस मैनेजमेंट को सुव्यवस्थित करने पर भी जोर दिया गया। उपभोक्ता संरक्षण आयोग के अधिकारियों ने कहा कि छत्तीसगढ़ सरकार की यह पहल उपभोक्ताओं को त्वरित, पारदर्शी और सुलभ न्याय उपलब्ध कराने की दिशा में एक महत्वपूर्ण कदम है।

  • परीक्षा पूर्व विद्यार्थियों के लिए ‘हेल्पलाइन 2026’ मार्गदर्शन एवं परामर्श की सशक्त पहल

    परीक्षा पूर्व विद्यार्थियों के लिए ‘हेल्पलाइन 2026’ मार्गदर्शन एवं परामर्श की सशक्त पहल

    रायपुर, / छत्तीसगढ़ माध्यमिक शिक्षा मण्डल, रायपुर द्वारा हाईस्कूल एवं हायर सेकेण्डरी परीक्षा 2026 के विद्यार्थियों की शंकाओं के समाधान हेतु “हेल्पलाइन 2026” का संचालन परीक्षा के एक दिवस पूर्व प्रभावी रूप से किया जा रहा है। यह हेल्पलाइन 05 फरवरी 2026 से मण्डल की अध्यक्ष श्रीमती रेणु जी. पिल्ले एवं सचिव श्रीमती पुष्पा साहू के निर्देशन में निरंतर संचालित है, जिससे विद्यार्थियों को शैक्षणिक मार्गदर्शन के साथ-साथ मानसिक संबल भी प्राप्त हो रहा है।

    विषय-विशेषज्ञों की सहभागिता से मिला सटीक एवं विषयवार मार्गदर्शन

    आज 21 फरवरी 2026 को राजनीति शास्त्र, रसायन शास्त्र, लेखा शास्त्र, फसल उत्पादन एवं उद्यान शास्त्र, वस्तु चित्रण एवं आलेखन तथा शरीर क्रिया विज्ञान एवं प्राथमिक चिकित्सा (फिजियोलॉजी एण्ड फर्स्ट एड) विषयों के विशेषज्ञों द्वारा विद्यार्थियों की शंकाओं का समाधान किया गया। इस अवसर पर श्रीमती सुनिता पाण्डेय, आस्था निगम, श्रीमती सोमा बनिक, श्रीमती अर्पणा तिवारी, श्रीमती नम्रता तिवारी, श्रीमती रंजना ठाकुर, राजकुमार गेन्ड्रे, श्रीमती निशा सिंह, श्रीमती दीपा साखरकर एवं सहायक प्राध्यापक अखिलेश वामनगड़े ने अपनी महत्वपूर्ण सेवाएँ प्रदान कीं।

    प्रश्नपत्र पैटर्न, सिलेबस एवं उत्तर लेखन शैली को लेकर विद्यार्थियों की जिज्ञासाएँ

    हेल्पलाइन के माध्यम से विद्यार्थियों ने रसायन शास्त्र के वैद्युत रसायन, आयोडोफॉर्म अभिक्रिया, नेमिंग अभिक्रिया तथा जैव अणुओं से संभावित प्रश्नों के स्वरूप के संबंध में जानकारी प्राप्त की। विद्यार्थियों ने यह भी पूछा कि क्या प्रश्न सिलेबस से बाहर आएंगे तथा मूल्यांकन करने वाले परीक्षकों को सिलेबस की पूर्ण जानकारी होगी या नहीं। इसके अतिरिक्त प्रश्नपत्र के ब्लूप्रिंट, परीक्षा पैटर्न, कम्प्यूटर विषय की तैयारी, कम्पनी लेखा पाठ से संभावित प्रश्न तथा उत्तर कैसे लिखें कि पूर्ण अंक प्राप्त हो सकेंकृइन विषयों पर भी विस्तृत मार्गदर्शन दिया गया। कुछ विद्यार्थियों ने महत्वपूर्ण प्रश्नों के संबंध में जानकारी चाही, वहीं एक छात्र ने कम समय में प्रभावी तैयारी कैसे की जाए, इस विषय में सलाह प्राप्त की। सभी जिज्ञासाओं का समाधान विषय विशेषज्ञों द्वारा सरल, स्पष्ट एवं प्रेरणादायक ढंग से किया गया।

    660 कॉल्स के माध्यम से विद्यार्थियों तक पहुँचा मार्गदर्शन

    दिनांक 21 फरवरी 2026 तक हेल्पलाइन के टोल फ्री नंबर 1800-233-4363 पर कुल 660 कॉल प्राप्त हुए। प्रत्येक कॉल का सुव्यवस्थित रूप से निराकरण कर विद्यार्थियों को आवश्यक शैक्षणिक एवं परामर्शात्मक सहयोग प्रदान किया गया।

    उपसचिव के मार्गदर्शन एवं समन्वयक के नेतृत्व में सफल संचालन

    हेल्पलाइन का संचालन उपसचिव डॉ. बी. रघु के मार्गदर्शन में तथा हेल्पलाइन समन्वयक डॉ. प्रदीप कुमार साहू के समन्वय से किया जा रहा है। मण्डल की यह पहल परीक्षा पूर्व विद्यार्थियों को आत्मविश्वास, स्पष्टता एवं सकारात्मक दिशा प्रदान करने की दिशा में एक सराहनीय प्रयास है।

  • जन्मदिन पर सेवा का संदेश : मुख्यमंत्री ने जन्मदिन पर रक्तदान शिविर का किया शुभारंभ

    जन्मदिन पर सेवा का संदेश : मुख्यमंत्री ने जन्मदिन पर रक्तदान शिविर का किया शुभारंभ

    रायपुर, / मुख्यमंत्री विष्णु देव साय ने अपने 62वें जन्मदिन के अवसर पर राजधानी रायपुर स्थित मुख्यमंत्री निवास परिसर में आयोजित रक्तदान शिविर का शुभारंभ किया। इस अवसर पर उन्होंने भगवान धन्वंतरि की पूजा-अर्चना की तथा रक्तदाताओं को सम्मानित कर उन्हें प्रोत्साहित किया। मुख्यमंत्री के 62वें जन्मदिन के अवसर पर अल्फा ग्लोब फाउंडेशन, रायपुर तथा शिवनाथ ब्लड सेंटर द्वारा 62 लोगों के रक्तदान की विशेष व्यवस्था की गई थी। मुख्यमंत्री श्री साय ने इस अवसर पर कहा कि रक्तदान महादान है और यह मानवता की सच्ची सेवा है। उन्होंने कहा कि दुर्घटनाओं, प्रसव एवं गंभीर बीमारियों के दौरान जब मरीजों को रक्त की आवश्यकता पड़ती है, ऐसे में रक्तदान मरीजों के जीवन में नई आशा का संचार करता है। उन्होंने कहा कि शिविर में रक्तदाताओं को प्रमाणपत्र भी प्रदान किए गए हैं, जिससे आवश्यकता पड़ने पर वे या उनके परिजन निःशुल्क रक्त प्राप्त कर सकेंगे। 

    उल्लेखनीय है कि संस्था द्वारा एक वर्ष में लगभग 11 हजार यूनिट रक्त संग्रह का संकल्प लिया गया है तथा जरूरतमंदों को निःशुल्क रक्त उपलब्ध कराने के उद्देश्य से विभिन्न ब्लड बैंकों के साथ समन्वय स्थापित किया जाएगा। इस अवसर पर सुरक्षित यातायात जागरूकता अभियान का भी आयोजन किया गया। 

    मुख्यमंत्री श्री साय ने युवाओं से वर्ष में कम से कम एक बार रक्तदान करने तथा सड़क यातायात नियमों का हर समय पालन करते हुए जीवन की सुरक्षा सुनिश्चित करने की अपील की। उन्होंने सभी रक्तदाताओं, आयोजकों, चिकित्सक दल एवं स्वास्थ्य विभाग के प्रति आभार व्यक्त करते हुए शिविर की सफलता के लिए शुभकामनाएँ दीं। इस अवसर पर शिक्षा मंत्री गजेंद्र यादव, सीजीएमएससी के चेयरमैन दीपक म्हस्के, छत्तीसगढ़ पर्यटन मण्डल के अध्यक्ष नीलू शर्मा सहित, मुख्यमंत्री के सचिव राहुल भगत, मुख्यमंत्री के सचिव पी. दयानंद, मुख्यमंत्री के सचिव डॉ. बसवराजु एस सहित वरिष्ठ अधिकारी, जनप्रतिनिधिगण तथा अल्फा ग्लोब फाउंडेशन, रायपुर की संचालक डॉ. पूनम अग्रवाल, संस्थान के अन्य प्रतिनिधि और रक्तदाता उपस्थित थे।

  • 62वें जन्मदिवस पर मुख्यमंत्री विष्णुदेव साय ने श्री जगन्नाथ मंदिर में पूजा-अर्चना कर प्रदेशवासियों के सुख-समृद्धि की कामना की

    62वें जन्मदिवस पर मुख्यमंत्री विष्णुदेव साय ने श्री जगन्नाथ मंदिर में पूजा-अर्चना कर प्रदेशवासियों के सुख-समृद्धि की कामना की

    रायपुर/ मुख्यमंत्री विष्णुदेव साय ने अपने 62वें जन्मदिवस के अवसर पर जशपुर जिले के दोकड़ा स्थित ऐतिहासिक एवं प्राचीन श्री जगन्नाथ मंदिर पहुँचकर भगवान श्री जगन्नाथ, भाई बलभद्र एवं बहन सुभद्रा की विधि-विधानपूर्वक पूजा-अर्चना की। इस अवसर पर उनकी धर्मपत्नी श्रीमती कौशल्या साय तथा परिवार के अन्य सदस्य भी उपस्थित थे।

    मुख्यमंत्री श्री साय ने मंदिर परिसर में परिक्रमा कर भगवान से आशीर्वाद प्राप्त किया तथा प्रदेशवासियों के सुख-समृद्धि, स्वास्थ्य और कल्याण की मंगलकामना की। उन्होंने प्रदेश में शांति, खुशहाली और निरंतर प्रगति के लिए विशेष प्रार्थना करते हुए कहा कि जनकल्याण ही शासन की सर्वोच्च प्राथमिकता है और प्रदेश के विकास के लिए सरकार निरंतर प्रतिबद्ध है।

    इस अवसर पर विधायक श्रीमती गोमती साय, कमिश्नर नरेंद्र दुग्गा, आईजी दीपक कुमार झा, कलेक्टर रोहित व्यास, वरिष्ठ पुलिस अधीक्षक डॉ. लाल उम्मेद सिंह सहित स्थानीय जनप्रतिनिधिगण, अधिकारीगण एवं बड़ी संख्या में ग्रामीणजन उपस्थित थे।

  • बच्चों के चेहरों की मुस्कान बना मुख्यमंत्री श्री साय के जन्मदिन का सबसे बड़ा उपहार

    बच्चों के चेहरों की मुस्कान बना मुख्यमंत्री श्री साय के जन्मदिन का सबसे बड़ा उपहार

    *मुख्यमंत्री को अपने बीच पाकर खिल उठे बच्चों के चेहरे: जन्मदिन बना यादगार*

    रायपुर /मुख्यमंत्री विष्णुदेव साय ने अपने 62वें जन्मदिवस को जशपुर के बगिया स्थित बालक आश्रम के बच्चों के बीच जिस आत्मीयता और स्नेह के साथ मनाया, उसने इस दिन को बच्चों के जीवन की एक अविस्मरणीय स्मृति बना दिया। जैसे ही मुख्यमंत्री आश्रम परिसर पहुँचे, बच्चों के चेहरों पर खुशी की चमक दौड़ गई। वे दौड़कर उनके पास आए और कुछ ही क्षणों में पूरा वातावरण एक पारिवारिक मिलन जैसा हो गया। उस पल मुख्यमंत्री किसी पद पर आसीन व्यक्ति नहीं, बल्कि बच्चों के अपने स्नेही अभिभावक की तरह उनके बीच दिखाई दे रहे थे। मुख्यमंत्री श्री साय ने बच्चों के साथ केक काटा और उनके साथ बैठकर बातें कीं।  उन्होंने बच्चों के नाम पूछे, पढ़ाई के बारे में जाना, उनके सपनों को सुना और उन्हें आगे बढ़ने के लिए प्रोत्साहित किया। जब मुख्यमंत्री बच्चों से बात कर रहे थे, तब उनके चेहरे पर झलकता स्नेह और अपनत्व बच्चों के मन में गहरा विश्वास जगा रहा था। बच्चे भी पूरी सहजता से उनसे बातें करते हुए खुशी से चहकते रहे। 

    आश्रम परिसर में उस समय जो दृश्य था, वह एक परिवार के बीच मनाए जा रहे उत्सव जैसा महसूस हो रहा था। मुख्यमंत्री श्री साय ने बच्चों को अपने हाथों से केक और चॉकलेट खिलाया। उन्होंने बच्चों के सिर पर हाथ फेरते हुए आशीर्वाद दिया और कहा कि वे मन लगाकर पढ़ाई करें, बड़े सपने देखें और जीवन में आगे बढ़कर अपने परिवार तथा प्रदेश का नाम रोशन करें। उन्होंने कहा कि आप सब बच्चों की मुस्कान मेरे जन्मदिन का सबसे बड़ा उपहार है। उनके इन स्नेहपूर्ण शब्दों ने बच्चों के मन को छू लिया। बच्चों की आँखों में चमक और चेहरे पर मुस्कान इस बात की गवाही दे रही थी कि यह पल उनके लिए कितना खास बन गया है। मुख्यमंत्री के रूप में स्नेही अभिभावक को अपने बीच पाकर बच्चों ने जिस खुशी और अपनत्व का अनुभव किया, वह लंबे समय तक उनकी स्मृतियों में रहेगा। 

    उल्लेखनीय है कि बालक आश्रम बगिया में कक्षा पहली से पाँचवीं तक के छात्र अध्ययनरत हैं, जिनमें अधिकांश बच्चे आदिवासी समुदाय से हैं। मुख्यमंत्री का उनके बीच पहुँचकर जन्मदिन मनाना बच्चों के लिए गर्व और प्रेरणा का विशेष क्षण बन गया।इस अवसर पर विधायक श्रीमती गोमती साय, कमिश्नर नरेंद्र दुग्गा, आईजी दीपक कुमार झा, कलेक्टर रोहित व्यास, वरिष्ठ पुलिस अधीक्षक डॉ. लाल उम्मेद सिंह सहित स्थानीय जनप्रतिनिधिगण, अधिकारीगण तथा आश्रम के शिक्षक एवं स्टाफ उपस्थित थे।

  • माँ का आशीर्वाद और अपार जनस्नेह : बगिया में आत्मीयता के साथ मना मुख्यमंत्री का जन्मदिन

    माँ का आशीर्वाद और अपार जनस्नेह : बगिया में आत्मीयता के साथ मना मुख्यमंत्री का जन्मदिन

    *मुख्यमंत्री विष्णुदेव साय का जन्मदिवस उनके गृहग्राम बगिया में धूमधाम, उत्साह और आत्मीयता के साथ मनाया गया*

    *राम सदन में सत्यनारायण व्रत कथा श्रवण कार्यक्रम का किया गया आयोजन*

    *बधाई और शुभकामनाएं देने वालों का लगा रहा तांता, मुख्यमंत्री ने सभी का किया आभार व्यक्त*

    रायपुर /मुख्यमंत्री विष्णुदेव साय का 62वाँ जन्मदिवस उनके गृहग्राम बगिया में अत्यंत उत्साह, आत्मीयता और पारिवारिक स्नेह के वातावरण में धूमधाम से मनाया गया। मुख्यमंत्री श्री साय ने अपने गृहग्राम बगिया स्थित अपने घर पहुंचते ही सबसे पहले अपनी माता श्रीमती जसमनी देवी के चरण स्पर्श कर उनका आशीर्वाद प्राप्त किया। मुख्यमंत्री श्री साय के जन्मदिवस पर उन्हें बधाई एवं शुभकामनाएं देने वालों का दिनभर तांता लगा रहा।जनप्रतिनिधियों, अधिकारी-कर्मचारियों तथा बड़ी संख्या में पहुंचे ग्रामीणों ने मुख्यमंत्री को जन्मदिवस की शुभकामनाएं देते हुए उनके उत्तम स्वास्थ्य और दीर्घायु जीवन की कामना की। मुख्यमंत्री श्री साय ने इस अवसर पर सभी के स्नेह, शुभकामनाओं और आत्मीय स्वागत के लिए हृदय से आभार व्यक्त करते हुए कहा कि जनस्नेह ही उनकी सबसे बड़ी शक्ति है। उन्होंने अपने जन्मदिवस को विशेष और यादगार बनाने के लिए सभी का धन्यवाद ज्ञापित किया। इस विशेष अवसर पर बगिया स्थित श्री राम सदन में सत्यनारायण व्रत कथा श्रवण कार्यक्रम का आयोजन किया गया। मुख्यमंत्री विष्णुदेव साय, उनकी माताजी श्रीमती जसमनी देवी, धर्मपत्नी श्रीमती कौशल्या साय तथा परिवार के अन्य सदस्यों ने पूरे श्रद्धा और भक्तिभाव के साथ व्रत कथा का श्रवण किया तथा ईश्वर से प्रदेश की सुख-समृद्धि, शांति और खुशहाली की कामना की। 

    मुख्यमंत्री विष्णुदेव साय के आगमन से पूर्व ही उनके गृहग्राम बगिया स्थित गृहनिवास में उनसे मिलने के लिए लोगों की भारी भीड़ उमड़ पड़ी थी।जनप्रतिनिधियों, अधिकारियों एवं आम नागरिकों में मुख्यमंत्री से भेंट करने और उन्हें शुभकामनाएं देने को लेकर विशेष उत्साह और उत्सुकता देखने को मिली।

    *क्रिकेट में जिले का नाम रोशन कर चुकी छात्राओं को मुख्यमंत्री ने प्रदान की क्रिकेट किट*

    क्रिकेट की दुनिया में जिले का नाम रोशन करने वाली शासकीय प्री-मैट्रिक कन्या छात्रावास, इचकेला की प्रतिभाशाली छात्राओं को मुख्यमंत्री विष्णुदेव साय ने प्रोत्साहित करते हुए 15 क्रिकेट किट प्रदान किया। छात्रावास की इन छात्राओं ने अपने उत्कृष्ट खेल प्रदर्शन के दम पर राष्ट्रीय स्तर पर भी जिले को गौरवान्वित किया है।

    इस अवसर पर मुख्यमंत्री ने सभी छात्राओं को बधाई एवं शुभकामनाएं देते हुए कहा कि आप इसी लगन, अनुशासन और मेहनत के साथ निरंतर आगे बढ़ती रहें तथा अपने उत्कृष्ट प्रदर्शन से राज्य और देश का नाम रोशन करें।

    *पारंपरिक परिधान में आए पहाड़ी कोरवा समाज के लोगों ने मुख्यमंत्री को दी जन्मदिवस की बधाई*

    बगीचा से आए विशेष पिछड़ी जनजाति समुदाय पहाड़ी कोरवा समाज के प्रतिनिधियों ने मुख्यमंत्री विष्णुदेव साय से सौजन्य भेंट कर उन्हें जन्मदिन की हार्दिक बधाई एवं शुभकामनाएं दीं। इस अवसर पर पहाड़ी कोरवा समाज के सदस्य अपने पारम्परिक वेशभूषा एवं तीर-धनुष के साथ उपस्थित हुए, जिससे उनकी समृद्ध सांस्कृतिक परंपरा की झलक दिखाई दी।मुख्यमंत्री श्री साय ने उनसे आत्मीय संवाद करते हुए उनके क्षेत्र में चल रहे विकास कार्यों की जानकारी ली। इस पर पहाड़ी कोरवा समाज के प्रतिनिधियों ने बताया कि वर्तमान में उनके क्षेत्रों में तेजी से विकास कार्य संचालित हो रहे हैं तथा प्रधानमंत्री जनमन योजना के माध्यम से उनके गांवों में आधारभूत सुविधाओं का विस्तार हुआ है। उन्होंने कहा कि इस योजना से उनके जीवन स्तर में सकारात्मक परिवर्तन आ रहा है और उनके क्षेत्रों की तस्वीर बदल रही है।

    मुख्यमंत्री श्री विष्णुदेव साय ने उनकी बातों को गंभीरता से सुना और आश्वस्त किया कि विशेष पिछड़ी जनजातियों के सर्वांगीण विकास के लिए राज्य सरकार निरंतर प्रतिबद्ध है। इस अवसर पर विधायक श्रीमती गोमती साय एवं श्रीमती रायमुनी भगत, जिला पंचायत अध्यक्ष श्री सालिक साय, जिला पंचायत सदस्य कृष्ण कुमार राय सहित जिला पंचायत एवं जनपद पंचायत के सदस्यगण, पंचायत प्रतिनिधि, नगरीय निकायों के प्रतिनिधिगण,  जनप्रतिनिधि, कमिश्नर नरेंद्र दुग्गा, आईजी दीपक कुमार झा, कलेक्टर रोहित व्यास, वरिष्ठ पुलिस अधीक्षक डॉ. लाल उम्मेद सिंह तथा अन्य अधिकारियों एवं गणमान्य नागरिकों ने मुख्यमंत्री से भेंट कर उन्हें बधाई एवं शुभकामनाएं दीं।

  • प्रशासन,एनटीपीसी तलईपल्ली प्रबंधन एवं प्रभावित ग्रामवासियों की त्रिपक्षीय बैठक संपन्न, धरना हुआ खत्म

    प्रशासन,एनटीपीसी तलईपल्ली प्रबंधन एवं प्रभावित ग्रामवासियों की त्रिपक्षीय बैठक संपन्न, धरना हुआ खत्म

    घरघोड़ा, रायगढ़। एनटीपीसी तलईपल्ली कोयला खनन परियोजना से प्रभावित 8 गांवों के ग्रामवासियों, प्रशासन एवं परियोजना प्रबंधन के बीच एक महत्वपूर्ण त्रिपक्षीय बैठक ग्राम तलईपल्ली के धरना स्थल में दिनांक 20.02.2026 को आयोजित की गई। बैठक की अध्यक्षता दुर्गा प्रसाद अधिकारी, अनुविभागीय दंडाधिकारी (एसडीएम) घरघोड़ा ने की। बैठक में तहसीलदार घरघोड़ा, थाना प्रभारी घरघोड़ा तथा एनटीपीसी के वरिष्ठ अधिकारी भी उपस्थित रहे।

    बैठक के दौरान प्रभावित ग्रामवासियों की विभिन्न मांगों पर विस्तृत चर्चा हुई, जिस पर कई महत्वपूर्ण बिंदुओं पर सहमति बनी। निर्णय लिया गया कि एनटीपीसी में कार्यरत ठेका कंपनियों में प्रभावित ग्रामवासियों को रोजगार में प्राथमिकता दी जाएगी, जिसके लिए संबंधित कंपनियों के साथ पृथक बैठक प्रस्तावित है। पुनर्वास आवेदन की प्रक्रिया को सुगम बनाने हेतु प्रभावित गांवों में विशेष कैंप लगाए जाएंगे, जिनमें पटवारी भी उपस्थित रहेंगे।

    तेंदूपत्ता से संबंधित विषय पर ग्रामवासियों को शासन अथवा न्यायालय में ज्ञापन प्रस्तुत करने के लिए वाहन व्यवस्था उपलब्ध कराई जाएगी। साथ ही, पुनर्वास मुआवजा प्रकरणों की जांच में तेजी लाने एवं प्रभावित ग्रामों में अतिरिक्त पेयजल व्यवस्था सुनिश्चित करने का भी आश्वासन दिया गया। त्रिपक्षीय बैठक में बनी सहमति के पश्चात अनिश्चितकालीन हड़ताल पर बैठे ग्रामवासियों ने अपना आंदोलन समाप्त करने की सहमति व्यक्त की एवं धरना समाप्त किया। इसके उपरांत शनिवार दिनांक 21.02.2026 को अनुविभागीय अधिकारी (राजस्व) दुर्गा प्रसाद अधिकारी की अध्यक्षता में एनटीपीसी के अधिकारियों एवं संबंधित ठेका कंपनियों के साथ बैठक आयोजित की गई, जिसमें प्रभावित ग्रामवासियों को रोजगार उपलब्ध कराने को लेकर विस्तृत चर्चा की गई।

  • बालको मेडिकल सेंटर ने बालको अस्पताल में शुरू की नई फार्मेसी

    बालको मेडिकल सेंटर ने बालको अस्पताल में शुरू की नई फार्मेसी

    बालकोनगर, । बालको मेडिकल सेंटर (बीएमसी), रायपुर द्वारा बालको अस्पताल के परिसर में नई फार्मेसी का शुभारंभ किया गया। इस फार्मेसी का उद्घाटन बीएमसी की निदेशक डॉ. भावना सिरोही द्वारा किया गया। इस अवसर पर भारत एल्यूमिनियम कंपनी लिमिटेड (बालको) के मुख्य कार्यकारी अधिकारी एवं निदेशक श्री राजेश कुमार तथा बालको के मुख्य चिकित्सक अधिकारी डॉ. विवेक सिंहा और अन्य अधिकारी उपस्थित थे। बालको अस्पताल में शुरू की गई फार्मेसी का संचालन बीएमसी रायपुर द्वारा किया जाएगा। इसका उद्देश्य कोरबा एवं आसपास के क्षेत्रों के मरीजों को एक ही परिसर में आसानी से और किफायती दर पर आवश्यक दवाइयाँ उपलब्ध कराना है।

    महत्वपूर्ण रूप से बीएमसी रायपुर शीघ्र ही बालको अस्पताल, कोरबा में कीमोथेरेपी डे-केयर सपोर्ट सुविधा शुरू करेगा जो कोरबा जिले की पहली ऐसी सुविधा होगी। कैंसर उपचार से संबंधित कीमोथेरेपी एवं अन्य विशेष दवाइयाँ भी इसी नई फार्मेसी से उपलब्ध कराई जाएँगी, जिससे मरीजों को उपचार के दौरान दवाइयों के लिए बाहर नहीं भटकना पड़ेगा। बीएमसी रायपुर की निदेशक डॉ. भावना सिरोही ने कहा कि कोरबा में कीमोथेरेपी डे-केयर सुविधा की शुरुआत से स्थानीय मरीजों को इलाज के लिए अब बड़े शहरों, विशेषकर रायपुर पर निर्भर नहीं रहना पड़ेगा और समय पर उपचार संभव हो सकेगा।

  • छत्रपति शिवाजी का व्यक्तित्व एवं जीवन देता है राष्ट्र प्रेम की सीख – उप मुख्यमंत्री विजय शर्मा

    छत्रपति शिवाजी का व्यक्तित्व एवं जीवन देता है राष्ट्र प्रेम की सीख – उप मुख्यमंत्री विजय शर्मा

    उप मुख्यमंत्री ने छत्रपति शिवाजी के प्रतिमा का किया लोकार्पण, छत्रपति शिवाजी चौक में स्थापित की गई भव्य प्रतिमा*

    रायपुर,/ छत्रपति शिवाजी की 396 वें जन्म जयंती के अवसर पर उनकी प्रतिमा का लोकार्पण उप मुख्यमंत्री श्री विजय शर्मा ने किया। यह प्रतिमा कवर्धा शहर में छत्रपति शिवाजी चौक पर स्थापित की गई है। प्रतिमा के पार्श्व में किले की दीवार और आजू बाजू में तोपों की प्रतिकृति बनाई गई है। जो पूरे प्रतिमा को भव्यता प्रदान कर रही है। 

    उप मुख्यमंत्री विजय शर्मा ने कहा यह कवर्धा के लिए ऐतिहासिक दिन है जब अदम्य वीरता और साहस के प्रतीक छत्रपति शिवाजी की प्रतिमा उनके जन्म जयंती के अवसर पर यहां स्थापित की जा रही है। छत्रपति शिवाजी का व्यक्तित्व हमारे समाज और युवाओं के लिए पथ प्रदर्शक और प्रेरणादायी रहा है कि कैसे उन्होंने मुगल आतंक को चुनौती दी और अपनी वीरता से एक विशाल साम्राज्य की नींव रखी, जो आगे चलकर विदेशी ताकतों के खिलाफ भारतीय प्रतिरोध का प्रतीक बना। यह प्रतिमा आने वाली पीढ़ी को प्रेरणास्त्रोत के रूप में राष्ट्र प्रेम की सीख देगा। 

    प्रदेश में लाल आतंक के खात्मे पर उन्होंने कहा कि हम सशस्त्र नक्सलिज्म को खत्म करने का कार्य कर रहे हैं। आज हम बस्तर से लाल आतंक के समूल नाश करने में निर्णायक स्थिति में पहुंच चुके हैं। प्रधानमंत्री श्री नरेंद्र मोदी और केंद्रीय गृह मंत्री श्री अमित शाह के नेतृत्व में यह संकल्प लिया गया था जिसे पूर्ण करने के लिए पूरी प्रतिबद्धता से कार्य कर रहे हैं।

         कवर्धा में पर्यटन को बढ़ावा देने के लिए 146 करोड़ की लागत से भव्य भोरमदेव मंदिर कॉरिडोर का निर्माण किया जा रहा है। जिसमें मड़वा महल, छेरकी महल और रामचुंवा को भी शामिल किया गया है, यहां के सरोवर और मेला स्थल को भी संवारा जाएगा। इसी प्रकार बूढ़ा महादेव मंदिर के उन्नयन एवं नदी तट को संवारने का काम किया जाएगा। यहां कांवड़िया सदन का निर्माण भी होने जा रहा है। विधायक दुर्ग ग्रामीण ललित चंद्राकर  ने कहा कि छत्रपति शिवाजी ने देश को एकजुट कर भारत को भारत बनाने में अपने प्राण न्यौछावर किया। उनका व्यक्तित्व आज इतने वर्षों बाद भी उतना ही प्रेरणादायी व अनुकरणीय है। उन्होंने पूरे समाज और पूरे देश को एक किया है। छत्रपति शिवाजी की प्रतिमा की स्थापना शहर को न केवल भव्यता दे रहा है बल्कि युवाओं को हमारे अमर बलिदानी के योगदान की हमेशा याद दिलाएगा।  नगर पालिका अध्यक्ष चंद्रप्रकाश चंद्रवंशी ने अपने उद्बोधन में कहा कि छत्रपति शिवाजी का समूचा व्यक्तित्व और पूरा जीवन वीरता, शौर्य और साहस का प्रतीक है, उनकी स्मृति में छत्रपति शिवाजी के नाम से बने इस चौक में यह प्रतिमा स्थापित की गई है। उन्होंने उप मुख्यमंत्री विजय शर्मा का भी प्रतिमा निर्माण करवाने हेतु आभार व्यक्त किया। इस अवसर पर राजेन्द्र चंद्रवंशी, नितेश अग्रवाल ने भी संबोधित किया। कार्यक्रम में पूर्व संसदीय सचिव डॉ. सियाराम साहू, कृषक कल्याण परिषद के अध्यक्ष सुरेश चंद्रवंशी, राज्य पुलिस जवाबदेही प्राधिकरण के सदस्य भगतराम पटेल, जिला पंचायत उपाध्यक्ष कैलाश चंद्रवंशी, पूर्व जिला पंचायत अध्यक्ष श्री विदेशीराम धुर्वे, भुनेश्वर चंद्राकर, उमंग पाण्डेय, पूर्व नगर पालिका अध्यक्ष श्रीमती देवकुमारी चंद्रवंशी, मनहरण कौशिक, श्रीमती सतविंदर पाहुजा, अध्यक्ष सतीष चंद्रवंशी, श्रीमती विजय लक्षमी तिवारी सहित जनप्रतिनिधि, समस्त पार्षदगण, शहर के गणमान्य नागरिक उपस्थित थे।